Maharashtra: मुस्लिम संगठनों की मांग-ईशनिंदा के खिलाफ 'पैगंबर मोहम्मद बिल' लाए सरकार 

  • Authored by: टाइम्स नाउ नवभारत डिजिटल
  • Updated Jul 8, 2021, 02:20 PM IST

महाराष्ट्र में मुस्लिम संगठनों की मांग है कि पैगंबर मोहम्मद के खिलाफ अपमानजनक बयान देने वाले लोगों को कड़ी सजा देने के लिए सरकार 'पैगंबर मोहम्मद बिल' नाम से एक कानून लाए।

Maharashtra: मुस्लिम संगठनों की मांग-ईशनिंदा के खिलाफ 'पैगंबर मोहम्मद बिल' लाए सरकार 
Photo Credit: PTI

मुंबई : महाराष्ट्र में मुस्लिम संगठन चाहते हैं कि सरकार इस्लाम धर्म के संस्थापक पैगंबर मोहम्मद के खिलाफ ईशनिंदा करने वाले लोगों को कठोर सजा देने के लिए 'पैगंबर मोहम्मद बिल' नाम से कानून बनाए। मुस्लिम संगठनों का कहना है कि इस कानून से अन्य सभी धर्मों के प्रमुखों एवं हस्तियों के खिलाफ अपमानजनक टिप्पणियों पर रोक लगेगी। विधेयक लाकर कानून बनाने की मांग प्रकाश अंबेडकर के नेतृत्व वाले वंचित बहुजन अघाड़ी (वीबीए) और रजा अकेडमी एवं तहफ्फुज-नमूस-ए-रिसासत जैसे मुस्लिम धार्मिक समूहों ने की है।

'पैगंबर मोहम्मद बिल' के रूप में मशहूर हो रहा मसौदा विधेयक
टीओआई की रिपोर्ट के मुताबिक उर्दू प्रेस में यह प्रस्ताव 'पैगंबर मोहम्मद बिल' के नाम से मशहूर हो रहा है। हालांकि इस बिल का मसौदा 'पैगंबर मोहम्मद एंड अदर रिलिजियस हेड्स प्रॉहिबिशन ऑफ स्लैंडर एक्ट, 2021' के रूप में तैयार किया गया है। इसे मसौदा विधेयक को अभी सरकार को सौंपा जाना है। ऑल इंडिया सुन्नी जमीयतुल उलेमा के अध्यक्ष एवं रिसालत बोर्ड के प्रमुख मौलाना मोईन अशरफ कादरी ने कहा, 'यह हमारा सुझाव है।'    

हम कठोर कानून चाहते हैं-मुस्लिम संगठन
मौलाना ने आगे कहा, 'सरकार चाहे तो इस मसौदा विधेयक को कोई और नाम दे सकती है। हमारी मांग है कि पवित्र पैगंबर साहब का अपमान और ईशनिंदा करने वालों के खिलाफ कार्रवाई के लिए एक कठोर कानून मौजूद हो। यह कानून किसी भी धर्म के प्रमुखों एवं देवी-देवताओं के अपमान पर कार्रवाई करने वाला हो। इस तरह का अपराध करने वालों के खिलाफ जो मौजूदा कानून हैं वे अपर्याप्त एवं कमजोर हैं, इसलिए सांप्रदायिक हिंसा की घटनाएं होती हैं।'

अबु आजमी ने कहा-सभी धर्मों के लोग बिल का करें समर्थन
इस प्रस्तावित विधेयक के बारे में समाजवादी पार्टी (सपा) के नेता अबु आजमी ने कहा कि यह विधेयक काफी महत्वपूर्ण है क्योंकि जो कोई भी हमारे पैगंबर साहब के खिलाफ अपमानजनक बातें कहेगा उसे सजा मिलेगी।  उन्होंने कहा, 'सलमान रूश्दी जैसे लोग जो घृणा फैलाते हैं, उनके खिलाफ कार्रवाई होनी चाहिए। यह विधेयक केवल मुस्लिमों के लिए नहीं बल्कि सभी धर्मों के लिए होना चाहिए ताकि कोई भी गांधी जी, विवेकानंद के खिलाफ गलत बातें न करे।' सपा नेता ने कहा कि सभी धर्मों के लोगों को इस विधेयक का समर्थन करना चाहिए।  

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