पाकिस्तान के अगले सेना प्रमुख की नियुक्ति का फैसला लंदन में किया जाएगा। पूर्व प्रधान मंत्री इमरान खान ने शुक्रवार को दावा किया कि प्रधान मंत्री शाहबाज़ शरीफ जो अपने बड़े भाई नवाज़ शरीफ़ से मिलने के लिए ब्रिटेन में हैं। इमरान खान का कहना है कि लंदन में एक तमाशा हो रहा है। ऐसा कहीं नहीं होता है। पाकिस्तान के प्रधानमंत्री शहबाज शरीफ लंदन में हैं। बैठक का उद्देश्य क्या है? पाकिस्तान सेना प्रमुख चुनने के फैसले पर बातचीत हो रही है।देश के अहम फैसले विदेशों में और पाकिस्तान को पिछले 30 साल से लूटने वालों द्वारा लिए गए हैं। इससे पहले पाकिस्तान तहरीक-ए-इंसाफ (पीटीआई) के प्रमुख ने कहा कि अगले सेना प्रमुख की नियुक्ति का मानदंड "योग्यता" पर आधारित होना चाहिए।
'जो योग्य हो उसे आर्मी चीफ बना दो'
जियो न्यूज के हवाले से पीटीआई के लॉन्ग मार्च के दौरान इमरान खान ने वीडियो लिंक के जरिए कहा कि जो भी योग्यता के लायक हो, उसे सेना प्रमुख नियुक्त किया जाना चाहिए।पीएमएल-एन सुप्रीमो नवाज से परामर्श करने के लिए पाकिस्तान के पीएम की आलोचना करते हुए, खान ने कहा कि वह लंदन में एक दोषी से मिलने के लिए चोरी के पैसे से बने घर गए थे। पुलिस मुठभेड़ों में सैकड़ों लोगों के मारे जाने में इस आदमी यानी नवाज के हाथ होने की जानकारी सामने आ रही है। वे अगले सेना प्रमुख के बारे में फैसला करने जा रहे हैं। विकसित देश में कोई भी इस तरह की कल्पना नहीं कर सकता है।
COP 27 तो सिर्फ बहाना
नवाज की वापसी की यह रिपोर्ट COP27 जलवायु सम्मेलन के लिए मिस्र की अपनी यात्रा के बाद पाकिस्तान के पीएम पीएमएल-एन सुप्रीमो से मिलने के लिए लंदन जाने के कुछ दिनों बाद आई है। बता दें कि इमरान खान ने लॉन्ग मार्च के दौरान अपने ऊपर हमले के लिए शरीफ भाइयों को भी जिम्मेदार ठहराया है। उन्होंने हमले के बाद कहा था कि वो इस तरह की धमकियों, चुनौतियों से डरने वाले नहीं हैं, उनकी लड़ाई पहले की तरह जारी रहेगी। पाकिस्तान को उन लोगों ने बर्बाद करने में कसर नहीं छोड़ी जिन पर पाकिस्तान को संवारने की जिम्मेदारी थी।
