सूरत शहर पुलिस की प्रिवेंशन ऑफ क्राइम ब्रांच (PCB) ने हत्या के एक मामले में पिछले 26 साल से फरार चल रहे आरोपी को महाराष्ट्र के नासिक ग्रामीण इलाके से गिरफ्तार किया है। आरोपी की पहचान 62 वर्षीय उमेश गोपाल मानकर के रूप में हुई है। वह पांडेसरा पुलिस स्टेशन में वर्ष 2000 में दर्ज हत्या के मामले में वांछित था।
पुलिस के मुताबिक, PCB के PI आर.एस. सुवेरा के निर्देश पर सूरत शहर और अन्य जिलों के अलग-अलग पुलिस थानों में हत्या, लूट, डकैती, दुष्कर्म और धोखाधड़ी जैसे गंभीर अपराधों में फरार आरोपियों की जानकारी जुटाई जा रही थी। लंबे समय से फरार आरोपियों के मूल निवास, रिश्तेदारों और संभावित ठिकानों की जानकारी का विश्लेषण कर उनकी गिरफ्तारी के लिए अलग-अलग टीमें बनाई गई थीं।
इसी दौरान PCB के हेड कांस्टेबल अशोकभाई लुणी को सूचना मिली कि पांडेसरा पुलिस स्टेशन में दर्ज हत्या के मामले का आरोपी उमेश गोपाल मानकर महाराष्ट्र के नासिक ग्रामीण क्षेत्र के साईंखेड़ा स्थित गंगानगर में रह रहा है। पुलिस ने सूचना की पुष्टि करने के बाद वरिष्ठ अधिकारियों से लिखित मंजूरी ली और ASI दिलीपसिंह केसरीसिंह तथा हेड कांस्टेबल अशोकभाई लुणी की टीम को उसे पकड़ने के लिए रवाना किया।
पुलिस टीम ने आरोपी को गंगानगर में लालाभाई के ईंट भट्ठे के पास से गिरफ्तार कर लिया। आरोपी का मूल निवास मध्य प्रदेश के खरगोन जिले में बलहवाड़ा पोस्ट के अंतर्गत निमरानी बताया गया है।
मजदूरी के दौरान विवाद में हत्या का आरोप
पुलिस के अनुसार, पूछताछ में आरोपी ने बताया कि वर्ष 2000 में वह सूरत के पांडेसरा इलाके में हमाली का काम करता था। इसी दौरान दत्तू मालजी पाटील नाम के व्यक्ति के साथ उसका विवाद हो गया। आरोप है कि झगड़े के दौरान उसने लकड़ी के डंडे से हमला किया, जिससे दत्तू मालजी पाटील की मौत हो गई। पुलिस का कहना है कि इस मामले में गिरफ्तारी से बचने के लिए आरोपी मध्य प्रदेश के बड़वानी, उज्जैन और इंदौर सहित महाराष्ट्र के नासिक में अलग-अलग जगहों पर रहा और छोटे-मोटे काम करता रहा। वह पुलिस से बचने के लिए मोबाइल फोन का इस्तेमाल नहीं करता था और अपने मूल गांव भी नहीं जाता था।तीन साल तक रिश्तेदारों पर रखी नजर
PCB के मुताबिक, आरोपी के परिवार में उसकी दो बहनें ही हैं। आरोपी तक पहुंचने के लिए पुलिस ने उसकी दोनों बहनों और भांजों से जुड़े सुरागों पर करीब तीन साल तक तकनीकी निगरानी और मुखबिरों के जरिए जानकारी जुटाई। इसी प्रयास के बाद पुलिस को आरोपी के वर्तमान ठिकाने का पता चला और उसे गिरफ्तार कर लिया गया।
आरोपी के खिलाफ कानूनी कार्रवाई की जा रही है। आगे की जांच के लिए उसे पांडेसरा पुलिस स्टेशन को सौंपने की प्रक्रिया शुरू की गई है। पुलिस के अनुसार, PCB ने पिछले साढ़े तीन वर्षों में गंभीर अपराधों में 10 साल से अधिक समय से फरार कुल 58 आरोपियों को गिरफ्तार किया है।
