माराडोना के निधन पर भावुक हुए कोहली और बाइचुंग भूटिया, इस तरह दी श्रद्धांजलि

Tribute to Diego Maradona: अर्जेंटीना के महान पूर्व फुटबॉलर डिएगो माराडोना के निधन से पूरा खेल जगत शोक में है। भारतीय कप्तान विराट कोहली और पूर्व भारतीय फुटबॉल कप्तान बाइचुंग भूटिया भी हुए भावुक।

Virat Kohli Diego Maradona Baichung Bhutia
विराट और भूटिया ने माराडोना को श्रद्धांजलि दी  |  तस्वीर साभार: Twitter

बुधवार को एक खबर ने सबको चौंका दिया। अर्जेंटीना के महान पूर्व फुटबॉलर और 1986 के फुटबॉल विश्व कप विजेता डिएगो माराडोना का निधन हो गया। वो 60 वर्ष के थे। अचानक उनके निधन की खबर आने के बाद पूरे खेल जगत में शोक की लहर दौड़ गई। दुनिया भर के दिग्गजों से श्रद्धांजलि संदेश आने लगे। अब भारतीय क्रिकेट टीम के कप्तान विराट कोहली और भारतीय फुटबॉल टीम के पूर्व कप्तान बाइचुंग भूटिया ने भी भावुक होते हुए महान माराडोना को श्रद्धांजलि दी है।

ऑस्ट्रेलिया में मौजूद टीम इंडिया के कप्तान विराट कोहली ने अर्जेन्टीना के महान फुटबॉल खिलाड़ी डिएगो मैराडोना को श्रद्धांजलि देते हुए कहा कि ‘हमने एक जीनियस खो दिया और उनकी कमी कभी पूरी नहीं जी जा सकती’। कोहली ने बीसीसीआई के ट्विटर हैंडल पर पोस्ट संदेश में कहा, ‘'यह फुटबॉल के लिए बेहद दुखद दिन है, यह खेलों के लिए बेहद दुखद है क्योंकि हमने एक जीनियस गंवा दिया है।’’

विराट ने आगे कहा, ‘‘हमने ऐसे व्यक्ति को गंवा दिया जिसने कई पीढ़ियों के लोगों को प्रेरित किया है और ये लोग सिर्फ खेल से नहीं जुड़े थे। उन्होंने लोगों के जीवन को भी प्रभावित किया। लोग उन्हें खेलते हुए देखकर मंत्रमुग्ध हो जाते थे और ऐसा कुछ ही लोगों को देखकर होता है और वे उनमें से एक थे। उन्होंने जो किया वह कोई जीनियस ही कर सकता है और इस कमी की भरपाई नहीं की जा सकती। फुटबॉल के कुछ महान खिलाड़ी पहले ही यह कह चुके हैं और मैं इससे पूरी तरह सहमत हूं।’’

भूटिया भी हुए भावुक

पूर्व भारतीय फुटबॉल कप्तान बाइचुंग भूटिया ने भी डिएगो माराडोना को श्रद्धांजलि दी। उन्होंने बताया कि करियर के विकल्प के रूप में इस ‘खूबसूरत खेल’ से जुड़ने के पीछे वो उनकी प्रेरणा थे। भूटिया ने कहा कि वह हमेशा से उनकी तरह ही फुटबॉल खेलना चाहते थे। भूटिया ने पीटीआई से कहा, ‘‘मैंने जब से फुटबॉल देखना शुरू किया तब से वह मेरे लिए सबसे प्रेरणादायी खिलाड़ियों में से एक थे। मैं उन्हें खेलते हुए देखकर बड़ा हुआ और उनके जैसा बनना चाहता था।’’

उन्होंने कहा, ‘‘सिर्फ उनके कारण ही मैं गीले और कीचड़ भरे मैदान में खेलने के लिए सुबह जल्दी उठ जाता था। मैं माराडोना से प्रेरित था क्योंकि मैं उनकी तरह खेलना चाहता था। निश्चित तौर पर मेरे करियर में उनका बड़ा असर रहा।’’

Times now
Mirror Now
ET Now
zoom Live
Live TV
अगली खबर