Bharat Bandh: भारत में महाबंद, जानें क्या बंद और क्या रहेगा खुला

  • Authored by: टाइम्स नाउ नवभारत डिजिटल
  • Updated Dec 8, 2020, 05:24 AM IST

आज भारत बंद है जिसका सबसे ज्यादा असर दिल्ली एवं राष्ट्रीय राजधानी क्षेत्र में देखने को मिलेगा। दिल्ली-एनसीआर में कई ऑटो एवं टैक्सी संघों ने आज के बंद को अपना समर्थन दिया है।

Bharat Bandh: भारत में महाबंद, जानें क्या बंद और क्या रहेगा खुला
Photo Credit: PTI

नई दिल्ली : आज भारत बंद है। नए कृषि कानूनों के खिलाफ किसान संगठन मंगलवार को देशव्यापी 'भारत बंद' कर रहे हैं। किसान संगठनों का कहना है कि यह बंद शांतिपूर्ण रहेगा और राज्यों में किसानों के समर्थन को देखते हुए इसके सफल होने की उम्मीद है। किसानों के प्रदर्शन को देखते हुए मंललवार को दिल्ली में सभी मंडिया बंद रहेंगी। किसान संगठनों का कहना है कि बंद के दौरान चक्का जाम शाम तीन बजे तक रहेगा। वहीं, किसानों के देशव्यापी बंद को देखते हुए केंद्र एवं राज्य सरकारों ने सुरक्षा की व्यापक तैयारी की है। इस बीच हरियाणा के किसान संगठन सोमवार को कृषि मंत्री नरेंद्र सिंह तोमर से मिले और कृषि कानूनों को वापस नहीं लेने की अपील की।

केंद्र सरकार ने सभी राज्यों एवं केंद्र शासित प्रदेशों के लिए एडवाइजरी जारी की है। ऑल इंडिया मोटर ट्रांसपोर्ट कांग्रेस ने किसानों के समर्थन में चक्का जाम करने का फैसला किया है। परिवहन संघ, ट्रक यूनियन, टेंपो यूनियन सभी ने बंद को सफल बनाने का फैसला किया है। आइए एक नजर डालते हैं मंगलवार को होने वाले 'भारत बंद' के बारे में-

11 राजनीतिक दलों ने 'भारत बंद' को समर्थन दिया
कांग्रेस, राकांपा, समाजवादी पार्टी, डीएमके, वाम मोर्चा सहित 11 राजनीतिक दलों  ने किसानों के इस 'भारत बंद' को समर्थन दिया है। बसपा, शिवसेना, आम आदमी पार्टी भी इस समर्थन के साथ हैं। हालांकि, पश्चिम बंगाल की मुख्यमंत्री ममता बनर्जी ने कहा है कि वह किसानों के साथ खड़ी हैं लेकिन अपने यहां 'भारत बंद' को लागू नहीं करेंगी। टीएमसी सामसद सौगत राय ने कहा कि बंद पार्टी के सिद्धांतों के विपरीत है।

कृषि कानूनों को वापस लेने की मांग 
सरकार द्वारा लाए गए नए कृषि कानूनों के खिलाफ किसान प्रदर्शन कर रहे हैं। किसानों की मांग है कि ये कानून आने वाले समय में एमएसपी आधारित मंडियों को खत्म कर देंगे। किसान इन कानूनों को पूरी तरह से वापस लेने की मांग को लेकर पिछले कुछ दिनों से दिल्ली बॉर्डर पर आंदोलन कर रहे हैं। पंजाब एवं हरियाणा के किसानों के समर्थन में अब देश भर के किसान आ गए हैं। सरकार के साथ किसानों के प्रतिनिधिमंडलों के साथ वार्ता भी चल रही है। सोमवार को किसानों का आंदोलन 12वें दिन में प्रवेश कर गया।

Farmer protest

दिल्ली-एनसीआर में हो सकता है ज्यादा असर 
समझा जाता है कि भारत बंद का सबसे ज्यादा असर दिल्ली एवं राष्ट्रीय राजधानी क्षेत्र में देखने को मिलेगा। दिल्ली-एनसीआर में कई ऑटो एवं टैक्सी संघों ने मंगलवार के बंद को अपना समर्थन दिया है। इन सेवाओं के बंद होने से आम लोगों को परेशानी का सामना करना पड़ सकता है। इसके अलावा कई बैंक यूनियनों ने किसानों के साथ अपना एकजुटता जाहिर की है। ऐसे में बैंकिंग सेवाएं भी प्रभावित हो सकती हैं। दिल्ली में कल सभी मंडियां बंद रहेंगी। इस दिन राजधानी में ट्रक एवं हल्के माल वाहक वाहनों के प्रवेश की अनुमति नहीं दी सकती है। ऐसे में दिल्ली में दूध, सब्जी आदि की आपूर्ति प्रभावित हो सकती है। 

ये सेवाओं नहीं होंगी बंद
'भारत बंद' के बावजूद दिल्ली में आपात सेवाएं, अस्पतालों के ओपीडी, अस्पताल, दवाई की दुकानें खुले रहेंगे। जरूरी एवं आपात सेवाओं पर कोई रोक नहीं होगी। मुंबई में बेस्ट की सेवाएं चलेंगी और बंद का हिस्सा नहीं होगी। मुंबई पुलिस के पीआरओ का कहना है कि कल के बंद को देखते हुए सुरक्षा कड़ी कर दी गई है। किसी अवांछित घटना को रोकने के लिए पुलिस लगातार गश्त पर रहेगी। उन्होंने लोगों से शांतिपूर्ण प्रदर्शन करने की अपील की है।

दिल्ली यातायात पुलिस ने जारी की है एडवाइजरी
दिल्ली पुलिस ने प्रदर्शनकारियों से आम लोगों के जनजीवन को बाधित न करने की अपील की है। आठ दिसंबर के भारत बंद को देखते हुए दिल्ली यातायात पुलिस ने वाहनों के सामान्य संचालन के लिए एडवाइजरी जारी की है। दिल्ली में टिकरी, झारोडा बॉर्डर यातायात के लिए पूरी तरह से बंद  रहेंगे। बदूसराय बॉर्डर हल्के वाहनों (कार, टू ह्वीलर्स) के लिए खुला रहेगा। झटिकारा बॉर्डर केवल दोपहिया वाहनों के लिए खुला रहेगा।

Delhi Border

दिल्ली के ये बॉर्डर खुले रहेंगे
हरियाणा में ढांसा, दौराला, कापसहेड़ा, राजोकरी एनएच-8, बिजवासन/बजघेड़ा, पालम विहार और दुंडाहेड़ा बॉर्डर खुले रहेंगे। टिकरी, झरोडा बॉर्डर किसी भी तरह के यातायात के लिए बंद रहेंगे। बडूसराय बॉर्डर कार, टू ह्वीलर्स जैसे हल्के वाहनों के लिए खुले रहेंगे। 

विकास के लिए सुधार जरूरी-पीएम
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने सोमवार को कहा कि विकास के लिए सुधार जरूरी हैं और पिछली शताब्दी के कुछ कानून अब बोझ बन गए हैं। वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के जरिए आगरा मेट्रो रेल परियोजना की शुरुआत करते हुए पीएम ने कहा कि सरकार द्वारा शुरू किए गए विकास के कार्यों का असर चुनाव नतीजों में दिख रहा है। पीएम ने कहा कि हम पिछली शताब्दी के कानूनों के अधार पर हम नई शताब्दी का निर्माण नहीं कर सकते। सुधार समय की जरूरत हैं। 

राज्यों एवं केंद्रशासित प्रदेशों को एडवाइजरी जारी
किसानों के मंगलवार के 'भारत बंद' को देखते हुए केंद्र सरकार ने सभी राज्यों  एवं केंद्रशासित प्रदेशों के लिए एडवाइजरी जारी की है। केंद्र ने राज्यों से अपने यहां सुरक्षा व्यवस्था कड़ी रखने की सलाह दी है। अपनी एडवाइजरी में गृह मंत्रालय ने राज्यों एवं केंद्रशासित प्रदेशों से कोविड-19 के प्रोटोकॉल का पालन सुनिश्चित कराने के लिए कहा है। सरकार ने कहा कि बंद के दौरान सोशल डिस्टैंसिंग सहित अन्य उपायों का पालन सख्ती से होना चाहिए। 

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