Indian Mission in Portugal: ऑपरेशन सिंदूर की कार्रवाई में पाकिस्तान को घुटनों पर लाने के बाद पाकिस्तानियों की हताशा विदेशों में भी दिखने लगी है। ऐसे ही एक मामले में पाकिस्तानी हुड़दंगियों ने पुर्तगाल में भारतीय दूतावात से बाहर हुड़दंग मचाना चाहा लेकिन सख्त कार्रवाई के चलते उनके मंसूबे अधूरे रह गए। पुर्तगाल स्थित भारतीय दूतावास ने लिस्पन में उसके चांसरी भवन (कार्यालय) के बाहर एक पाकिस्तानी समूह द्वारा विरोध प्रदर्शन किए जाने के मद्देनजर कहा है कि भारत हताशा में की गई उकसावे की कार्रवाई से डरने वाला नहीं है।
ऑपरेशन सिंदूर के साथ दृढ़ता से जवाब दिया
दूतावास ने रविवार को एक्स पर एक पोस्ट में कहा कि उसने कायरतापूर्ण विरोध प्रदर्शन का ऑपरेशन सिंदूर के साथ दृढ़ता से जवाब दिया। भारत ने 22 अप्रैल को पहलगाम में किए गए आतंकवादी हमले के जवाब में ऑपरेशन सिंदूर के तहत पाकिस्तान और उसके कब्जे वाले कश्मीर (पीओके) में आतंकवादी ढांचों पर सटीक हमले किए थे। पोस्ट में कहा गया है, पुर्तगाल में भारत के दूतावास ने हमारे कार्यालय के पास पाकिस्तान द्वारा आयोजित कायरतापूर्ण विरोध प्रदर्शन का ऑपरेशन सिंदूर के साथ दृढ़ता से जवाब दिया।
हमारा संकल्प अटल है...
इसने कहा, भारत हताशा में की गई इस तरह की उकसावे भरी कार्रवाई से नहीं डरेगा। हमारा संकल्प अटल है। पोस्ट में दूतावास की सुरक्षा सुनिश्चित करने में पुर्तगाल सरकार और पुलिस के सहयोग के लिए उनका आभार व्यक्त किया गया है। पुर्तगाल में भारत के राजदूत पुनीत कुंडल ने एक्स पर एक अन्य पोस्ट में कहा कि प्रदर्शनकारियों को हमारी ओर से मौन लेकिन मजबूत एवं दृढ़ संदेश मिला कि ऑपरेशन सिंदूर अभी खत्म नहीं हुआ है।
उन्होंने कहा, दूतावास के सभी अधिकारी इस दृष्टिकोण पर अडिग थे। ऑपरेशन सिंदूर के तहत भारत द्वारा सटीक हमले किए जाने के बाद पाकिस्तान ने 8, 9 और 10 मई को भारतीय सैन्य ठिकानों पर हमला करने का प्रयास किया था। ड्रोन और मिसाइल हमले चार दिनों तक जारी रहने के बाद भारत और पाकिस्तान में सैन्य कार्रवाई समाप्त करने को लेकर 10 मई को सहमति बनी।
