UPSC ESE 2026 Registration: संघ लोक सेवा आयोग (UPSC) ने UPSC इंजीनियरिंग सेवा परीक्षा (ESE) 2026 के लिए पंजीकरण प्रक्रिया शुरू कर दी है। जो उम्मीदवार UPSC ESE 2026 Exam के लिए आवेदन करना चाह रहे थे, वे संघ लोक सेवा आयोग (UPSC) की आधिकारिक वेबसाइट upsc.gov.in के माध्यम से इस सरकारी परीक्षा के लिए आवेदन कर सकते हैं। अप्लाई करने के लिए ऑनलाइन लिंक upsconline.nic.in पर भी उपलब्ध है।
UPSC ESE 2026 Last Date
आधिकारिक कार्यक्रम के अनुसार, UPSC ESE 2026 के लिए आवेदन करने की अंतिम तिथि 16 अक्टूबर, 2025 है।
UPSC ESE 2026 Vacancy
यह भर्ती अभियान संगठन में 474 रिक्तियों को भरने के लिए चलाया जा रहा है।
आयु सीमा
इस परीक्षा के लिए उम्मीदवार की आयु 1 जनवरी, 2026 को 21 वर्ष और 30 वर्ष से अधिक होनी चाहिए, अर्थात उसका जन्म 2 जनवरी, 1996 से पहले और 1 जनवरी, 2005 के बाद का नहीं होना चाहिए।
UPSC ESE 2026 Registration कैसे करें?
चरण 1: upsconline.nic.in वेबसाइट पर जाएं
चरण 2: यूनिवर्सल रजिस्ट्रेशन नंबर (URN) जनरेट करें, ध्यान रहे ये केवल एक बार ही जनरेट हो सकती है।
चरण 3: सामान्य आवेदन पत्र (CAF) भरें। यदि आपने पहले तीन भाग पहले ही पूरे कर लिए हैं, तो सीधे भाग 4 (परीक्षा-विशिष्ट फॉर्म) पर जाएं।
चरण 4: आवश्यक जानकारी और दस्तावेज जैसे जन्मतिथि, श्रेणी, शैक्षणिक योग्यताएँ आदि अपलोड करें। इन्हें प्रदान न करने पर उम्मीदवारी रद्द कर दी जाएगी।
चरण 5: जमा करने से पहले आवेदन की सावधानीपूर्वक समीक्षा करें।
चरण 6: ध्यान दें कि जमा करने के बाद आवेदन वापस नहीं लिए जा सकते।
चरण 7: URN जनरेट करते समय एक वैध फोटो पहचान पत्र (आधार/ वोटर आईडी/ पैन/पासपोर्ट/ ड्राइविंग लाइसेंस/ कोई अन्य सरकारी जारी पहचान पत्र) का विवरण प्रदान करें।
UPSC ESE 2026 Application Fee
सभी उम्मीदवारों के लिए आवेदन शुल्क 200 रुपये है। महिला/ अनुसूचित जाति/ अनुसूचित जनजाति/ दिव्यांग श्रेणी के उम्मीदवारों को शुल्क भुगतान से छूट दी गई है। शुल्क का भुगतान भारतीय स्टेट बैंक की किसी भी शाखा में जमा करके, वीजा/ मास्टर/ रुपे क्रेडिट/ डेबिट कार्ड/ यूपीआई भुगतान या किसी भी बैंक की इंटरनेट बैंकिंग के माध्यम से किया जा सकता है।
UPSC ESE 2026 Eligibility
इस परीक्षा के लिए आवेदन करने के इच्छुक उम्मीदवारों ने भारत में केंद्र या राज्य विधानमंडल के अधिनियम द्वारा निगमित विश्वविद्यालय या संसद के अधिनियम द्वारा स्थापित या विश्वविद्यालय अनुदान आयोग अधिनियम, 1956 की धारा 3 के अंतर्गत मानित विश्वविद्यालय घोषित किसी अन्य शैक्षणिक संस्थान से इंजीनियरिंग की डिग्री प्राप्त की हो।
