वडोदरा: भारतीय महिला क्रिकेट टीम की युवा स्पिनर वैष्णवी शर्मा ने जिंबाब्वे के खिलाफ तीन मैच की वनडे सीरीज के तीसरे और आखिरी मुकाबले में अपनी फिरकी से कहर बरपाया। उन्होंने 10 ओवर में 39 रन देकर 5 विकेट अपने नाम किए और जिंबाब्वे को 131 रन पर ढेर करने में अहम भूमिका अदा की। वैष्णवी ने अपने अंतरराष्ट्रीय करियर में पहली बार पांच विकेट चटकाए और अपने नाम एक बड़ी उपलब्धि हासिल कर ली।
सबसे कम उम्र में पांच विकेट झटकने वाली भारतीय
वैष्णवी विमेंस वनडे में पांच विकेट झटकने वाली सबसे कम उम्र की बांए हाथ की भारतीय गेंदबाज बन गई हैं। उन्होंने यह उपलब्धि 20 साल 314 दिन की उम्र में हासिल की। वमेंस ओडीआई में भारत के लिए सबसे कम उम्र में पांच विकेट चटकाने का रिकॉर्ड दीप्ति शर्मा के नाम दर्ज है। दीप्ति ने साल 2016 में 18 साल 179 दिन की उम्र में ये उपलब्धि हासिल की थी। इस सूची में तीसरे स्थान पर क्रांति गौड़ हैं। उन्होंने 21 साल 345 दिन की उम्र में वनडे क्रिकेट में पांच विकेट चटकाए थे।
लगातार दो मुकाबलों में 4+ विकेट
वैष्णवी ने सीरीज के दूसरे मुकाबले में 39 रन देकर 4 विकेट चटकाए थे और अब तीसरे मैच में पांच विकेट उन्होंने अपने नाम किए। इसके साथ ही उनका नाम भारतीय गेंदबाजों के एक स्पेशल क्लब में दर्ज हो गया। लगातार दो वनडे मैच में चार या उससे ज्यादा विकेट चटकाने वाली वैष्णवी पांचवीं भारतीय बन गई हैं। उनसे पहले नीतू डेविड, गौहर सुल्ताना, दीप्ति शर्मा और रेणुका सिंह ये कारनामा कर चुकी हैं।
प्लेयर ऑफ द सीरीज बनने की हैं दावेदार
वैष्णवी ने सीरीज में अबतक खेले 2 मैच की 2 पारी में 8.66 के औसत 9 विकेट चटकाए हैं। वो सीरीज में सबसे ज्यादा विकेट चटकाने वाली गेंदबाज हैं। उनके बाद दूसरे पायदान पर श्रीचरणी और क्रांति गौड़ हैं। दोनों ने 5-5 विकेट अपने नाम किए हैं। वैष्वणी प्लेयर ऑफ द सीरीज बनने की भी बड़ी दावेदार हैं।
