Supertech Twin Tower: 10 सेकंड में ध्वस्त हो जाएंगी भारत की सबसे ऊंची इमारतें, ये रही पूरी टाइमलाइन

  • Authored by: टाइम्स नाउ नवभारत डिजिटल
  • Updated Aug 25, 2022, 03:55 PM IST

Supertech Twin Tower Demolition: पहले सुप्रीम कोर्ट ने दोनों सुपरटेक ट्विन टावरों को गिराने की डेडलाइन 21 अगस्त तय की थी, बाद में 28 अगस्त 2022 की तारीख तय हुई थी।

Supertech Twin Tower: 10 सेकंड में ध्वस्त हो जाएंगी भारत की सबसे ऊंची इमारतें, ये रही पूरी टाइमलाइन
Photo Credit: BCCL

नई दिल्ली। नोएडा के प्रसिद्ध सुपरटेक ट्विन टावरों (Supertech Twin Tower) को ध्वस्त करने की उलटी गिनती शुरू हो चुकी है। एमराल्ड प्रोजेक्ट (Emerald Project) में सुपरटेक ट्विन टावरों की 40 मंजिला इमारतों के विध्वंस के लिए रेजिडेंट्स वेलफेयर एसोसिएशन (RWA) की ओर से सभी आवश्यक तैयारियां कर ली गई हैं। ट्विन टावरों - एपेक्स (Apex) और सेयेन (Ceyane) के विध्वंस से लगभग 35,000 क्यूबिक मीटर का भारी मात्रा में मलबा पैदा होगा, जिसे बेसमेंट में रखा जाएगा। अधिकारियों के अनुसार, शेष मलबे को दूसरे स्थान पर स्थानांतरित कर दिया जाएगा, जहां इसे वैज्ञानिक तरीके से संसाधित किया जाएगा।

28 अगस्त 2022, रविवार दोपहर 2:30 बजे सुपरटेक ट्विन टावर ध्वस्त हो जाएगा। ट्विन टॉवर के विध्वंस की टाइमलाइन पर एक नजर:

  • सुबह 6 बजे: सबसे पहले पुलिस आस- पास की सोसायटी को खाली करने का ऐलान करेगी।
  • सुबह 6.30 बजे: NDRF की टीमें सोसायटी पहुंचेंगी।
  • सुबह 7 बजे: सभी निवासियों को निकाला जाएगा।
  • सुबह 9 बजे: बिजली और गैस जैसी सभी सोसायटी सर्विस बंद होंगी।
  • दोपहर दो से तीन बजे: इस दौरान एक्सप्रेस-वे बंद रहेगा।
  • दोपहर 2:30 बजे: ट्विन टावर ब्लास्ट (12 सेकेंड) होगा।
  • दोपहर 3:30 बजे: एनडीआरएफ, CBRI और अन्य अधिकारी मौके पर लौटेंगे।
  • 4:15 बजे: किसी भी तरह के नुकसान की जांच के लिए सोसायटी टास्क फोर्स की टीम एंटर करेगी।
  • शाम 5 बजे: बिजली, गैस सर्विस फिर से शुरू होंगी।
  • शाम 7 बजे: रेजिडेंट्स सोसायटियों में वापस प्रवेश करेंगे।

एमराल्ड कोर्ट निवासियों के लिए की गई व्यवस्था
एमराल्ड कोर्ट निवासियों के लिए पड़ोसी हाउसिंग सोसाइटियों में कई व्यवस्थाएं की गई हैं। रविवार को जब बिल्डिंग गिराई जाएगी, तो पार्सवनाथ प्रेस्टीज (Parsvnath Prestige) और पूर्वांचल सिल्वर सिटी (Purvanchal Silver City) में रहने वाले निवासियों को खाने-पीने की चीजें दी जाएंगी।

साथ ही, जो लोग धूल और गंदगी के कारण उसी दिन अपने फ्लैटों पर नहीं लौट पाएंगे, उनके लिए रात के ठहरने की तैयारी की गई है। अगर कोई निवासी बीमार महसूस करता है, तो उनके लिए सेक्टर 137 के फेलिक्स अस्पताल (Felix Hospital) में लगभग 50 बिस्तर आरक्षित किए गए हैं।

End of Article