गुरु तेग बहादुर जी की 350वीं शहीदी जयंती के तीन दिवसीय स्मरणोत्सव के तहत आज आनंदपुर साहिब में पंजाब विधानसभा का एक विशेष सत्र आयोजित किया गया। जहां सीएम भगवंत सिंह मान ने श्री आनंदपुर साहिब , अमृतसर के श्री हरिमंदिर साहिब गलियारा, तलवंडी साबो को पवित्र शहर के तौर पर एलान करने का प्रस्ताव सदन में रखा। ये प्रस्ताव सदन से पास हो गया है।
सदन में प्रस्ताव सरसम्मति से पारित
पंजाब सरकार में वित्त मंत्री हरपाल सिंह चीमा ने इस प्रस्ताव का समर्थन किया। पवित्र शहर के तौर पर यहां मीट, शराब और तम्बाकू पर पाबंदी होगी। सीएम ने कहा कि अमृतसर हरमंदिर साहिब गलियारा में हालांकि अपने तौर पर लोगों ने यहां पवित्र रखा है, लेकिन अब यह आधिकारिक तौर पर होगा। सदन में प्रस्ताव सरसम्मति से पारित हो गया।
क्या बोले भगवंत मान
मान ने कहा- "श्री आनंदपुर साहिब में आज के दिन को ऐतिहासिक बनाने के लिए विधानसभा का सत्र खालसा की जन्मभूमि में बुलाया गया। इस धरती के महान इतिहास और गुरु साहिब जी के बलिदान से प्रेरणा लेकर हम हमेशा मानवता की सेवा में उपस्थित रहेंगे। श्री गुरु तेग बहादुर साहिब जी की लड़ाई किसी वर्ग के विरुद्ध नहीं थी, उनकी लड़ाई ज़ुल्म और ज़बर के विरुद्ध थी। गुरु साहिब जी ने दूसरे धर्म की रक्षा के लिए बलिदान देकर समाज में धर्म के नाम पर हो रहे अत्याचार को रोका और धार्मिक स्वतंत्रता को बहाल किया। हमारे गुरु साहिबानों के बलिदानों की कीमत किसी भी करंसी में नहीं आंकी जा सकती, इसलिए हम ऐसे पवित्र कार्यक्रमों के लिए बजट की परवाह नहीं करते। मैं स्वयं को बहुत भाग्यशाली मानता हूं कि गुरु साहिब जी के 350वें शहीदी दिवस की सेवा हमारे हिस्से में आई।"
क्या बोले अरविंद केजरीवाल
अरविंद केजरीवाल ने पंजाब सरकार के इस फैसले पर कहा- "नौवें पातशाह श्री गुरु तेग बहादुर जी के 350वें शहीदी दिवस के इस मौके को सम्मान देने के लिए पंजाब सरकार बहुत सारे कार्यक्रम कर रही है। इस पवित्र अवसर पर आज पंजाब सरकार ने पहली बार चंडीगढ़ से बाहर विधानसभा का विशेष सत्र आयोजित किया, जिसमें श्री अमृतसर साहिब गलियारा, श्री आनंदपुर साहिब और तलवंडी साबो को पवित्र शहर घोषित करने का ऐतिहासिक फ़ैसला लिया गया, जिसकी मांग दशकों से की जा रही थी।"
