Covid side effects : कोविड कैसे कर सकता है आंखों में समस्या, एक्‍सपर्ट से जानें कितना और किस पर होता है असर

  • Authored by: टाइम्स नाउ नवभारत डिजिटल
  • Updated Jan 27, 2022, 12:05 PM IST

कोरोना वायरस के अलग-अलग दुष्परिणाम समय-समय पर सामने आए हैं। नेत्र रोग विशेषज्ञ के अनुसार, कुछ रोगियों को दृष्टि से संबंधित परेशानी भी हो सकती है। कई अध्ययनों से सामने आया है कि कोरोना वायरस के 11 प्रतिशत रोगियों में आंखों की समस्या होती है।

Covid side effects : कोविड कैसे कर सकता है आंखों में समस्या, एक्‍सपर्ट से जानें कितना और किस पर होता है असर

Covid side effect on eyes : भारत में कोरोना वायरस महामारी की तीसरी लहर चल रही है और मामले खतरनाक दर से बढ़ रहे हैं। हालांकि, इस बार अच्छी खबर यह है कि चूंकि अधिकांश लोगों को टीका लग चुका है और संक्रमण का असर भी कम है। इस बार मृत्यु दर भी कम है। फिर भी ओमीक्रोन वेरिएंट एक अधिक गंभीर म्यूटेशन है और पिछले वेरिएंट्स की तुलना में अधिक आसानी से फैलता है।

अब तक कोविड-19 से जूझ रहे रोगियों में ऐसे लक्षण सामने आए हैं:

  • स्मैल और स्वाद का चला जाना
  • खांसी
  • गले में खरास
  • बुखार
  • ठंड लगना
  • थकान
  • दुर्बलता
  • कान का दर्द
  • सिर दर्द
  • मांसपेशियों में दर्द
  • शरीर पर चकत्ते
  • दस्त
  • मतली

हालांकि, एक नेत्र रोग विशेषज्ञ के अनुसार, कुछ रोगी दृष्टि से संबंधित लक्षणों की भी रिपोर्ट कर सकते हैं। कई अध्ययनों के अनुसार, यह सामने आया है कि कोविड के लगभग 11 प्रतिशत रोगियों में आंखों की समस्या भी होती है। इन लक्षणों में शामिल हो सकते हैं:

  • लाल आंखें
  • आंखों में जलन
  • आंखों में दर्द
  • आंखों में जलन
  • नम आंखें
  • सूजी हुई पलकें

Times Now Digital के साथ बातचीत में नेत्र रोग विशेषज्ञ और बोकिल आई हॉस्पिटल (सतारा) के निदेशक और एंटोड फार्मास्यूटिकल्स के चिकित्सा सलाहकार डॉ. सिद्धार्थ बोकिल ने कोरोना वायरस और आंखों के बीच की कड़ी के बारे में बताया है। उन्होंने कहा कि विशेषज्ञ अभी भी यह जानने की प्रक्रिया में हैं कि कोविड-19 आंखों को कैसे प्रभावित करता है। यहां यह ध्यान रखना होगा कि कोरोना वायरस वाले व्यक्ति में आंखों की समस्या अन्य वायरस के कारण भी हो सकती है। कुछ रोगियों को सिर्फ आंखों की समस्या होती है, इसलिए यह मान लेना ठीक नहीं है कि इसके पीछे कोविड है।

उन्होंने आगे कहा कि अमेरिकन एकेडमी ऑफ ऑप्थल्मोलॉजी (AAO) के एक अध्ययन से पता चलता है कि कोरोना वायरस लगभग 1 से 3 प्रतिशत वयस्कों में कंजंक्टिवाइटिस या गुलाबी आंख का कारण बन सकता है। कंजंक्टिवाइटिस कंजंक्टिवा की सूजन या संक्रमण है। ये एक पतली झिल्ली है जो आंखों के सफेद हिस्से और पलकों के अंदर के हिस्से को ढकती है। यह संभव है, लेकिन अभी भी इसकी पुष्टि नहीं हुई है कि कोरोना से संक्रमित अस्पताल में भर्ती मरीजों में कंजंक्टिवाइटिस अधिक बार हो सकता है। कोविड की वजह से अस्पताल में भर्ती 301 लोगों के अध्ययन में पाया गया कि 11.6 प्रतिशत रोगियों में कंजंक्टिवाइटिस था। कोरोना वायरस के मरीज जो वेंटिलेटर पर हैं, उन्हें आंखों में जलन भी हो सकती है। कुछ रोगियों की आंख के सफेद भाग पर गुलाबी या लाल 'फफोला' भी होता है।

ऐसे में रोकथाम वास्तव में इलाज से बेहतर है। कुछ सरल टिप्स आजकर आप अपनी आंखों को सुरक्षित रख सकते हैं: 

  • हाथ धोते रहें
  • अपने हाथों को कम से कम 20 सेकंड स्क्रब करें और फिर एक साफ तौलिये से सुखाएं
  • अपने हाथों को अपनी आंखों से दूर रखें, खासकर अगर वे साफ नहीं हैं
  • जब आप काम के लिए या किसी अन्य उद्देश्य के लिए बाहर निकलते हैं तो चश्मा पहनें
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