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Kal Ka Mausam : 24 घंटे में भारी बारिश का पूर्वानुमान, आंधी-तूफान, बाढ़ का खतरा; उत्तर भारत में बरसेगी आग!

कल का मौसम कैसा रहेगा (17 जुलाई 2026) : आईएमडी ने उत्तर भारत में मॉनसून के सुस्त होने के संकेत दिए हैं, जिससे एक बार फिर से गर्मी और उमस परेशान करती नजर आएगी। हालांकि, उत्तराखंड, हिमाचल प्रदेश और जम्मू-कश्मीर के ऊंचे और मैदानी हिस्सों में तेज आंधी के साथ बारिश का पूर्वानुमान है। उधर, पूर्वोत्तर भारत के अधिकांश राज्यों में भारी वर्षा का अलर्ट घोषित है, जिससे बाढ़ का खतरा बढ़ गया है।

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मौसम आज कल

कल का मौसम कैसा रहेगा : उत्तर भारत में एक बार फिर से गर्मी और उमस का सामना करना पड़ रहा है। मौसम विभाग की मानें तो मॉनसून की चाल थोड़ी सुस्त होने से मौसमी गतिविधियों पर कमी आई है, जिससे तापमान में बढ़ोतरी दर्ज की जा रही है। हालांकि, इस सप्ताह कहीं-कहीं पर बादलों की आवाजाही के साथ हल्की बारिश का अनुमान है। खासकर, उत्तर प्रदेश, बिहार, राजस्थान, दिल्ली-एनसीआर, हरियाणा और पंजाब के कुछ हिस्सों पर आंशिक तौर पर बारिश का दौर जारी रहेगा। वहीं पहाड़ों पर मॉनसून का असर अधिक रहेगा और 17 जुलाई से उत्तराखंड, हिमाचल प्रदेश और जम्मू-कश्मीर के अधिकांश भागों पर तेज अंधड़ के साथ मध्यम से भारी बारिश रिकॉर्ड की जा सकती है। इस दौरान लैंडस्लाइड और बाढ़ का खतरा बना रहेगा। स्काईमेट ने दक्षिण भारतीय राज्यों के साथ पूर्वोत्तर के राज्यों में मूसलाधार वर्षा का अलर्ट जारी रखा है। उधर, महाराष्ट्र, गुजरात और गोवा में बादलों का रुख थोड़ा नरम पड़ गया है।

यूपी में कल का मौसम

उत्तर प्रदेश के अधिकांश जिलों में बारिश की गतिविधियां थमने से उमस भरी गर्मी लोगों को परेशान कर रही है। मौसम विभाग ने अगले 24 घंटे के दौरान राज्य के कुछ हिस्सों पर गरज-चमक के साथ बारिश का अनुमान जताया है। लखनऊ समेत कई जिलों में अधिकतम तापमान 36 डिग्री सेल्सियस या उससे अधिक दर्ज किया गया। वहीं, न्यूनतम तापमान 28 डिग्री सेल्सियस के आसपास है। अगले 24 घंटे के दौरान राज्य के कुछ हिस्सों में गर्मी और उमस का असर बना रह सकता है। साथ ही, कुछ स्थानों पर गरज-चमक के साथ बारिश की संभावना है। प्रयागराज और झांसी राज्य के सबसे गर्म स्थान रहे। दोनों शहरों में अधिकतम तापमान 39 डिग्री सेल्सियस से ऊपर रहा।

दिल्ली में कब होगी बारिश

दिल्ली-एनसीआर में मौसम का लगातार बदलता मिजाज लोगों की परेशानी का कारण बना हुआ है। एक ओर मानसून सक्रिय होने के बावजूद अपेक्षित बारिश नहीं हो रही, वहीं दूसरी ओर तेज धूप, उमस और गर्म हवाओं ने परेशानी बढ़ा दी है। आईएमडी के पूर्वानुमान के अनुसार 17 और 18 जुलाई को भी मौसम में कोई खास राहत मिलने के संकेत नहीं हैं। इस दिन अधिकतम तापमान 39 डिग्री और न्यूनतम 28 डिग्री सेल्सियस रहने का अनुमान है। आसमान आंशिक रूप से बादलों से ढका रहेगा तथा हालांकि इस दिन किसी प्रकार की मौसम संबंधी चेतावनी जारी नहीं की गई है। कमोबेश ऐसे ही हालात दिल्ली, नोएडा, ग्रेटर नोएडा, गाजियाबाद, गुरुग्राम और फरीदाबाद में देखे जा रहे हैं।

राजस्थान में कैसा रहेगा मौसम

राजस्थान के अधिकांश हिस्सों में दक्षिण पश्चिम मानसून के कमजोर हो गया है, जिससे अभी कुछ दिन मौसम शुष्क रहने का अनुमान है। जयपुर मौसम केंद्र के अनुसार राज्य के अधिकांश भागों में आगामी पांच-छह दिन मौसम मुख्यत: शुष्क रहेगा। इस दौरान जयपुर, भरतपुर और बीकानेर संभाग में कहीं कहीं हल्की बारिश हो सकती है। मौसम केंद्र के मुताबिक इस अवधि में अधिकतम तापमान में कोई विशेष बदलाव आने की संभावना नहीं है। बृहस्पतिवार को पश्चिमी भाग में कई जगह बादल छाए रहे व कहीं कहीं हल्की से मध्यम बारिश हुई।

हिमाचल प्रदेश में बारिश का अलर्ट

मौसम विभाग ने हिमाचल प्रदेश के पांच जिलों में 19 से 22 जुलाई तक अलग-अलग स्थानों पर भारी से बहुत भारी बारिश का बृहस्पतिवार को ऑरेंज अलर्ट जारी किया है। विभाग ने इस दौरान भूस्खलन, अचानक बाढ़ और जलभराव की आशंका जताई है। मौसम विभाग के अनुसार, 19 जुलाई से उत्तर-पश्चिम भारत को प्रभावित करने वाले नए पश्चिमी विक्षोभ के कारण चंबा, कांगड़ा, कुल्लू, मंडी और शिमला जिलों के लिए ऑरेंज अलर्ट जारी किया गया है।

विभाग ने हिमाचल प्रदेश में 22 जुलाई तक बारिश का दौर जारी रहने का अनुमान जताया है। साथ ही लोगों को मौसम संबंधी चेतावनियों और यातायात परामर्श का पालन करने की सलाह दी गई है तथा लोगों से संवेदनशील इलाकों और जलस्रोतों के पास जाने से बचने को कहा गया है। मौसम विभाग ने संवेदनशील क्षेत्रों में भूस्खलन, मिट्टी खिसकने और अचानक बाढ़ की आशंका को लेकर भी चेतावनी जारी की है। विभाग ने कहा कि नदियों और अन्य जलस्रोतों में जलस्तर और बहाव बढ़ सकता है जिससे निचले इलाकों में जलभराव की स्थिति पैदा हो सकती है।

पिछले 24 घंटों के दौरान बृहस्पतिवार सुबह तक राज्य में मौसम ज्यादातर शुष्क रहा। इस दौरान शिमला जिले के सराहन में सबसे अधिक 7.5 मिलीमीटर बारिश दर्ज की गई। कुकुमसेरी में राज्य का न्यूनतम तापमान 9.8 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया जबकि दिन के समय ऊना सबसे गर्म रहा जहां अधिकतम तापमान 38 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया।

पूर्वोत्तर में भारी बारिश का अलर्ट

मौसम विभाग ने बताया कि पूर्वोत्तर के राज्यों में मॉनसूनी बारिश का सिलसिला लगातार जारी रहेगा, जिससे नदियों के जलस्तर में तेजी से बढ़ोतरी दर्ज की जाएगी। अगले 24 घंटे के दौरान असम, अरुणाचल प्रदेश, सिक्किम, ओडिशा, नागालैंड, मेघालय, छत्तीसगढ़, पश्चिम बंगाल में कहीं हल्की तो कहीं मध्यम से भारी बारिश का अलर्ट है। अत्यधिक पानी के जमाव से नदियों का जलस्तर तेजी से बढ़ रहा है, जो बस्तियों तक पहुंच रहा है। कई हिस्सों में बाढ़ के कारण जनजीवन पर बुरा प्रभाव पड़ रहा है।

दक्षिण भारत में बारिश का पूर्वानुमान

दक्षिण भारत के राज्यों में मॉनसून पूरी तरह सक्रिय है। आईएमडी की मानें तो अगले कई दिनों तक केरल, कर्नाटक, तमिलनाडु, आंध्र प्रदेश, तेलंगाना, अंडमान और निकोबार द्वीप समूह एवं लक्ष्यद्वीप के अधिकांश हिस्सों पर बारिश की गतिविधियां जारी रहेंगी। हालांकि, तमिलनाडु में बारिश में कमी आने से तापमान में बढ़ोतरी दर्ज की जा रही है, जिससे लोगों को गर्मी का एहसास हो रहा है। उधर, महाराष्ट्र, गुजरात और गोवा के हिस्सों पर बारिश में कमी आई है।

पुरी रथ यात्रा पर बारिश का साया

बंगाल की खाड़ी में बने कम दबाव के क्षेत्र के प्रभाव से पुरी सहित ओडिशा के कई हिस्सों में अगले कुछ समय तक और बारिश होने का अनुमान है। आईएमडी ने अपने बुलेटिन में बताया कि अगले कुछ घंटों के दौरान कम दबाव का क्षेत्र और मजबूत हो सकता है तथा इसके उत्तर-पश्चिम दिशा में बढ़ते हुए उत्तर ओडिशा और पश्चिम बंगाल में गंगा क्षेत्र से गुजरने की संभावना है। मौसम विभाग ने बताया कि इसके प्रभाव से बृहस्पतिवार को मयूरभंज, क्योंझर, अंगुल, देवगढ़, संबलपुर, सुंदरगढ़, झारसुगुड़ा, बालासोर, भद्रक, केंद्रपाड़ा, पुरी, जगतसिंहपुर, खुर्दा, नयागढ़, कटक, ढेंकानाल, जाजपुर, बरगढ़, सोनपुर और बौध जिलों में भारी बारिश होने का अनुमान है।

कैसा रहेगा कोलकाता का मौसम

मौसम विभाग ने बताया कि बंगाल की खाड़ी के ऊपर बने कम दबाव वाले क्षेत्र के कारण गुरुवार को कोलकाता और आसपास के जिलों में भारी बारिश हुई। आईएमडी ने 19 जुलाई तक भारी बारिश जारी रहने का अनुमान है। विभाग ने कहा कि 19 और 20 जुलाई को दार्जिलिंग, कलिम्पोंग, जलपाईगुड़ी, अलीपुरद्वार और कूचबिहार में बहुत भारी बारिश होने का अनुमान है। यह प्रणाली पश्चिम बंगाल से होते हुए उत्तर दिशा की ओर बढ़ेगी। आईएमडी ने पश्चिम बंगाल तट के पास और उससे लगे समुद्री क्षेत्रों में शनिवार सुबह तक मछुआरों को समुद्र में नहीं जाने की सलाह दी है। साथ ही दार्जिलिंग और कलिम्पोंग के पहाड़ी जिलों में भूस्खलन की आशंका को लेकर भी चेतावनी जारी की गई है।

Pushpendra kumar
पुष्पेंद्र कुमारauthor

पुष्पेंद्र कुमार टाइम्स नाउ नवभारत डिजिटल में चीफ कॉपी एडिटर के रूप में सिटी डेस्क पर कार्यरत हैं। जर्नलिज्म में मास्टर्स डिग्री हासिल करने के बाद से वे पिछले 7 वर्षों से सक्रिय पत्रकारिता में जुड़े हैं। इस दौरान उन्होंने 10,000 से अधिक खबरें लिखी हैं। पुष्पेंद्र हाइपर-लोकल मुद्दों, रेलवे, रोड, इंफ्रास्ट्रक्चर, डेवलपमेंट, कृषि और मौसम से जुड़ी खबरों पर गहरी पकड़ रखते हैं। शहर से लेकर गांव-देहात तक की संवेदनशीलताओं को समझते हुए वे लोकल खबरों को ऐसा रूप देते हैं जो न केवल तथ्यपूर्ण होता है, बल्कि पाठकों से भावनात्मक रूप से भी जुड़ता है।

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