अमेरिकी राष्ट्रपति के निवास 'व्हाइट हाउस' के पास सोमवार दोपहर (स्थानीय समयानुसार) सीक्रेट सर्विस के एजेंटों और एक हथियारबंद संदिग्ध के बीच मुठभेड़ हो गई। इस घटना के बाद व्हाइट हाउस को एहतियात के तौर पर कुछ समय के लिए लॉकडाउन कर दिया गया। अधिकारियों के अनुसार, सीक्रेट सर्विस की जवाबी कार्रवाई में संदिग्ध को गोली लगी है, जिसे अस्पताल में भर्ती कराया गया है।
फायरिंग के बाद घटनास्थल पर पुलिस ने एरिया सील किया
संदिग्ध ने की एजेंटों पर फायरिंग
सीक्रेट सर्विस के डिप्टी डायरेक्टर मैट क्विन ने बताया कि घटना दोपहर करीब 3:30 बजे की है। व्हाइट हाउस परिसर के बाहरी घेरे में गश्त कर रहे सादे कपड़ों में तैनात एजेंटों ने एक "संदिग्ध व्यक्ति" को देखा, जिसके पास हथियार होने का आभास हुआ। जब वर्दीधारी अधिकारियों ने उसे रोकने की कोशिश की, तो वह पैदल भागने लगा और उसने अधिकारियों की दिशा में फायरिंग शुरू कर दी। जवाब में एजेंटों ने भी गोली चलाई, जिसमें संदिग्ध घायल हो गया।
एक बच्चा भी चपेट में आया
इस मुठभेड़ के दौरान वहां मौजूद एक किशोर भी गोली लगने से घायल हो गया। मैट क्विन के अनुसार, शुरुआती जांच से संकेत मिलता है कि बच्चे को लगी गोली संदिग्ध की बंदूक से चली थी। गनीमत रही कि बच्चे की चोट जानलेवा नहीं है और उसका इलाज चल रहा है। अधिकारियों ने संदिग्ध की वर्तमान स्थिति पर कोई टिप्पणी नहीं की है।
उपराष्ट्रपति का काफिला पास से ही गुजरा था
बता दें कि यह घटना व्हाइट हाउस से कुछ ही ब्लॉक दूर 15वें स्ट्रीट और इंडिपेंडेंस एवेन्यू के पास हुई। गौरतलब है कि गोलीबारी से कुछ ही देर पहले उपराष्ट्रपति जेडी वेंस का काफिला इसी इलाके से गुजरा था। हालांकि, अधिकारियों का कहना है कि अभी तक ऐसा कोई संकेत नहीं मिला है कि संदिग्ध का निशाना राष्ट्रपति, व्हाइट हाउस या उपराष्ट्रपति का काफिला था।
ट्रंप का सुरक्षा पर बयान
गोलीबारी के तुरंत बाद व्हाइट हाउस के नॉर्थ लॉन में मौजूद संवाददाताओं को अंदर जाने का आदेश दिया गया। हालांकि, कुछ ही मिनटों में लॉकडाउन हटा लिया गया और राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने ईस्ट रूम में अपना निर्धारित कार्यक्रम जारी रखा। ट्रंप ने सीधे तौर पर इस घटना का जिक्र नहीं किया, लेकिन अपने संबोधन में वॉशिंगटन डीसी की सुरक्षा की तारीफ करते हुए इसे "अमेरिका के सबसे सुरक्षित शहरों में से एक" बताया। घटनास्थल से एक हथियार बरामद कर लिया गया है और मेट्रोपॉलिटन पुलिस विभाग बल के प्रयोग की जांच करेगा। बता दें कि अप्रैल में व्हाइट हाउस कॉरेस्पोंडेंट्स एसोसिएशन डिनर के दौरान हुई सुरक्षा चूक के बाद से राजधानी में सुरक्षा व्यवस्था पहले से ही काफी कड़ी है।
