Bakhtiyarpur Renaming Bihar News: बिहार में आरक्षण को लेकर जारी राजनीतिक बहस के बीच अब नाम बदलने को लेकर भी राजनीति गरमा गई है। बिहार सरकार के लघु जल संसाधन मंत्री संतोष सुमन ने बख्तियारपुर का नाम बदलकर ‘नीतीशपुर’ (Nitish Kumar) करने का प्रस्ताव रखा है। उनका कहना है कि यह वह जगह है, जहां मुख्यमंत्री नीतीश कुमार का जन्म हुआ और उनका शुरुआती जीवन बीता।
संतोष सुमन ने कहा कि नीतीश कुमार ने बिहार के विकास के लिए ऐसा काम किया है, जिसे आने वाली पीढ़ियां लंबे समय तक याद रखेंगी। ऐसे में उनके जन्मस्थान का नाम भी उनके नाम पर रखा जाना चाहिए।
नीतीश कुमार के कामों को याद किया जाएगा
बख्तियारपुर को ‘नीतीशपुर’ किए जाने के प्रस्ताव पर मंत्री संतोष सुमन ने कहा कि नीतीश कुमार ने बिहार के विकास के लिए उल्लेखनीय काम किया है। उन्होंने कहा कि मुख्यमंत्री के कार्यों को आने वाले समय में भी याद किया जाएगा।
मंत्री के मुताबिक, जहां नीतीश कुमार का जन्म हुआ और जहां उनका पालन-पोषण हुआ, उस स्थान का नाम उनके नाम पर करने की इच्छा है, ताकि लोग उन्हें और उनके काम को याद रखें।
आरक्षण विवाद के बीच आया प्रस्ताव
नाम बदलने का यह प्रस्ताव ऐसे समय पर आया है, जब बिहार की राजनीति में आरक्षण को लेकर बहस चल रही है। ऐसे में संतोष सुमन के बयान ने राज्य की सियासत में एक नया मुद्दा जोड़ दिया है।
बता दें कि बख्तियारपुर पटना जिले की सीमा से लगे इलाके के रूप में भी जाना जाता है और मुख्यमंत्री नीतीश कुमार की राजनीतिक एवं व्यक्तिगत पृष्ठभूमि से इसका विशेष संबंध रहा है। हालांकि, बख्तियारपुर का नाम आधिकारिक तौर पर बदलने के लिए सरकार की ओर से किसी तरह की कोई घोषणा नहीं की गई है। मंत्री का बयान फिलहाल एक प्रस्ताव के तौर पर सामने आया है।
संतोष सुमन की मांग को मिला मदन सहनी का समर्थन
बिहार सरकार में मंत्री मदन सहनी ने भी बख्तियारपुर का नाम बदलकर नीतीशपुर करने की मांग का किया समर्थन किया है। उन्होंने एक कदम आगे बढ़ते हुए कहा कि सिर्फ बख्तियारपुर ही नहीं, नालंदा जिले का भी नाम नीतीश कुमार के नाम पर किया जाना चाहिए। उन्होंने कहा कि नीतीश कुमार का बिहार के विकास और सामाजिक परिवर्तन में बड़ा योगदान है, अगर ऐसा होता है तो हम लोगों के लिए खुशी की बात होगी।
सहनी ने बड़ा दावा करते हुए कहा कि शराबबंदी महिलाओं, गरीबों और मजदूरों के लिए उस समय मुख्यमंत्री रहे नीतीश कुमार की ऐतिहासिक पहल थी। शराबबंदी के कारण समाज और परिवार में शांति आई है। उन्होंने कहा, शराबबंदी लागू है और आगे भी लागू रहेगी।
JDU नेता श्यामरजक ने रखी अलग राय
पूर्व मंत्री और जदयू के वरिष्ठ विधायक श्यामरजक ने बख्तियारपुर का नाम बदलकर नीतीशपुर रखे जाने की मांग पर कहा कि नीतीश कुमार हमारे राष्ट्रीय नेता हैं, इसलिए इन सब चीजों में हमारी पार्टी का कोई विश्वास नहीं है।
