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आपने पक्का किया कि रोहित-विराट टीम में ना हो... मनोज तिवारी ने भारतीय कोच गौतम गंभीर पर लगाए बड़े आरोप

Manoj Tiwary Make Serious Allegations On Team India Coach Gautam Gambhir: जब से पूर्व भारतीय बल्लेबाज गौतम गंभीर टीम इंडिया के कोच बने तब से भारतीय क्रिकेट टीम के सीनियर खिलाड़ियों से उनके मतभेद के कयास लगाए जाते रहे हैं। उन पर कई बार आरोप लगे कि वो कुछ खिलाड़ियों के टीम में मौजूद रहने के पक्ष में नहीं हैं। अब जब रोहित शर्मा और विराट कोहली जैसे सीनियर खिलाड़ी अपने अंतरराष्ट्रीय करियर के अंतिम मोड़ पर नजर आने लगे हैं ऐसे में पूर्व भारतीय क्रिकेटर मनोज तिवारी ने कोच पर गंभीर आरोप लगाए हैं।

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विराट और रोहित को लेकर गौतम गंभीर पर मनोज तिवारी के आरोप (X/MuffadalVohra/ANI)

भारतीय क्रिकेट इस समय बदलाव के बड़े दौर से गुजर रहा है। टीम इंडिया में कई ऐसे बदलाव देखने को लगातार मिल रहे हैं जिससे इस बात पर मुहर लग जाती है। बीसीसीआई की चयन समिति व मुख्य चयनकर्ता अजीत अगरकर का टीम संयोजन में अहम फैसला रहता है, लेकिन साथ ही इसमें कोच गौतम गंभीर का हस्तक्षेप भी होता है इस बात में कोई दो राय नहीं है। इसी वजह से जब से गौतम गंभीर ने भारतीय क्रिकेट टीम के मुख्य कोच का पद संभाला है, तभी से कुछ बड़े खिलाड़ियों से उनके मतभेद और टीम से उनको बाहर करने के आरोप लगते रहे हैं। अब पूर्व क्रिकेटर मनोज तिवारी ने गौतम गंभीर पर कुछ बड़े आरोप लगा दिए हैं।

मनोज तिवारी ने गौतम गंभीर पर मौजूदा टीम संस्कृति को बर्बाद करने के लिए जमकर निशाना साधा और कहा कि जब से गंभीर ने कोच का पद संभाला है, तब से बहुत सारी विवादास्पद चीजें हुई हैं। रोहित शर्मा को हाल ही में शुभमन गिल ने वनडे कप्तान के रूप में रिप्लेस किया था, और इस बदलाव ने सोशल मीडिया पर काफी हलचल मचा दी है। प्रशंसकों के बीच बहस छिड़ गई है, कुछ लोग सवाल कर रहे हैं कि क्या रोहित और विराट कोहली 2027 विश्व कप के लिए टीम में होंगे।

रोहित और विराट का निराशाजनक संन्यास

रोहित और विराट 2025 चैंपियंस ट्रॉफी के बाद अपना पहला अंतरराष्ट्रीय मैच ऑस्ट्रेलिया के खिलाफ वनडे सीरीज में खेलने वाले हैं। इस जोड़ी ने इस साल की शुरुआत में ऑस्ट्रेलिया के निराशाजनक दौरे के बाद टेस्ट से संन्यास की घोषणा की थी। हालांकि, किसी को उम्मीद नहीं थी कि दोनों इस तरह से विदा होंगे, खासकर इंग्लैंड के खिलाफ एक महत्वपूर्ण सीरीज से ठीक पहले ये फैसला लिया गया।

अश्विन का संन्यास भी चौंकाने वाला था

सिर्फ रोहित और विराट कोहली ही नहीं, महान पूर्व स्पिनर रविचंद्रन अश्विन ने भी पिछले साल ऑस्ट्रेलिया के खिलाफ बॉर्डर-गावस्कर ट्रॉफी के बीच में संन्यास ले लिया था। अब गंभीर पर इन खिलाड़ियों को संन्यास लेने के लिए मजबूर करने का आरोप लगाया गया है, क्योंकि तिवारी ने कहा कि मौजूदा हेड कोच को अपनी बातों पर सवाल उठना पसंद नहीं है।

उन्होंने सुनिश्चित किया कि वो वहां मौजूद ना रहें

पूर्व क्रिकेटर मनोज तिवारी ने एक वेबसाइट से बातचीत में कहा, "अगर सीनियर खिलाड़ी हैं, अगर अश्विन हैं, अगर रोहित हैं या अगर रोहित हैं, तो इन लोगों ने इतना क्रिकेट खेला है, ये लोग टीम के हेड कोच या अन्य स्टाफ की तुलना में बहुत अधिक स्थापित हैं, अगर वे किसी बात से सहमत नहीं हैं तो ये लोग सवाल उठाएंगे। आपने बस यह पक्का किया कि ये लोग वहां नहीं रहें।"

गंभीर के आने के बाद से विवाद ही विवाद

तिवारी ने आगे कहा, "मैंने देखा है कि जब से इस कोच ने भूमिका संभाली है, बहुत सारे विवाद हुए हैं। जो कुछ भी हो रहा है वह भारतीय क्रिकेट के लिए अच्छा नहीं है। मेरा मानना है कि जब से वह हेड कोच बने हैं, अश्विन ने संन्यास ले लिया है। रोहित और विराट ने भी ऐसा किया है। अन्य चीजें भी हुई हैं, जैसे कि खिलाड़ियों को अप्रत्याशित रूप से टीम में जोड़ा गया और फिर सीधे शुरुआती एकादश में शामिल कर लिया गया। हमने देखा है कि गंभीर सुसंगत नहीं रहे हैं।"

इन्होंने सब कुछ खो दिया

मनोज तिवारी का कहना है, "मेरा मानना है कि जो परिस्थितियां बनाई गई हैं, जो माहौल बनाया गया है, इन खिलाड़ियों पर जो दबाव है, मेरा मानना है कि रोहित और विराट ने भारतीय क्रिकेट की खूब सेवा की है। उन्होंने भारतीय क्रिकेट को नई ऊंचाइयों पर पहुंचाने का काम किया है। जिन खिलाड़ियों ने अपना दिल और आत्मा दी है, हमने देखा है कि उन्होंने अपना सब कुछ दिया है।"

ये दुर्भाग्यूपूर्ण होगा अगर...

उन्होंने आगे कहा, "अगर इन खिलाड़ियों को लगता है कि चीजें उनकी छवि को प्रभावित कर रही हैं और अब उन्हें ड्रेसिंग रूम में नहीं चाहते हैं, तो वे संन्यास लेने पर विचार कर सकते हैं। मेरा मानना है कि वे खेलना चाहते हैं। मुझे लगता है कि गंभीर इन दोनों व्यक्तियों को न रखने का इतना बड़ा फैसला नहीं लेंगे क्योंकि, व्हाइट-बॉल प्रारूप में, कोई भी इस तथ्य से इनकार नहीं कर सकता है कि ये दोनों बेस्ट रहे हैं। यह वास्तव में एक खराब निर्णय होगा यदि गौतम इन दोनों को विश्व कप के लिए योजनाओं में शामिल नहीं करते हैं।"

Shivam Awasthi
शिवम अवस्थीauthor

शिवम् अवस्थी टाइम्स नाउ नवभारत डिजिटल में स्पोर्ट्स डेस्क के इंचार्ज हैं। इनको खेल पत्रकारिता में तकरीबन 17 सालों का अनुभव है। इनको क्रिकेट, फुटबॉल और टेनिस में खास रुचि है। उन्हें खेलना भी पसंद है और वो देहरादून में फुटबॉल व क्रिकेट इंटर डिस्ट्रिक्ट चैंपियनशिप में विजेता टीम के कप्तान भी रहे। पत्रकारिता में कदम रखने के कुछ समय बाद कॉमनवेल्थ गेम्स 2010 का संपूर्ण फील्ड कवरेज किया और कई ब्रेकिंग न्यूज दी। कई चर्चित भारतीय एथलीटों के इंटरव्यू लिए हैं। 2011 वनडे क्रिकेट वर्ल्ड कप का ऑनफील्ड रहकर शहर-शहर घूमते हुए पूरा टीवी कवरेज किया। विश्व कप से पहले युवा विराट कोहली का इंटरव्यू किया। डिजिटल जैसे-जैसे आगे बढ़ा उन्हें ब्रेट ली, सुनील गावस्कर, राहुल द्रविड़, जैसे तमाम धुरंधरों के साक्षात्कार किए और 16 वर्षीय ऋषभ पंत का पहला डिजिटल इंटरव्यू किया जिसे इंग्लिश और हिंदी वेबसाइट पर काफी रीडरशिप मिली। उन्होंने स्पोर्ट्स मल्टी पॉडकास्ट भी किया। आईपीएल के 18 सीजन से ऑनफील्ड जुड़े रहे। अब तक तकरीबन 6000 से ज्यादा एक्सक्लूसिव स्टोरीज लिख चुके हैं। साल 2025 में खेल जगत के तमाम बड़े रिकॉर्ड्स व आंकड़ों को ट्रैक किया है और उन पर आर्टिकल तैयार किए हैं।

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