Umesh Sharma Amroha Farmhouse Case: उत्तर प्रदेश के अमरोहा जिले स्थित एक फार्महाउस में हरियाणा की महिला से हुई सामूहिक दुष्कर्म की सनसनीखेज घटना के बाद विवादों में आए उत्तराखंड की खानपुर सीट से निर्दलीय विधायक उमेश कुमार शर्मा ने अपना पक्ष रखा है। घटना में नाम सामने आने के बाद विधायक ने सोशल मीडिया पर एक पोस्ट जारी कर स्थिति स्पष्ट की और इस पूरे घटनाक्रम के लिए स्थानीय पुलिस और आरोपियों की साजिश को जिम्मेदार ठहराया।
सोशल मीडिया पोस्ट के माध्यम से उन्होंने पुलिस प्रशासन की कार्यशैली पर कड़ा प्रहार करते हुए कहा कि 'जब पुलिस-प्रशासन ही भक्षक बन जाए तो कोई क्या कर सकता है।'
'पुलिस और CRPF के नाम पर घुसे दरिंदे': विधायक की सफाई
विधायक उमेश कुमार शर्मा ने अपने फार्महाउस पर घटी इस वारदात के संदर्भ में अपनी स्थिति साफ करते हुए लिखा:
गेट खोलने की वजह: सोशल मीडिया पर चल रही खबरों पर जवाब देते हुए उन्होंने कहा कि अगर स्थानीय थाना इंचार्ज खुद सीआरपीएफ (CRPF) के अधिकारियों व कर्मियों के साथ 'गृह मंत्रालय की जांच' का बहाना बनाकर फार्महाउस पहुंचेगा, तो चौकीदार स्वाभाविक रूप से गेट खोल देगा।
घटना के वक्त मौजूदगी का सबूत: उमेश शर्मा ने स्पष्ट किया कि जिस समय अमरोहा में यह खौफनाक वारदात घटित हुई, उस समय वह अपने विधानसभा क्षेत्र खानपुर के लंढोरा में शाम 6:30 बजे से रात 11:00 बजे तक एक विशाल रोड शो और सार्वजनिक कार्यक्रम में शामिल थे, जिसके साक्ष्य और वीडियो सोशल मीडिया पर सार्वजनिक रूप से उपलब्ध हैं।
विरोधियों को जवाब: उन्होंने कहा कि उनके राजनीतिक विरोधी इस घटना को लेकर ज्यादा खुश न हों। डरता वह व्यक्ति है जिसने कुछ गलत किया हो या किसी गलत काम में किसी का साथ दिया हो।
अमरोहा SP के बयान का दिया हवाला
अपनी पोस्ट के साथ खानपुर विधायक ने अमरोहा के पुलिस अधीक्षक (SP) का एक आधिकारिक वीडियो बयान भी साझा किया।
उन्होंने कहा कि मामले में स्थानीय पुलिस स्टेशन के इंचार्ज की सीधी संलिप्तता और सीआरपीएफ कर्मियों की मौजूदगी यह दर्शाती है कि यह घटना पुलिस की आड़ में अंजाम दी गई। पीड़िता की तहरीर का हवाला देते हुए उन्होंने पूरे मामले की निष्पक्ष जांच की मांग की है।
