Exclusive: माता की चौकी में फूट-फूटकर रोने लगी थीं सुधा चंद्रन, अब चुप्पी तोड़ बोलीं- जब हम पूजा-पाठ करते हैं...
- Authored by: आशना मलिक
- Updated Jan 5, 2026, 03:29 PM IST
Exclusive Sudha Chandran Break Silence On Getting Emotional During Mata Ki Chowki: टीवी की पॉपुलर एक्ट्रेस सुधा चंद्रन का बीते दिन वीडियो तेजी से वायरल हुआ था, जिसमें एक्ट्रेस माता की चौकी के बीच फूट-फूटकर रोने लगी थीं। इस मामले पर अब सुधा चंद्रन ने चुप्पी तोड़ी है और कारण बयां किया है।
फोटो क्रेडिट- सुधा चंद्रन इंस्टाग्राम, फैनपेज
Exclusive Sudha Chandran Break Silence On Getting Emotional During Mata Ki Chowki: टीवी की पॉपुलर एक्ट्रेस सुधा चंद्रन ने अपनी एक्टिंग और अंदाज से लोगों का दिल जीतने में कोई कसर नहीं छोड़ी है। सुधा चंद्रन ने कई टीवी शो में बखूबी काम किया है और उनके किरदारों को खूब याद भी किया जाता है। लेकिन बीते दिन सुधा चंद्रन अपने कुछ वीडियो क्लिप्स के लिए खूब सुर्खियों में आ गई थीं। इन वीडियोज में सुधा चंद्रन (Sudha Chandran) माता की चौकी में मग्न नजर आईं। एक्ट्रेस पहले तो भक्ति में लीन दिखीं, लेकिन बाद में जोर-जोर से रोने लगीं। यहां तक कि उन्हें संभालने के लिए भी तीन से चार लोगों की जरूरत पड़ी। इस मामले पर अब खुद सुधा चंद्रन ने चुप्पी तोड़ी है। उन्होंने बताया कि उस वक्त वह बहुत भावुक हो गई थीं।
सुधा चंद्रन (Sudha Chandran) ने 'टेली टॉक/टाइम्स नाउ' के दौरान माता की चौकी में फूट-फूटकर रोने की वजह जाहिर की। एक्ट्रेस ने कहा, "वो मेरे लिए बहुत ही भावुक पल था।" एक्ट्रेस ने बताया कि कैसे यंग कलाकारों की परफॉर्मेंस उनके दिल को छू गई। एक्ट्रेस ने इस बारे में कहा, "क्योंकि छोटे-छोटे बच्चे थे और वो बहुत ही अच्छा काम कर रहे थे। मेरे कोरियोग्राफर्स हैं, मेरे प्रिंसिपल डांसर्स हैं। लेकिन उन्होंने जो किया, शायद वो मेरे लिए नहीं। उनकी तरफ से वो मां (माता रानी) के लिए था। क्योंकि कला एक ऐसा अंदाज है, जिससे आप माता रानी से जुड़ते हो।" सुधा चंद्रन ने बताया कि माता की चौकी में वे कलाकार कर्जत से आए थे, जिससे उनका दिल और भावुक हो गया।
सुधा चंद्रन (Sudha Chandran) ने माता की चौकी के दौरान आध्यात्मिक ऊर्जा के बारे में बात करते हुए कहा, "जब हम पूजा पाठ करते हैं, नकारात्मक विचार वो सब माइनस हो जाते हैं। जैसे चौकी शुरू होती है, हर कोई खो जाता है। किसी की परेशानी हैं, किसी को खुशी है, किसी के आंसू बहते हैं तो कोई हंसता है। तो यही है ना दिल की बात, जब आप किसी से नहीं कह सकते, तो वो सिर्फ माता रानी के सामने आप जुबान से बोलो, भाव से बोलो। मैं 100 प्रतिशत ये बोल सकती हूं कि इस दरबार से कोई खाली हाथ नहीं गया है।"