Balochistan Train Blast: पाकिस्तान का बलूचिस्तान प्रांत रविवार सुबह एक भीषण बम धमाके से दहल उठा। प्रांतीय राजधानी क्वेटा में 'क्वेटा-चमन फाटक' (रेलवे क्रॉसिंग) के पास ईद की छुट्टियों के लिए जा रहे सुरक्षाकर्मियों से भरी शटल ट्रेन को निशाना बनाकर आत्मघाती कार बम हमला किया गया। इस दिल दहला देने वाले आतंकी हमले में कम से कम 24 लोगों की मौत हो गई है, जबकि 70 से अधिक लोग गंभीर रूप से घायल हुए हैं।धमाका इतना भीषण था कि उसकी गूंज दूर-दूर तक सुनी गई और विशेष ट्रेन की तीनों बोगियां पूरी तरह तबाह हो गईं।
क्वेटा में जवानों की ट्रेन को सूइसाइड बॉम्बर ने उड़ाया (AI Image)
ईद पर घर लौट रहे थे जवान
मिली जानकारी के अनुसार, निशाना बनाई गई यह विशेष ट्रेन क्वेटा कैंटोनमेंट के अंदर स्थित रेलवे स्टेशन से यात्रियों को लेकर शहर की तरफ आ रही थी। यह स्टेशन FC हॉस्पिटल और CMA क्वेटा के बीच स्थित है। नवंबर 2024 में क्वेटा के मुख्य रेलवे स्टेशन पर हुए भीषण हमले के बाद, सुरक्षा कारणों से पाकिस्तानी सेना और अर्धसैनिक बलों के जवानों को मुख्य स्टेशन के बजाय सीधे सैन्य छावनी के अंदर से ही ट्रेनों में बैठाया जा रहा था। यह ट्रेन आगामी ईद (बकरीद) की छुट्टियों पर अपने घर लौट रहे पाकिस्तानी सैन्यकर्मियों और उनके परिवारों को ले जा रही थी। शुरुआती जांच में सामने आया है कि ट्रेन को एक पैरामिलिट्री इंस्टॉलेशन के पास नई बोगियां जोड़ने के लिए रोका गया था, तभी रविवार सुबह करीब 8:00 बजे चमन फाटक के पास यह धमाका हो गया।
BLA के 'मजीद ब्रिगेड' ने ली जिम्मेदारी
इस घातक हमले के तुरंत बाद बलूचिस्तान के प्रतिबंधित और कुख्यात अलगाववादी संगठन बलूच लिबरेशन आर्मी (BLA) ने इस हमले की जिम्मेदारी ली है। बीएलए के प्रवक्ता जीयांद बलूच (Jeeyand Baloch) ने मीडिया को जारी किए गए प्रेस रिलीज में कहा, "आज सुबह, बलूच लिबरेशन आर्मी की फिदायीन शाखा 'मजीद ब्रिगेड' ने क्वेटा कैंट से कब्जे वाले बलों के कर्मियों को ले जा रही एक ट्रेन को एक संगठित फिदायीन हमले में निशाना बनाया है। BLA इस ऑपरेशन की पूरी जिम्मेदारी लेता है।"
मौत का आंकड़ा बढ़ने की आशंका
धमाके के बाद घटना स्थल पर भारी अफरा-तफरी मच गई। सूचना मिलते ही पाकिस्तानी सुरक्षा बल और एम्बुलेंस की टीमें मौके पर पहुंचीं। शवों और गंभीर रूप से घायल पीड़ितों को तुरंत क्वेटा के सिविल अस्पताल पहुंचाया गया। अस्पताल प्रशासन ने आपातकाल की घोषणा कर दी है और सभी डॉक्टरों को तैनात रहने को कहा है। ऐसी आशंका है कि मरने वालों का आधिकारिक आंकड़ा अभी और बढ़ सकता है।
