हैदराबाद: ग्रेटर हैदराबाद नगर निगम चुनाव के अंतिम नतीजे आ चुके हैं। इस नतीजे की खास बात यह है कि ओवैसी के गढ़ में उनका तिलिस्म टूटता नजर आ रहा है। ये बात अलग है कि उन्होंने दिलचस्प सफाई दी है, मसलन पिछली दफा उनकी पार्टी ने 44 सीटें जीती थीं और इस दफा भी सीटों का आंकड़ा 44 है लिहाजा उनको किसी तरह का नुकसान नहीं है।
इस बार स्ट्राइक रेट 44/51 की
असदुद्दीन ओवैसी ने कहा कि बड़ी बात यह है कि पिछली दफा एआईएमआईएम ने 60 सीटों पर किस्मत आजमाई थी और 44 सीटें हासिल की। इस दफा पार्टी सिर्फ 51 सीटों पर चुनाव लड़ी और 44 सीटों पर जीत दर्ज की। सिकंदराबाद में 12 सीटों पर चुनाव लड़े और 9 पर जीत हासिल की। जहां तक बीजेपी की जीत का सवाल है यह उनकी कामयाबी है। लेकिन तेलंगाना की जनता बीजेपी की जीत के कारवां को और आगे नहीं बढ़ने देगी।
ओल्ड सिटी ने सर्जिकल स्ट्राइक को नकारा
ओवैसी ने बीजेपी के सर्जिकल स्ट्राइक वाले बयान पर कहा कि ओल्ड सिटी के मतदाताओं ने संघ पर डेमोक्रेटिक स्ट्राइक किया है। बीजेपी की तुष्टीकरण की राजनीति को जनता ने नकारा है। इसके साथ ही उन्होंने आगे की योजना के बारे में कहा कि उनकी पार्टी पश्चिम बंगाल और तमिलनाडु में भी किस्मत आजमाएगी।
पिछले चुनाव में किसे कितनी सीट मिली थी
अगर पिछले चुनाव के नतीजों को देखें तो टीआरएस के खाते में 99 सीट, एआईएमआईएम के खाते में 44 सीट और बीजेपी के खाते में 4 सीटें गईं थी। इन नतीजों का महत्व इसलिए अधिक है क्योंकि जीएचएमसी का फैलाव चार जिलों में हैं और लोकसभा की पांच सीटों के साथ विधानसभा की 24 सीटें आती हैं। चुनावी नतीजों पर टिप्पणी करते हुए गृहराज्यमंत्री जी किशन रेड्डी ने कहा कि यह बीजेपी के लिए आगे का मार्ग प्रशस्त करेगा। इसके साथ ही टीआरएस के के टी रामाराव ने कहा कि यद्यपि हम बड़ी पार्टी के तौर पर उभरे हैं। लेकिन हमें आत्मचिंतन करना होगा।

