चित्तौड़गढ़ : जिले के प्रसिद्ध श्री सांवलिया सेठ मंदिर में श्रावण मास के दौरान श्रद्धालुओं की ओर से चढ़ाए गए दान की भंडार गणना पूरी हो गई है। इस बार मंदिर को भंडार और भेंटकक्ष से अथाह धन राशि के साथ साथ 133 किलो से ज्यादा चांदी और 1.38 किलो से ज्यादा सोना प्राप्त हुआ है।
श्री सांवलिया सेठ मंदिर मंडल के अध्यक्ष हजारी दास वैष्णव ने बताया कि 11 अगस्त 2026 को शुरू हुई भंडार दानपेटी की गणना के छठे चरण के साथ आज समापन हुआ। श्रावण मास में भगवान सांवलिया सेठ के दरबार में श्रद्धालुओं की आस्था इस कदर उमड़ी कि दानराशि के साथ बड़ी मात्रा में सोना-चांदी भी प्राप्त हुआ है। इसे श्रद्धालुओं की आस्था की सोने-चांदी की बरसात के रूप में देखा जा रहा है। भंडार गणना और अन्य माध्यमों से प्राप्त राशि को मिलाकर मंदिर को कुल 35 करोड़ 66 लाख 64 हजार 428 रुपये की राशि प्राप्त हुई है।
दानपेटी से मिली इतनी धनराशि
भंडार दानपेटी से कुल 27 करोड़ 89 लाख 54 हजार 347 रुपये की दानराशि प्राप्त हुई है। वहीं भंडार गणना में 1 किलो 38 ग्राम 300 मिलीग्राम सोना और 133 किलो 653 ग्राम चांदी प्राप्त हुई है। इसके अलावा मनीऑर्डर, ऑनलाइन माध्यम और भेंट के जरिए मंदिर को 7 करोड़ 77 लाख 10 हजार 81 रुपये प्राप्त हुए हैं।
श्रावण मास के पवित्र अवसर पर सांवलिया सेठ के दरबार में श्रद्धालुओं की ओर से दिल खोलकर किए गए दान ने एक बार फिर मंदिर की लोकप्रियता और भगवान के प्रति आस्था का प्रमाण दिया है। भंडार गणना के दौरान बड़ी मात्रा में सोना-चांदी निकलना भी श्रद्धालुओं के बीच चर्चा का विषय बना हुआ है।
भंडार गणना के दौरान श्री सांवलिया जी मंदिर मंडल अध्यक्ष हजारी दास वैष्णव के साथ मंदिर मंडल सदस्य पवन तिवारी, मीठू लाल जाट, किशन लाल अहीर, राम लाल गुर्जर, हरिराम गाडरी, प्रशासनिक अधिकारी द्वितीय राजेंद्र सिंह , मंदिर एव संपदा अधिकारी भेरू गिरि गोस्वामी, स्टोर प्रभारी मनोहर लाल शर्मा, सहायक सुरक्षा प्रभारी बिहारी लाल गुर्जर, यशोदा विहार एव ब्रह्मभोज प्रभारी उदय नाथ, भोजनशाला प्रभारी भेरू लाल गुर्जर , सहायक केशियर जितेन्द्र त्रिपाठी आदि मंदिर के कर्मचारी एव बैंक कर्मचारी उपस्थित थे।
