Talibani in Nagpur: नागपुर में 10 साल से रह रहा था तालिबानी लड़ाका, एलएमजी के साथ फोटो वायरल !

  • Authored by: टाइम्स नाउ नवभारत डिजिटल
  • Updated Aug 20, 2021, 05:38 PM IST

दरअसल सोशल मीडिया में तालिबान के एक लड़ाके की एक तस्वीर तेजी से वायरल हो रही है ,यह तस्वीर नूर मोहम्मद उर्फ़ अब्दुल हक जो तालिबानी संगठनों से जुड़ा हुआ है यह उसकी तस्वीर है।

नई दिल्ली। आज देश-विदेश की नजर अफगानिस्तान पर तालिबान के कब्जे पर टिकी हुई है,हर कोई देश वहां की लगातार गतिविधियों पर नजर बनाए हैं,जिस तरह से तालिबानियों ने अफगानिस्तान में बर्बरता शुरू की है उसके वीडियो तेजी से वायरल हो रहे है,तालिबानियों के जिन लड़ाकों की वजह से अफगानिस्तान में कब्ज़ा किया गया है ऐसे ही एक लड़ाके का नागपुर कनेक्शन भी है ये लड़ाका नागपुर में पिछले 10 सालो से रह रहा था ,और नागपुर पुलिस ने इसे गिरफ्तार भी किया था लेकिन इसे 23 जून 2021 को अफगानिस्तान डिपोर्ट कर दिया गया।

सोशल मीडिया पर वायरल हुई तस्वीर
दरअसल सोशल मीडिया में तालिबान के एक लड़ाके की एक तस्वीर तेजी से वायरल हो रही है ,यह तस्वीर नूर मोहम्मद उर्फ़ अब्दुल हक जो तालिबानी संगठनों से जुड़ा हुआ है यह उसकी तस्वीर है, नागपुर के कई लोगो और संगठनो द्वारा की गयी शिकायत के बाद नूर मोहम्मद को नागपुर पुलिस ने 16 जून 2021 को गिरफ्तार किया गया था ,पुलिस ने अपनी जांच की ,जांच में पाया कि नूर मोहम्मद के शरीर में बंदूक के कई निशान है, उसके पास से कई वीडियो भी तालिबानी संगठन के पुलिस ने प्राप्त किए ,आतंकवादी गतिविधियों में लिप्त होने की जानकारी  भी पुलिस के सामने आई थी।


नूर मोहम्मद को किया गया था डिपोर्ट

कई दिनों की जांच के बाद नागपुर पुलिस ने 23 जून 2021 को  नूर मोहम्मद उर्फ़ अब्दुल हक कोअफगानिस्तान के दूतावास से संपर्क कर डिपोर्ट कर दिया था लेकिन लगभग 2 महीने के बाद जो तस्वीर सामने आई है ,उससे नूर मोहम्मद उर्फ़ अब्दुल हक जो कि तालिबानी संगठनों से ताल्लुक रखता है उसका असली चेहरा सामने आ गया है ,इस तस्वीर में उसके हाथ में एलएमजी मशीन गन है साथ में ही उसकी कई बुलेट भी है जो इस तस्वीर में तालिबानी लड़ाके से कम नजर नहीं आ रहा,साथ ही नूर मोहमद का एक वीडियो भी सामने आया है जिसमें वह हाथ में खंजर लेकर अफगानी भाषा में धमका रहा है।


खुफिया विभाग को दी गई जानकारी
इस फोटो के वायरल होने के बाद केंद्रीय सुरक्षा एजेंसी ने नागपुर पुलिस, उसके खुफिया विभाग को इसकी जानकारी दी है और जवाब मांगा है हालांकि पुलिस इसकी जानकारी होने से साफ मना कर रही है लेकिन नागपुर पुलिस के मुखिया पुलिस आयुक्त अमितेश कुमार ने कहा है कि यह बात सच है कि हमने नूर मोहम्मद नाम के शख्स को गिरफ्तार किया था वह पिछले 10 वर्षों से नागपुर में बिना सही दस्तावेज के रह रहा था ,हमने जानकारी ली और उसके बाद नियम के तहत उसे अफगानिस्तान दूतावास की मदद से डिपोर्ट कर दिया ,उसके बाद वह क्या कर रहा है इसके बारे में हमारे पास अधिकृत जानकारी नहीं है ,ये वही शख्स है ये भी बता पाना मुश्किल है।

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