NDA Seat Sharing Formula: बिहार विधानसभा चुनाव को लेकर राजग में सीट शेयरिंग फॉर्मूला तय हो चुका है। राष्ट्रीय राजधानी में हुईं लंबी बैठकों के बाद अंतत: तय हो गया कि किस दल को कितनी सीटें मिलेंगी। इस गठबंधन में शामिल हिंदुस्तान आवाम मोर्चा (HAM) के सुप्रीमो जीतन राम मांझी, जो कुछ वक्त पहले तक कम से कम 15 सीटों की मांग कर रहे थे, को 6 सीटें मिली हैं जिसके बाद उनकी पहली प्रतिक्रिया सामने आई है और बातों-बातों में उन्होंने खामियाजा भुगतने की बात तक कह डाली।
क्या संतुष्ट हैं जीतन राम मांझी?
केंद्रीय मंत्री जीतन राम मांझी ने सार्वजनिक मंच से समय-समय पर राजग से 20 से ज्यादा सीटों की मांग की थी, लेकिन फिर बाद में वह 15 सीटों की मांग करने लगे, लेकिन हिंदुस्तान आवाम मोर्चा को 6 सीटों से ही संतोष करना पड़ा। सीट बंटवारे के बाद जीतन राम मांझी ने एक तरफ आलाकमान के फैसले को स्वीकार करते हुए दिखाई दे रहे हैं तो वहीं उन्होंने खामियाजा भुगतने की भी बात कर दी।
क्या कहना चाहते हैं जीतन राम?
समाचार एजेंसी पीटीआई के साथ बातचीत में जीतन राम मांझी ने कहा कि आलाकमान ने जो तय किया वो निर्णय स्वीकार है, लेकिन छह सीट देकर उन्होंने हमारे महत्व को कम आंका है। जिसका हो सकता है हमारे राजग को खामियाजा भुगतना पड़े।
समाचार एजेंसी एएनआई के साथ बातचीत में जीतन राम मांझी ने कहा कि संसद में हमें सिर्फ़ एक सीट दी गई, क्या हम नाराज़ थे? इसी तरह, अगर हमें सिर्फ 6 सीटें मिलीं तो यह आलाकमान का फैसला है। हम इसे स्वीकार करते हैं... हमें जो मिला है, उससे हम संतुष्ट हैं। मुझे कोई शिकायत नहीं है..."
किसे कितनी सीटें मिलीं?
राजग में रविवार को अंतत: 243 सदस्यीय विधानसभा के आगामी चुनावों के लिए सीट बंटवारे का ऐलान हो गया जिसके तहत मुख्यमंत्री नीतीश कुमार की पार्टी जनता दल (यूनाइटेड) और भाजपा 101-101 सीट पर चुनाव लड़ेंगी। चिराग पासवान की लोक जनशक्ति पार्टी (रामविलास) को 29 सीटें, जीतन राम मांझी की पार्टी हिंदुस्तानी आवाम मोर्चा को 6 और उपेंद्र कुशवाहा की राष्ट्रीय लोक मोर्चा को भी 6 सीटें मिली हैं।
