Pakistan Occupied Kashmir: विदेश मंत्री एस जयशंकर ने कहा कि पीओके भारत का हिस्सा है और देश की हर राजनीतिक पार्टी उसकी वापसी सुनिश्चित करने के लिए प्रतिबद्ध है। यह वास्तव में हमारी राष्ट्रीय प्रतिबद्धता है। उन्होंने कहा कि मोदी सरकार पीओके को भारत में वापस लाने के लिए प्रतिबद्ध। जयशंकर ने कहा कि आज देशवासियों के मन में POK का मुद्दा भी आ गया है। यदि आपके विचारों में आ गया है तो बाकी चीजें निश्चित रूप से किसी न किसी बिंदु पर पूरी होंगी।
पीओके कभी भी नहीं होगा भारत से बाहर- जयशंकर
जयशंकर ने कहा कि पीओके में बिगड़ती आर्थिक स्थिति को लेकर राजनीतिक और मानवाधिकार संगठनों ने लंबा मार्च निकाला है। साथ ही 11 मई को पीओके के मुजफ्फराबाद में धरने का आह्वान भी किया है। यूनाइटेड कश्मीर पीपुल्स नेशनल पार्टी (UKPNP) और ज्वाइंट अवामी एक्शन कमेटी (JAAC) ने संयुक्त बयान में घोषणा की है कि गंभीर बेरोजगारी, गेहूं और आटे पर सब्सिडी रद करने सहित अन्य मुद्दों को इस धरने में उठाया जाएगा।
बता दें कि इससे पहले रविवार को विदेश मंत्री ने घोषणा की थी कि पीओके कभी भी भारत से बाहर नहीं होगा। ओडिशा में एक कार्यक्रम में एक सवाल का जवाब देते हुए जयशंकर ने कहा था कि पीओके कभी भी इस देश से बाहर नहीं रहा है। यह इस देश का हिस्सा है। संसद का एक प्रस्ताव है कि पीओके पूरी तरह से भारत का हिस्सा है।
पीओके खुद भारत में आ मिलेगा- राजनाथ सिंह
आपको बता दें कि विदेश मंत्री दिल्ली विश्वविद्यालय के गार्गी कॉलेज में छात्रों को संबोधित कर रहे थे। इस दौरान उन्होंने बताया कि कैसे मोदी सरकार ने भारतीय संविधान के अनुच्छेद 370 को खत्म कर दिया, जबकि लोगों ने बिल्कुल अलग-अलग धारणाएं बना रखी थी। बता दें, इससे पहले रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह ने भी पीओके पर बयान देते हुए कहा था कि वहां हमें कुछ करने की जरूरत नहीं है और वो खुद भारत में आ मिलेगा। उन्होंने कहा कि पीओके के लोग अब उब चुके हैं और वहां से भारत में आना चाहते हैं।
