ITR Standard Deduction: इनकम टैक्स रिटर्न (ITR) फाइल करने के लिए आज के बाद सिर्फ 1 दिन का समय बाकी है। आईटीआर फाइल करने की लास्ट डेट 31 जुलाई थी। सरकार की तरफ से इस डेडलाइन को बढ़ाने को लेकर कोई संकेत नहीं दिया गया। अगर आप भी अब अपना आईटीआर फाइल करना चाहते हैं, तो हड़बड़ी न करें, बल्कि हर तरह की मिलने वाली छूट का फायदा उठाएं। इन्हीं छूटों में से एक है स्टैंडर्ड डिडक्शन, जिसका फायदा सैलरी पाने वालों को मिलता है।
घट जाएगी इनकम टैक्स लायबिलिटी
आईटीआर फाइल करते समय यदि आप मिलने वाली छूटों और डिडक्शन का फायदा लेते हैं तो इससे आपकी टैक्स लायबिलिटी कम हो जाएगी, जिससे आप काफी पैसा बचा सकते हैं। इसलिए जिन लोगों को सैलरी मिलती है वे स्टैंडर्ड डिडक्शन का लाभ जरूर उठाएं।
क्या है स्टैंडर्ड डिडक्शन
स्टैंडर्ड डिडक्शन एक फ्लैट छूट है। सैलरी और पेंशन पाने वाले लोगों को स्टैंडर्ड डिडक्शन का फायदा एक बराबर कटौती के रूप में मिलता है। इसे बजट 2018 में पेश किया गया था। स्टैंडर्ड डिडक्शन का फायदा नए और पुराने दोनों टैक्स सिस्टम के तहत मिलता है।
कैसे मिलता है इसका फायदा
50 हजार रुपये की स्टैंडर्ड डिडक्शन का फायदा लेने के लिए कोई कागज चाहिए। आपके खर्चे आदि कितने भी, इस छूट का फायदा मिलेगा। इसे सैलरी पाने वाले मिडिल क्लास लोगों को राहत के तौर पर देखा जाता है।
जरूर फाइल कर लें आईटीआर
ड्यू डेट से पहले आईटीआर दाखिल नहीं करने के कई बुरे नतीजे हो सकते हैं। इसलिए, इससे पहले रिटर्न दाखिल करना बेहतर है। आयकर विभाग ने आज कहा कि आज (30 जुलाई) दोपहर 1 बजे तक 5.83 करोड़ आईटीआर दाखिल किए गए हैं, जो पिछले साल 31 जुलाई तक दाखिल किए गए आईटीआर की संख्या को पार कर गए हैं।
