Bengaluru Pub Sealed: कर्नाटक के खाद्य सुरक्षा और औषधि प्रशासन विभाग ने बेंगलुरु के कई प्रमुख होटलों और रेस्तरां में व्यापक छापेमारी की है। इस कार्रवाई के दौरान मशहूर यूबी सिटी (UB City) लग्जरी मॉल की 16वीं मंजिल पर स्थित पॉश 'स्काई लाउंज' पब की किचन को बंद कर सील कर दिया गया है। विभाग द्वारा चलाए गए इस विशेष अभियान के तहत कुल 132 किलोग्राम खराब व असुरक्षित खाद्य पदार्थ और 15 लीटर पुराना इस्तेमाल किया हुआ तेल जब्त कर नष्ट किया गया।
स्काई लाउंज (Skyye Lounge) में मिले डरावने हालात
यूबी सिटी मॉल में स्थित 'स्काई लाउंज' की रसोई में जब खाद्य सुरक्षा अधिकारियों की टीम पहुंची, तो वहां बेहद अस्वास्थ्यकर स्थितियां पाई गईं। यहां फंगस लगा सड़ा हुआ मांस मिला। अधिकारियों को किचन में करीब 45 किलो सड़ा हुआ चिकन और बीफ मिला, जिस पर फंगस उगी हुई थी। रेस्तरां में दूध और दही के ऐसे पैकेट मिले जिनकी एक्सपायरी डेट 10 दिन पहले ही खत्म हो चुकी थी। स्काई लाउंज से कुल 51 किलो खराब भोजन (जिसमें 6 किलो वेज कटलेट भी शामिल थे) और 15 लीटर इस्तेमाल किया गया कुकिंग ऑयल नष्ट कराया गया। इसके बाद अधिकारियों ने किचन को तुरंत बंद कर सील लगा दी।
अन्य नामी होटलों और सप्लाई चेन पर भी गाज
खाद्य सुरक्षा विभाग ने बेंगलुरु शहरी जिले और बीबीएमपी (BBMP) क्षेत्रों में 30 विशेष टीमों का गठन कर 3-स्टार और 5-स्टार होटलों के साथ-साथ खाद्य आपूर्ति केंद्रों पर भी छापेमारी की। रॉयल चेन होटल (Royal Chain Hotel) से 50 किलो बत्तख का मांस और 5 किलो सड़ी हुई मछली जब्त की गई। संकेज होटल (Senchez Hotel) से 3 किलो सड़ी मछली जब्त की गई और 7 किलो खराब केक, आलू व टैकोस को नष्ट कराया गया।
वहीं, मद्रास किचन व टेसकॉन होटल से 5 किलो खराब हरी मटर और टेसकॉन होटल से 5 किलो खराब मशरूम जब्त किए गए। लॉजिस्टिक्स और सप्लाई डिपो 'कोल्डमैन लॉजिस्टिक्स' और 'राधाकृष्ण फूडलैंड' जैसे डिपो पर भी छापेमारी की गई, जो बड़े होटलों को खाना सप्लाई करते हैं। यहां से एक्सपायरी डेट के करीब पहुंच चुकी 70 किलो सोया सॉस और अन्य सॉसेज जब्त की गईं।
कानूनी कार्रवाई और जांच की तैयारी
अभियान के दौरान खाद्य सुरक्षा अधिकारियों ने मांस के 5 सैंपल और अन्य खाद्य पदार्थों के 13 सैंपल एकत्र कर लैब जांच के लिए भेजे हैं। अधिकारियों का कहना है कि खाद्य सुरक्षा एवं मानक अधिनियम (FSS Act) का उल्लंघन करने वाले सभी होटल मालिकों और ऑपरेटरों के खिलाफ लैब रिपोर्ट आने के बाद सख्त कानूनी कार्रवाई की जाएगी। विभाग ने कहा है कि यह जांच अभियान आगे भी जारी रहेगा ताकि उपभोक्ताओं के स्वास्थ्य के खिलवाड़ को रोका जा सके।
