Cyclone Amphan: PM मोदी बोले- बंगाल को खड़ा करने में हम पूरा साथ देंगे, 1000 करोड़ रु. की मदद दी

  • Authored by: टाइम्स नाउ नवभारत डिजिटल
  • Updated May 22, 2020, 01:30 PM IST

Relief of West Bengal: एरियल सर्वे के बाद पीएम ने कहा कि इस आपदा में जिन लोगों ने अपने परिजनों को खोया है, उनके साथ हमारी संवेदनाएं हैं। चक्रवात से राज्य को काफी क्षति पहुंची है।

Cyclone Amphan: PM मोदी बोले- बंगाल को खड़ा करने में हम पूरा साथ देंगे, 1000 करोड़ रु. की मदद दी
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कोलकाता : प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने पश्चिम बंगाल में चक्रवात अम्फान द्वारा मचाई गई भीषण तबाही का जायजा लेने के लिए शुक्रवार को हवाई सर्वे किया। इस मौके पर उनके साथ हेलिकॉप्टर में राज्य की मुख्यमंत्री ममता बनर्जी भी मौजूद थीं। चक्रवात अम्फान से राज्य में बड़ी संख्या में तबाही मची है। इस आपदा की चपेट में आने से राज्य में कम से कम 80 लोगों की मौत हुई है और हजारों की संख्या में लोग विस्थापित हुए हैं। चक्रवात से बड़े पैमाने पर हुए नुकसान से उबरने के लिए ममता बनर्जी ने केंद्र सरकार से मदद मांगी है। ममता के अनुरोध पर पीएम मोदी शुक्रवार सुबह कोलकाता पहुंचे और उन्होंने तूफान से प्रभावित इलाकों का हवाई सर्वे किया। 

एरियल सर्वे के बाद पीएम ने कहा कि इस आपदा में जिन लोगों ने अपने परिजनों को खोया है, उनके साथ हमारी संवेदनाएं हैं। चक्रवात से राज्य को काफी क्षति पहुंची है। पीएम ने कहा कि पश्चिम बंगाल को अभी फिलहाल एक हजार करोड़ रुपए की मदद दी जाएगी। पीएम ने चक्रवात में जान गंवाने वाले लोगों के परिजनों को केंद्र की तरफ से दो लाख रुपए और घायलों को 50 हजार रुपए की आर्थिक मदद दिए जाने की घोषणा की।

नुकसान का जायजा लेने पश्चिम बंगाल जाएगी केंद्रीय टीम
पीएम ने कहा कि चक्रवात से नुकसान का जायजा लेने और एक विस्तृत सर्वे करने के लिए केंद्र से एक टीम पश्चिम बंगाल आएगी। यह टीम पुनर्वास एवं पुनर्निमाण के सभी पहलुओं को देखेगी। हम चाहते हैं कि राज्य इस संकट से बाहर निकले। पीएम ने कहा, 'संकट की इस घड़ी में केंद्र पश्चिम बंगाल के साथ कंधे से कंधा मिलाकर खड़ा है। हम बंगाल को दोबारा खड़ा करने में पूरी मदद करेंगे।' 

पीएम ने राज्यपाय, सीएम के साथ बैठक की
पीएम मोदी ने बशीरहाट में राज्यपाल जगदीप धनखड़, मुख्यमंत्री ममता और राज्य के अधिकारियों के साथ तूफान के प्रभावों की समीक्षा की। चक्रवाती तूफान के विध्वंस का पता इसी बात से लगाया जा सकता है कि राज्य में इससे 44 लाख लोग प्रभावित हुए हैं। करीब 1000 मोबाइल टॉवर क्षतिग्रस्त हुए हैं। बिजली के खंभे जमीन से उखड़ गए हैं। राज्य के कई इलाकों में बुधवार शाम से बिजली की आपूर्ति बाधित है।

संकट से उबरने में राज्य को समय लगेगा
एक व्यक्ति ने बताया कि चक्रवात की वजह से सड़कों पर पेड़ गिर गए हैं जिसकी वजह से गाड़ियां निकल नहीं पा रही हैं। इंटरनेट बंद हो गया है। राज्य में नुकसान बहुत व्यापक हुआ है। जाहिर है कि तूफान से राज्य को जिस बड़े पैमाने पर क्षति पहुुंची है उससे उबरने और जनजीवन पूरी तरह बहाल होने में समय लगेगा। तूफान से उत्तर और दक्षिण परगना जिलों में सर्वाधिक नुकसान हुआ है। हजारों की संख्या में लोग विस्थापित हुए हैं।

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