..तो क्या असम की तरह ही दो बच्चों की नीति पर चलेगी उत्तर प्रदेश की योगी सरकार!

यूपी में भी टु चाइल्ड पॉलिसी के लिए मसौदा तैयार किया जाएगा यूपी राज्य कानून आयोग के चेयरमैन ने राज्य की बढ़ती आबादी पर चिंता व्यक्त करते हुए कहा कि राज्य विधि आयोग की ओर से कानून का मसौदा बनाना शुरू कर दिया गया

two chilld policy
दो बच्चा नीति (प्रतीकात्मक फोटो) 

मुख्य बातें

  • यह नियम उत्तर प्रदेश में भी जल्द लागू किया जा सकता है
  • राज्य विधि आयोग ने प्रदेश में जनसंख्या कंट्रोल के लिए कानून का मसौदा तैयार करना शुरू कर दिया
  • विभिन्न बिंदुओं पर विचार के आधार पर प्रतिवेदन तैयार किया जाएगा

Two children law in UP असम के मुख्यमंत्री हेमंत बिस्वा सरमा ने हाल ही में एक बड़ा बयान दिया था उन्होंने कहा था कि राज्य में दो से अधिक बच्चों के माता-पिता को सरकारी योजनाओं के लाभ से वंचित रखा जा सकता है। उन्होंने साफ किया कि सरकार 'दो बच्चों की नीति' को चरणबद्ध तरीके से लागू करेगी और राज्य सरकार की योजनाओं का लाभ लेने में इसे लागू किया जाएगा। वहीं इसी तर्ज पर कहा जा रहा है कि यूपी में भी ऐसा ही किया जा सकता है।

उत्तर प्रदेश सरकार अब प्रदेशवासियों पर जनसंख्या नियंत्रण के कानून का फॉर्मूला लागू करने की तैयारी में जुट गई है कहा जा रहा है कि राज्य में 2 से अधिक बच्चों वाले माता-पिता को कानून लागू होने के बाद कई दिक्कतों का सामना करना पड़ सकता है।

बताते हैं यह नियम उत्तर प्रदेश में भी जल्द लागू किया जा सकता है, राज्य विधि आयोग ने उत्तर प्रदेश में जनसंख्या कंट्रोल के लिए कानून का मसौदा तैयार करना शुरू कर दिया है, उत्तर प्रदेश विधि आयोग फिलहाल राजस्थान व मध्य प्रदेश समेत कुछ अन्य राज्यों में लागू कानूनों के साथ सामाजिक परिस्थितियों व अन्य बिदुओं पर अध्ययन कर रहा है।

कानून का मसौदा बनाना शुरू कर दिया गया है

राज्य विधि आयोग की ओर से कानून का मसौदा बनाना शुरू कर दिया गया है कई अहम विषयों पर चिंतन करने के बाद जल्द ही आयोग अपने प्रतिवेदन तैयार कर राज्य सरकार के आगे प्रस्तुत करेगा, इस कानून का मसौदा तैयार होने से पहले ही इसे एक धर्म विशेष के लिए तैयार किए जाने का दावा किया जा रहा है, जिसे आयोग ने पूरी तरह से खारिज किया है।

विभिन्न बिंदुओं पर विचार के आधार पर प्रतिवेदन तैयार किया जाएगा

विधि आयोग के अध्यक्ष आदित्यनाथ मित्तल ने कहा कि जनसंख्या एक विस्फोटक चरण के करीब है बढ़ती हुई जनसंख्या के चलते अन्य मुद्दे भी पैदा हो रहे हैं अस्पताल, खाद्यान्न, घर या रोजगार से संबंधित समस्याओं का सामना यूपी के लोगों को करना पड़ रहा है। आयोग के अध्यक्ष का कहना है कि जनसंख्या नियंत्रण को लेकर असम, राजस्थान व मध्य प्रदेश में लागू कानूनों का अध्ययन शुरू कर किया गया है। बेरोजगारी व भुखमरी समेत अन्य पहलुओं को ध्यान में रखकर विभिन्न बिंदुओं पर विचार के आधार पर प्रतिवेदन तैयार किया जाएगा।


 

India News in Hindi (इंडिया न्यूज़), Times now के हिंदी न्यूज़ वेबसाइट -Times Network Hindi पर। साथ ही और भी Hindi News (हिंदी समाचार) के अपडेट के लिए हमें गूगल न्यूज़ पर फॉलो करें.

Times now
Mirror Now
ET Now
zoom Live
Live TV
अगली खबर