Middle East Crisis: संयुक्त अरब अमीरात (UAE) की तरफ ईरान द्वारा कथित रूप से बैलिस्टिक मिसाइलें दागे जाने के बाद मध्य पूर्व में तनाव एक बार फिर बढ़ गया है। इन हमलों के बाद जवाबी कार्रवाई करते हुए यूएई ने ईरान के साथ अपने सभी कारोबारी एवं वित्तीय गतिविधियां रोक दी हैं। यूएई के विदेश मंत्रालय की प्रवक्ता अफ्रा अल हामेली ने कहा कि 'क्षेत्रीय तनाव को देखते हुए अगले आदेश तक ईरान के साथ सभी कारोबारी, वाणिज्यिक एवं वित्तीय लेन-देन पर रोक लगाई जाती है।' हालांकि, ईरान ने यूएई के दावे को खारिज किया है।
ईरान ने हमले के दावे को खारिज किया
ईरान के विदेश मंत्रालय के प्रवक्ता इस्माइल बाघेई ने यूएई की तरफ मिसाइलें दागने के यूएई के दावे को खारिज किया। उन्होंने कहा कि यह आरोप अच्छे पड़ोसी होने की भावना के खिलाफ है। बाघेई ने कहा कि इससे भरोसा बहाली के कदमों को झटका लगता है। बता दें कि मिसाइल गिरने के बाद
UAE में हड़कंप मच गया। इसके बाद दुबई और शारजाह समेत कुछ इलाकों में लोगों के मोबाइल फोन पर इमरजेंसी अलर्ट भेजा गया और उन्हें तत्काल सुरक्षित स्थान पर जाने की सलाह दी गई।
क्षेत्रीय जलसीमा के भीतर गिरी मिसाइल
UAE के रक्षा मंत्रालय ने इस हमले के बारे में विस्तार से जानकारी दी। उन्होंने बताया कि पहली मिसाइल देश की क्षेत्रीय जलसीमा के बाहर गिरी,जबकि दूसरी मिसाइल UAE की क्षेत्रीय जलसीमा के भीतर जा गिरी। इस हमले के बाद यूएई ने सख्त रुख अपनाया है। यूएई के रक्षा मंत्रालय ने साफ कहा कि उसकी वायु रक्षा प्रणालियां किसी भी संभावित खतरे से निपटने के लिए तैयार हैं।
दुबई और शारजाह में जारी हुआ अलर्ट
वहीं, मिसाइल खतरे का पता चलने के बाद UAE ने तुरंत लोगों के लिए अलर्ट जारी किया। अलर्ट की आवाजें दुबई और शारजाह में भी सुनी गईं। इस दौरान गृह मंत्रालय ने लोगों से नजदीकी सुरक्षित इमारत में तुरंत शरण लेने और केवल आधिकारिक माध्यमों से मिलने वाली जानकारी पर भरोसा करने को कहा। हालांकि कुछ ही समय बाद अधिकारियों की ओर से दूसरा संदेश जारी कर बताया गया कि स्थिति सुरक्षित है और लोग सामान्य गतिविधियां शुरू कर सकते हैं। मंगलवार का यह अलर्ट पिछले कई महीनों में UAE में जारी किए गए सबसे महत्वपूर्ण मिसाइल चेतावनियों में से एक था।
