Aaj Ka Panchang (4 May 2026) आज का पंचांग : 4 मई 2026, सोमवार का दिन धार्मिक और आध्यात्मिक दृष्टि से महत्वपूर्ण माना जा रहा है। आज ज्येष्ठ माह के कृष्ण पक्ष की तृतीया तिथि है, जो जप, तप और पूजा-पाठ के लिए अनुकूल मानी जाती है। साथ ही अनुराधा से ज्येष्ठा नक्षत्र में परिवर्तन और परिघ योग का प्रभाव इस दिन को खास बना रहा है। आइए जानते हैं आज का पूरा पंचांग, शुभ-अशुभ समय और ग्रहों की स्थिति क्या है।
सूर्योदय एवं चन्द्रोदय (Sunrise and Moonrise)
आज सूर्य का उदय सुबह 05:38 बजे और सूर्यास्त शाम 06:58 बजे होगा। चंद्रमा का उदय रात 09:42 बजे और चन्द्रास्त सुबह 06:52 बजे होगा।
तिथि, नक्षत्र और योग (Tithi, Nakshatra and Yog)
आज कृष्ण पक्ष की तृतीया तिथि अगले दिन 5 मई को सुबह 05:24 बजे तक रहेगी। इसके बाद चतुर्थी तिथि प्रारंभ हो जाएगी। नक्षत्र की बात करें तो अनुराधा नक्षत्र सुबह 09:58 बजे तक रहेगा, इसके बाद ज्येष्ठा नक्षत्र शुरू होगा। योग में परिघ योग रात 11:20 बजे तक रहेगा, इसके बाद शिव योग प्रारंभ होगा।
करण (Karan)
वणिज करण शाम 04:12 बजे तक रहेगा। इसके बाद विष्टि करण अगले दिन 05:24 बजे तक रहेगा, फिर बव करण शुरू होगा।
वार एवं पक्ष (Day and Paksha)
आज सोमवार है और कृष्ण पक्ष चल रहा है।
चन्द्र मास, सम्वत (Lunar Month and Samvat)
आज विक्रम सम्वत 2083 सिद्धार्थी, शक सम्वत 1948 पराभव और गुजराती सम्वत 2082 पिंगल है। चन्द्र मास ज्येष्ठ (पूर्णिमांत) और वैशाख (अमांत) है। प्रविष्टे/गते 21 है।
राशि तथा ग्रह स्थिति (Rashi and Planetary Positions)
आज चंद्रमा वृश्चिक राशि में स्थित रहेंगे। सूर्य मेष राशि में विराजमान हैं। अन्य ग्रहों की स्थिति सामान्य बनी हुई है।
ऋतु तथा अयन (Season and Ayana)
द्रिक ऋतु के अनुसार ग्रीष्म ऋतु चल रही है, जबकि वैदिक ऋतु वसंत है। उत्तरायण का प्रभाव बना हुआ है। दिनमान 13 घंटे 19 मिनट 57 सेकंड और रात्रिमान 10 घंटे 39 मिनट 14 सेकंड रहेगा। मध्याह्न 12:18 बजे होगा।
4 मई के शुभ मुहूर्त (Auspicious Timings)
ब्रह्म मुहूर्त: सुबह 04:13 बजे से 04:55 बजे तक
प्रातः सन्ध्या: सुबह 04:34 बजे से 05:38 बजे तक
अभिजित मुहूर्त: सुबह 11:51 बजे से 12:45 बजे तक
विजय मुहूर्त: दोपहर 02:31 बजे से 03:25 बजे तक
गोधूलि मुहूर्त: शाम 06:57 बजे से 07:18 बजे तक
सायाह्न सन्ध्या: शाम 06:58 बजे से 08:02 बजे तक
अमृत काल: अगले दिन 5 मई को सुबह 03:02 बजे से 04:49 बजे तक
निशिता मुहूर्त: रात 11:56 बजे से 12:39 बजे (5 मई)
सर्वार्थ सिद्धि योग: सुबह 05:38 बजे से 09:58 बजे तक
4 मई का अशुभ मुहूर्त (Inauspicious Timings)
राहुकाल: सुबह 07:18 बजे से 08:58 बजे तक
यमगण्ड: सुबह 10:38 बजे से 12:18 बजे तक
गुलिक काल: दोपहर 01:58 बजे से 03:38 बजे तक
दुर्मुहूर्त: दोपहर 12:45 बजे से 01:38 बजे तक और दोपहर 03:25 बजे से 04:18 बजे तक
वर्ज्य: शाम 04:15 बजे से 06:03 बजे तक
गण्ड मूल: सुबह 09:58 बजे से अगले दिन 05:37 बजे तक
भद्रा: शाम 04:12 बजे से अगले दिन 05:24 बजे तक
विंछुड़ो: पूरे दिन
आनन्दादि एवं तमिल योग (Anandadi and Tamil Yog)
आनन्दादि योग में मानस योग सुबह 09:58 बजे तक रहेगा, इसके बाद पद्म योग रहेगा, जो शुभ माना जाता है। तमिल योग में अमृत योग सुबह 09:58 बजे तक रहेगा, इसके बाद सिद्ध योग का प्रभाव रहेगा।
निवास और शूल (Nivas and Shool)
आज दिशा शूल पूर्व दिशा में रहेगा। नक्षत्र शूल भी पूर्व दिशा में रहेगा। चन्द्र वास उत्तर दिशा में रहेगा। राहु वास उत्तर-पश्चिम दिशा में रहेगा। अग्निवास अगले दिन 05:24 बजे तक आकाश में रहेगा, इसके बाद पाताल में माना जाएगा। शिववास अगले दिन 05:24 बजे तक क्रीड़ा में रहेगा, इसके बाद कैलाश पर माना जाएगा। कुम्भ चक्र उत्तर दिशा में रहेगा, जिसे अशुभ माना जाता है।
डिसक्लेमर: यहां दी गई जानकारी पंचांग पर आधारित है तथा केवल सूचना के लिए दी जा रही है। Times Now Navbharat इसकी पुष्टि नहीं करता है।
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