Manmohan Singh Retires: पूर्व प्रधानमंत्री मनमोहन सिंह राज्यसभा से रिटायर हो गए हैं। उनके रिटायर होने पर कांग्रेस अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खरगे ने उन्हें पत्र लिखा है। इस पत्र में देश के लिए पूर्व पीएम के योगदानों को याद करते हुए खरगे ने कहा कि सिंह के रिटायर होने के साथ ही 'एक युग का अंत' हो गया। खरगे ने कहा कि सिंह मध्यम वर्ग एवं युवा वर्ग की आकांक्षाओं के 'हीरो बने' रहेंगे। मनमोहन सिंह का राज्यसभा के सदस्य के तौर पर कार्यकाल बुधवार को पूरा हो रहा है।
आपके मंत्रिमंडल का हिस्सा बनना सौभाग्य की बात
खरगे ने कहा, 'तीन दशकों से अधिक समय तक सेवा करने के बाद एक युग का अंत हो गया। बहुत कम लोग कह सकते हैं कि उन्होंने आपसे अधिक समर्पण और अधिक निष्ठा से हमारे देश की सेवा की है। बहुत कम लोगों ने देश और उसके लोगों के लिए आपके जितना काम किया है।' उनका कहना है, 'आपके मंत्रिमंडल का हिस्सा बनना मेरे लिए व्यक्तिगत रूप से सौभाग्य की बात थी। पिछले 10 वर्षों में, जबकि मैं लोकसभा और राज्यसभा में कांग्रेस पार्टी का नेता रहा, आप हमेशा मेरे लिए ज्ञान का स्रोत और ऐसे व्यक्ति रहे जिनकी सलाह को मैने महत्व दिया।'
आर्थिक नीतियों से आगे बढ़ा देश
खरगे ने कहा, 'पिछले कुछ वर्षों में आपने व्यक्तिगत असुविधाओं के बावजूद कांग्रेस पार्टी के लिए उपलब्ध रहना सुनिश्चित किया है। इसके लिए पार्टी और मैं सदैव आभारी रहेंगे।' पत्र में उन्होंने लिखा, 'आपने दिखाया है कि ऐसी आर्थिक नीतियों को आगे बढ़ाना संभव है जो बड़े उद्योगों, युवा उद्यमियों, छोटे व्यवसायों, वेतनभोगी वर्ग और गरीबों के लिए समान रूप से फायदेमंद हों। यह आप ही थे जिन्होंने दिखाया कि गरीब भी देश के विकास में भाग ले सकते हैं और गरीबी से बाहर निकल सकते हैं।'
खरगे ने मनरेगा का जिक्र किया
कांग्रेस अध्यक्ष के अनुसार, मनमोहन सिंह की नीतियों की बदौलत उनके प्रधानमंत्री रहते हुए भारत 27 करोड़ लोगों को गरीबी से बाहर निकालने में सक्षम रहा। खरगे ने पूर्व प्रधानमंत्री से कहा, "आपकी सरकार में शुरू की गई मनरेगा योजना ने संकट के समय में ग्रामीण श्रमिकों को राहत प्रदान की है। देश और विशेष रूप से ग्रामीण गरीब आपको इस बात के लिए हमेशा याद रखेंगे कि वे इस योजना के माध्यम से जीविकोपार्जन कर सकें और आत्म-सम्मान के साथ जी सकें।" उन्होंने कहा, "कांग्रेस पार्टी की देशभक्ति की विरासत और उसके त्याग की भावना का आपने बखूबी प्रदर्शन किया जब आपने भारत-अमेरिका परमाणु समझौते को आगे बढ़ाने का फैसला किया...। यह एक ऐतिहासिक क्षण था जब आपने भारत को दुनिया में उसका उचित स्थान दिलाने में नेतृत्व किया और एक समझौता न करने वाले वार्ताकार के रूप में अपनी ताकत दिखाई।"
... तो पूरी दुनिया उन्हें सुनती है
उन्होंने कहा, "मुझे याद है कि उस वक्त के अमेरिकी राष्ट्रपति बराक ओबामा ने आपके बारे में कहा था कि "जब भी भारतीय प्रधानमंत्री बोलते हैं, तो पूरी दुनिया उन्हें सुनती है।" ये केवल कुछ उदाहरण हैं जिनका मैं राष्ट्र के प्रति आपके अनेक योगदानों में से उल्लेख कर रहा हूं।" खरगे ने कहा, "राष्ट्र उस गरिमा को याद करता है जो आपने प्रधानमंत्री के पद पर स्थापित की। संसद को अब आपके ज्ञान और अनुभव की कमी खलेगी। आपके मर्यादित, नपे-तुले, मृदुभाषी लेकिन राजनेता जैसे शब्द झूठ से भरी उन तेज़ आवाज़ों के विपरीत हैं जो वर्तमान राजनीति का संकेत देते हैं। वर्तमान राजनीतिक स्थिति ऐसी है कि बेईमानी की तुलना चतुर नेतृत्व से की जाने लगी है।"
