महाराष्ट्र के खाद्य एवं औषधि प्रशासन (FDA) ने त्योहारों के मौसम में खाद्य पदार्थों की गुणवत्ता और सुरक्षा सुनिश्चित करने के लिए राज्यभर में कार्रवाई तेज कर दी है। बीड जिले में प्रतिबंधित खाद्य पदार्थों की अवैध बिक्री और परिवहन के मामले में करीब 10 लाख रुपये का माल और वाहन जब्त किया गया है
वहीं, छत्रपति संभाजीनगर में संदिग्ध मिलावटी और गलत लेबल वाले 12,382 किलो खाद्य तेल को जब्त कर संबंधित इकाई का लाइसेंस निलंबित कर दिया गया है। मुंबई में भी तीन खाद्य प्रतिष्ठानों के लाइसेंस या पंजीकरण निलंबित किए गए हैं।
बीड में 10 लाख रुपये का माल और वाहन जब्त
FDA के अनुसार, 12 अक्टूबर को बीड जिले के लिम्बागणेश क्षेत्र में प्रतिबंधित खाद्य पदार्थों की अवैध बिक्री और परिवहन के खिलाफ छापेमारी की गई। इस दौरान 4,60,056 रुपये मूल्य के प्रतिबंधित खाद्य पदार्थ और 5,40,000 रुपये मूल्य का एक वाहन जब्त किया गया। जब्त संपत्ति का कुल मूल्य 10,00,056 रुपये है।इस मामले में नेकनूर पुलिस स्टेशन में 12 अक्टूबर 2026 को अपराध क्रमांक 0465/2026 के तहत भारतीय न्याय संहिता की धाराओं 123, 223, 274 और 275 तथा खाद्य सुरक्षा एवं मानक अधिनियम की धारा 59 के अंतर्गत मामला दर्ज किया गया है।
छत्रपति संभाजीनगर में 12,382 किलो संदिग्ध खाद्य तेल जब्त
त्योहारों के मद्देनजर FDA ने छत्रपति संभाजीनगर के जाफर गेट, जुना मोंढा स्थित मेसर्स बजरंग ट्रेडिंग कंपनी की खाद्य तेल री-पैकिंग इकाई पर 12 अक्टूबर को छापा मारा।जांच के दौरान 12,382 किलो संदिग्ध मिलावटी और गलत लेबल वाले खाद्य तेल का स्टॉक मिला। इसमें केशर गोल्ड ब्रांड के टिन और डिब्बों में पैक रिफाइंड सोयाबीन तेल, टैंकों में रखा खुला तेल तथा रिफाइंड पामोलीन तेल शामिल था। जब्त तेल का मूल्य 23,35,654 रुपये बताया गया है।
FDA ने खाद्य सुरक्षा एवं मानक अधिनियम, 2006 की धारा 38(1)(c) के तहत तेल का स्टॉक सील कर जब्त किया। निरीक्षण में इकाई को 206 में से केवल 10 अंक यानी लगभग 5 प्रतिशत मिले और उसे नियमों के अनुपालन में विफल घोषित किया गया।जांच में परिसर की छत पर कचरे के ढेर, अस्वच्छ शौचालय, बिना पैलेट के सीधे फर्श पर सामान रखने, फर्श पर तेल फैलने, खिड़कियों पर कीटरोधी जाली नहीं होने, चूहों को पकड़ने के इंतजाम की कमी और कर्मचारियों की चिकित्सकीय जांच के रिकॉर्ड नहीं मिलने जैसी गंभीर खामियां सामने आईं।
कर्मचारियों के पास कैप, एप्रन और दस्ताने भी नहीं थे। प्रयोगशाला या खाद्य प्रौद्योगिकी विशेषज्ञ तथा तेल की खरीद से संबंधित रिकॉर्ड भी उपलब्ध नहीं थे। इसके बाद इकाई का खाद्य लाइसेंस तत्काल प्रभाव से निलंबित कर दिया गया।
मुंबई में तीन खाद्य प्रतिष्ठानों पर कार्रवाई
FDA ने मुंबई डिवीजन में तीन प्रतिष्ठानों के निरीक्षण के दौरान खाद्य सुरक्षा एवं मानक अधिनियम, 2006 और संबंधित नियमों के गंभीर उल्लंघन पाए। इसके बाद उनके लाइसेंस या पंजीकरण निलंबित कर दिए गए
1. डोमिनोज पिज्जा, परेल
मेसर्स जुबिलेंट फूडवर्क्स लिमिटेड के परेल स्थित डोमिनोज पिज्जा आउटलेट का लाइसेंस 12 अक्टूबर को निलंबित किया गया। FDA ने 11 अगस्त के निरीक्षण के बाद सुधार संबंधी नोटिस जारी किया था, लेकिन 9 अक्टूबर को दोबारा जांच के दौरान खामियां पाई गईं। निरीक्षण में शाकाहारी और मांसाहारी खाद्य पदार्थ एक ही डीप फ्रीजर में साथ रखे मिले। चिकन और पनीर एक ही ओवन या ग्रिल पर तैयार किए जा रहे थे। खाद्य पदार्थों की पैकेजिंग सामग्री की अनुरूपता रिपोर्ट जमा नहीं की गई थी। खाद्य वितरण वाहनों और उपकरणों के निवारक रखरखाव के रिकॉर्ड भी नहीं मिले।
2-माज फूड पार्सल एंड कैटरिंग, भांडुप
भांडुप पश्चिम के सोनापुर स्थित मेसर्स माज फूड पार्सल एंड कैटरिंग का लाइसेंस 13 अक्टूबर को निलंबित किया गया।जांच में रसोई में कॉकरोच का प्रकोप, जाम और गंदी नालियां, तैयार खाद्य पदार्थों पर लेबल नहीं होना तथा रसोई में कृत्रिम खाद्य रंग पाया गया। मेन्यू में मक्खन का उल्लेख होने के बावजूद ग्राहकों को फैट स्प्रेड परोसने का मामला भी सामने आया।इसके अलावा शाकाहारी और मांसाहारी खाद्य पदार्थों के लिए अलग-अलग चॉपिंग बोर्ड नहीं थे। खरीद बिल और पैकेजिंग सामग्री के फूड-ग्रेड प्रमाणपत्र उपलब्ध नहीं थे। कर्मचारियों के पास एप्रन और दस्ताने भी नहीं थे।
3-मुगल ढाबा, कुर्ला
कुर्ला पश्चिम में कल्पना सिनेमा के सामने स्थित मेसर्स मुगल ढाबा का पंजीकरण 9 अक्टूबर को निलंबित किया गया। जोमैटो के माध्यम से दिए गए ऑर्डर में बासी भोजन मिलने की शिकायत के बाद 8 अक्टूबर को निरीक्षण किया गया था।निरीक्षण में खाद्य कचरे से जाम नालियां, जमा हुआ गंदा पानी, पिछले दरवाजे पर कीटरोधी जाली का अभाव, जंग लगे रेफ्रिजरेटर, डीप फ्रीजर और बर्तन पाए गए। दीवारों का पेंट और प्लास्टर उखड़ा हुआ था। शाकाहारी और मांसाहारी खाद्य पदार्थों को अलग रखने की व्यवस्था नहीं थी तथा प्याज के स्टॉक के पास खुले कूड़ेदान रखे हुए थे। महाराष्ट्र FDA आयुक्त तुकाराम मुंढे ने खाद्य पदार्थों की गुणवत्ता और किसी भी प्रकार की अनियमितता के संबंध में नागरिकों से शिकायत दर्ज कराने की अपील की है।
