Rahul Gandhi: वार्षिक कानूनी सम्मेलन- 2025 में लोकसभा नेता प्रतिपक्ष और कांग्रेस सांसद राहुल गांधी ने एक बार फिर भारत के चुनाव आयोग पर निशाना साधा है। जानकारी के मुताबिक, राहुल गांधी ने ईसी को आड़े हाथों लेते हुए कहा कि मैंने पहले कुछ नहीं कहा क्योंकि मेरे पास सबूत नहीं थे। फिर महाराष्ट्र चुनाव हुए। आम चुनावों में हमें सीटें मिलीं, लेकिन विधानसभा चुनावों में स्थिति अलग थी। इन दोनों चुनावों के बीच 1 करोड़ नए मतदाता सामने आए। इनमें से ज़्यादातर वोट भाजपा को मिले। यह साफ तौर पर हुई धोखाधड़ी है। मेरे सहयोगी कहते हैं कि हमें लगता है कि धोखाधड़ी हुई है, लेकिन हमारे पास सबूत नहीं हैं। अब मैं कह सकता हूं क्योंकि मेरे पास सबूत हैं। लगातार काम करने में 6 महीने लग गए क्योंकि चुनाव आयोग ने हमें इलेक्ट्रॉनिक मतदाता सूची नहीं दी। जो दस्तावेज उन्होंने हमें दिए, उन्हें स्कैन नहीं किया जा सकता। चुनाव आयोग के स्कैन ने मतदाता सूची को सुरक्षित क्यों रखा? ये आंकड़े सचमुच परमाणु बम जैसे हैं। भारत में चुनाव प्रणाली पहले ही खत्म हो चुकी है। राहुल गांधी ने कहा कि मैंने बोला है कि वोट चोरी हो रही है। अब हमारे पास एकदम पुख्ता सबूत हैं कि निर्वाचन आयोग वोट चोरी में शामिल है। मैं हल्के-फुल्के अंदाज में नहीं बोल रहा हूं, मैं 100 प्रतिशत सबूत के साथ बोल रहा हूं।
दिलीप जायसवाल ने राहुल गांधी के बयान को बताया आधारहीन
इस बीच, बिहार भाजपा के प्रदेश अध्यक्ष दिलीप जायसवाल ने लोकसभा में नेता प्रतिपक्ष और कांग्रेस सांसद राहुल गांधी के एटम बम वाले बयान को आधारहीन बताया है। इसके साथ ही उन्होंने बिहार एसआईआर प्रक्रिया को भी पारदर्शी करार दिया। राहुल गांधी के इस बयान पर दिलीप जायसवाल ने कहा कि कोई भी बयान देने से पहले सबूत पेश करना जरूरी है। शनिवार को आईएएनएस से बातचीत के दौरान दिलीप जायसवाल ने स्पष्ट किया कि एसआईआर प्रक्रिया के तहत सुप्रीम कोर्ट ने भी कहा है कि मृत व्यक्तियों के नाम मतदाता सूची से हटाए जाने चाहिए। साथ ही, यदि किसी का नाम दो जगह दर्ज है, तो उसे एक जगह से हटाया जाना ही है। कोर्ट ने यह भी व्यवस्था दी है कि जिनके नाम गलती से कट गए, उन्हें दावा-आपत्ति दर्ज करने के लिए एक महीने का समय दिया गया है। जायसवाल ने आगे कहा कि राहुल गांधी का दावा कि उनके पास कोई सबूत है जिससे चुनाव आयोग की स्थिति प्रभावित होगी, बिना सबूत के आधारहीन है। उन्होंने कहा कि एसआईआर प्रक्रिया पारदर्शी है और इसका उद्देश्य मतदाता सूची को शुद्ध करना है, ताकि मृत, दोहरे पंजीकरण, या गलत पते वाले मतदाताओं के नाम हटाए जा सकें।
जायसवाल ने विपक्ष पर बेवजह हंगामा करने का आरोप लगाया और कहा कि यदि कोई वास्तविक समस्या है, तो उसे चुनाव आयोग के समक्ष उठाया जा सकता है। दिलीप जायसवाल ने बताया कि 8 अगस्त को केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह सीतामढ़ी के पुनौरा धाम पहुंचेंगे, जहां वे बिहार के मुख्यमंत्री नीतीश कुमार के साथ माता सीता को समर्पित एक भव्य मंदिर का शिलान्यास करेंगे। यह मंदिर माता सीता के जन्मस्थान पर बनाया जाएगा, जिसे अयोध्या के राम मंदिर की तर्ज पर विकसित करने की योजना है। जायसवाल ने इसे ऐतिहासिक कार्य बताते हुए कहा कि यह परियोजना मिथिला क्षेत्र की सांस्कृतिक और धार्मिक विरासत को और समृद्ध करेगी।
