Exercise In Teenage Lowers Breast Cancer Risk: हाल ही में एक नए अध्ययन में खुलासा हुआ है कि किशोरावस्था में नियमित शारीरिक गतिविधि ब्रेस्ट कैंसर के जोखिम को कम कर सकती है। यह व्यायाम ब्रेस्ट टिश्यू की संरचना और तनाव से जुड़े बायोमार्कर्स को प्रभावित करता है। शोध से पता चलता है कि अगर किशोर लड़कियां स्कूल और रोजमर्रा की जिंदगी में कम से कम दो घंटे शारीरिक गतिविधि करें, तो भविष्य में ब्रेस्ट कैंसर का खतरा कम हो सकता है।
किशोरियों पर अध्ययन
कोलंबिया यूनिवर्सिटी के शोधकर्ताओं ने 14 से 19 वर्ष की किशोरियों पर अध्ययन किया। इसमें रीक्रिएशनल फिजिकल एक्टिविटी (RPA) और ब्रेस्ट टिश्यू कंपोजिशन, ऑक्सीडेटिव स्ट्रेस और इंफ्लेमेशन बायोमार्कर्स का विश्लेषण किया गया। सप्ताह में दो घंटे या अधिक सक्रिय रहने वाली लड़कियों में ब्रेस्ट में पानी की मात्रा और ऑक्सीडेटिव स्ट्रेस कम पाया गया।
व्यायाम और बायोलॉजिकल प्रभाव
शोध से यह समझ में आया कि किशोरावस्था में शारीरिक गतिविधि ब्रेस्ट डेवलपमेंट के दौरान बायोलॉजिकल बदलाव लाती है। इससे ब्रेस्ट कैंसर से जुड़े जोखिम को कम करने वाले जैविक मार्ग प्रभावित होते हैं। शोधकर्ता रेबेका केहम के अनुसार, यह निष्कर्ष भविष्य में स्वास्थ्य नीतियों के लिए उपयोगी हो सकता है।
मनोरंजक गतिविधियों का महत्व
अध्ययन में किशोर लड़कियों ने पिछली सप्ताह की शारीरिक गतिविधियों के बारे में बताया। इसमें संगठित और असंगठित दोनों प्रकार की गतिविधियां शामिल थीं। अधिकतर लड़कियों ने कोई मनोरंजक गतिविधि नहीं की थी, जिससे यह स्पष्ट हुआ कि स्कूल और समुदाय में खेल-कूद को बढ़ावा देना जरूरी है।
पुरानी रिसर्च के साथ मेल
यह स्टडी वयस्क महिलाओं पर हुई रिसर्च से मेल खाती है, जिसमें ज्यादा फिजिकल एक्टिविटी का संबंध कम मैमोग्राफिक ब्रेस्ट डेंसिटी से पाया गया था। कम ब्रेस्ट डेंसिटी ब्रेस्ट कैंसर का मुख्य संकेत माना जाता है।
नीति और जागरूकता
सुसान जी. कोमेन फाउंडेशन के अनुसार, बचपन और किशोरावस्था में सक्रिय रहना भविष्य में जोखिम कम करने में मदद करता है। इस शोध से साफ होता है कि स्कूलों और समुदाय में खेल-कूद को बढ़ावा देकर ब्रेस्ट कैंसर के खतरे को रोका जा सकता है।
Inputs: IANS
