जम्मू-कश्मीर की ग्रीष्मकालीन राजधानी श्रीनगर स्थित गुरुद्वारा श्री चट्टी पातशाही साहिब में श्री गुरु तेग बहादुर साहिब के 350वें शहीदी दिवस के उपलक्ष्य में भव्य कीर्तन दरबार आयोजित किया गया। कार्यक्रम में आम आदमी पार्टी (AAP) के राष्ट्रीय संयोजक और दिल्ली के पूर्व मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल और पंजाब के मुख्यमंत्री भगवंत मान ने शामिल होकर गुरु साहिब को स्मरण किया। इस दौरान पंजाब सरकार की पूरी कैबिनेट सहित अनेक गणमान्य हस्तियां उपस्थित रहीं।
अरविंद केजरीवाल ने कार्यक्रम को संबोधित करते हुए कहा कि गुरु तेग बहादुर साहिब जैसा बलिदान इतिहास में दुर्लभ है। उन्होंने याद दिलाया कि कैसे कश्मीरी पंडितों की रक्षा और हिंदू धर्म को बचाने के लिए गुरु साहिब ने दिल्ली के चांदनी चौक में अपना सर्वोच्च बलिदान दिया। केजरीवाल ने बताया कि बुधवार 19 नवंबर को श्रीनगर से एक विशेष यात्रा रवाना होगी, जो 22 नवंबर को आनंदपुर साहिब पहुंचेगी। केजरीवाल ने लोगों से अपील की कि पंजाब सरकार द्वारा आयोजित कार्यक्रमों में ज्यादा से ज्यादा संख्या में शामिल हों।
AAP नेता केजरीवाल ने कहा कि आज की पीढ़ी तक गुरु साहिब की शहादत और संदेश पहुंचाना हम सभी की जिम्मेदारी है। उन्होंने कहा कि बच्चों को इस अद्वितीय शौर्यगाथा के बारे में बताया चाहिए, जिससे उनका जीवन प्रेरित हो सके।

24 नवंबर को पहली बार विधानसभा का विशेष सत्र श्री आनंदपुर साहिब में होगा
पंजाब के मुख्यमंत्री भगवंत मान ने गुरु साहिब के जीवन और शहादत का विस्तृत उल्लेख करते हुए कहा कि त्यागमल से तेग बहादुर बनने की यात्रा और उनके महान बलिदानों जैसी मिसाल दुनिया में कहीं भी दूसरी जगह नहीं मिलती। उन्होंने भाई मती दास, भाई दयाला और भाई सती दास की शहादत को भी याद किया। भगवंत मान ने कहा कि नई पीढ़ी तक सत्य और बलिदान की इन कथाओं को पहुंचाने के लिए आधुनिक माध्यमों - जैसे लाइट एंड साउंड शो और डिजिटल प्लेटफॉर्म - का इस्तेमाल किया जा रहा है।
सीएम भगवंत मान ने बताया कि पंजाब सरकार ने गुरु साहिब के चरण छूने वाले 109 गांवों की पहचान कर उनमें विकास कार्यों को रफ्तार दी है। उन्होंने बताया कि 23 से 25 नवंबर तक श्री आनंदपुर साहिब में आयोजित होने वाले कार्यक्रमों में पंजाब कैबिनेट, विधानसभा अध्यक्ष सहित कई महत्वपूर्ण हस्तियां शामिल रहेंगी। 24 नवंबर को पहली बार विधानसभा का विशेष सत्र भी यहीं पर आयोजित किया जाएगा, जिसमें ऐतिहासिक फैसले लिए जाने की उम्मीद है।
