Jharkhand students Protest: झारखंड सरकार ने भर्ती परीक्षाओं में कथित अनियमितताओं को लेकर चल रहे छात्र आंदोलन के बीच बड़ा फैसला लिया है। मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन ने टीडीपीएल द्वारा प्रकाशित रिजल्ट और टीडीपीएल की ओर से जो भी अभ्यर्थी चुने गए हैं या शामिल हुए हैं या टीडीपीएल के जितने भी गतिविधियां यहां हुई हैं उन सभी को रद्द कर दिया है।
सरकार के इस फैसले के बाद जयपाल सिंह मुंडा स्टेडियम में प्रदर्शन कर रहे छात्रों में जश्न का माहौल है। अनशन और धरने पर बैठे छात्रों ने एक-दूसरे को मिठाई खिलाकर इस जीत का स्वागत किया। अभ्यर्थियों का कहना है कि यह उनकी अटूट एकजुटता और न्याय की मांग का ही नतीजा है। प्रदर्शन स्थल पर छात्र जश्न मना रहे हैं। सरकार के इस फैसले के बाद कई छात्र भावुक हो उठे।
इस मौके पर अभिजीत दिपके ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स पर पोस्ट करते हुए लिखा, “झारखंड के सभी छात्रों और इस लड़ाई का नेतृत्व करने वाले सभी लोगों, खासकर देवेंद्र नाथ महतो भाई को बधाई। आपकी लड़ाई देशभर के कई और छात्रों को प्रेरित करेगी।”
सरकार के फैसले पर देवेंद्र महतो ने क्या कहा?
वहीं, 16 दिन से भूख हड़ताल पर बैठे छात्र नेता देवेंद्र नाथ महतो ने ऐलान किया कि वो अनशन तोड़ रहे हैं। उन्होंने कहा,"हम इस आंदोलन में सहयोग और समर्थन देने के लिए सभी छात्रों, अभिभावकों, मीडियाकर्मियों, पुलिस प्रशासन और विशेष रूप से झारखंड सरकार और मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन को हार्दिक धन्यवाद देते हैं।"
उन्होंने आगे कहा,"छात्रों के मुद्दों को गंभीरता से लेने और हमारी मांगों को पूरा करने के लिए हम आभार व्यक्त करते हैं; सबसे महत्वपूर्ण बात यह है कि जांच पूरी लगन से की जा रही है और इसमें शामिल प्रत्येक भ्रष्ट व्यक्ति को गिरफ्तार किया जा रहा है। इन गिरोहों के असली सरगनाओं तक पहुंचने के लिए पुलिस बल ठोस प्रयास कर रहा है।"
हमारी मांगें पूरी हो गई हैं, लेकिन हम अभी पूरी तरह संतुष्ट नहीं हैं, क्योंकि अभी लंबी लड़ाई बाकी है। फिर भी, हम अपनी मांगों को पूरा करने के लिए सरकार के प्रति आभार और कृतज्ञता व्यक्त करते हैं। हम मीडिया, पुलिस, प्रशासन, छात्रों और अभिभावकों सहित अपने सभी मित्रों को भी धन्यवाद देते हैं। हालांकि, संपूर्ण शिक्षा प्रणाली में सुधार के लिए हमारा संघर्ष जारी रहेगा। भविष्य की रणनीति के बारे में हम इस मामले पर विचार-विमर्श करने के बाद घोषणा करेंगे।"
सीबीआई जांच अभी तक पूरी नहीं हुई
छात्र नेता रविंद्र पासवान ने कहा, "मैं सभी के प्रति हार्दिक आभार व्यक्त करना चाहता हूं। मैं उन सभी का धन्यवाद करना चाहता हूं जो हमारे साथ खड़े रहे। हम पूर्ण विजय प्राप्त होने तक नहीं रुकेंगे। हमारी सभी मांगें अभी तक पूरी नहीं हुई हैं। परीक्षा रद्द करने की हमारी मांग पूरी हो गई है, लेकिन सीबीआई जांच अभी तक पूरी नहीं हुई है। जब तक यह मांग पूरी नहीं हो जाती, हम यहां से नहीं हटेंगे..."
'संघर्ष जारी रहेगा, सीबीआई जांच अभी लंबित'
जेएसएससी-सीजीएल परीक्षा और टीडीपीएल की ओर से आयोजित सभी परीक्षाओं को रद्द करने की घोषणा पर छात्र नेता पीयूष कुमार ने कहा, "यह तो बस पहला कदम है। '11वीं से 13वीं' कक्षा के मुद्दे पर हमारी मांग अभी भी कायम है; हम इस पर फैसले का इंतजार कर रहे हैं। हम बैठकर इस आंदोलन के लिए आगे की रणनीति तय करेंगे। हमारी मांगें अभी पूरी तरह से पूरी नहीं हुई हैं; यह तो बस पहला कदम और पहला जश्न है, अभी बहुत कुछ होना बाकी है। संघर्ष जारी रहेगा; हम कहीं नहीं जा रहे। सीबीआई जांच अभी लंबित है, और '11वीं से 13वीं' कक्षा के फैसले को पलटना बाकी है। हम बैठकर विस्तृत विश्लेषण करेंगे और फिर आपसे विस्तार से बात करेंगे कि कौन सी मांगें अभी भी लंबित हैं। हम कहीं नहीं जा रहे।"
SSC CGL की परीक्षा भी रद्द
साथ ही उन्होंने कहा कि राज्य मंत्रिमंडल ने झारखंड कर्मचारी चयन आयोग (JSSC) की संयुक्त स्नातक स्तरीय यानी CGL परीक्षा रद्द करने का फैसला किया है। इसके साथ ही वर्ष 2014 से अब तक भर्ती परीक्षाओं में हुई कथित छोटी-बड़ी सभी गड़बड़ियों की व्यापक जांच कराई जाएगी। हम लोग रिटायर्ड जज की अध्यक्षता में संपूर्ण जांच कराएंगे।
TDPL से जुड़े सभी चीजें रद्द करने का फैसला
मुख्यमंत्री सोरेन ने कहा कि सरकार ने मामले के सभी पहलुओं पर विचार करने के बाद TDPL से जुड़े सभी कार्यों को रद्द करने का फैसला किया है। इसमें कंपनी द्वारा आयोजित परीक्षाएं, जारी किए गए परिणाम, चयनित अभ्यर्थियों और अन्य सभी गतिविधियों से जुड़े मामले शामिल हैं।
