बैडमिंटन एशिया तकनीकी समिति ने ‘मानवीय गलती' के लिए पीवी सिंधू से माफी मांगी

  • Authored by: टाइम्स नाउ नवभारत डिजिटल
  • Updated Jul 5, 2022, 03:47 PM IST

BAC apologises to PV Sindhu: बीएसी के अध्यक्ष चिह शेन चेन ने दो बार की ओलंपिक पदक विजेता पीवी सिंधू से माफी मांगी है। बैडमिंटन एशिया चैंपियनशिप के महिला एकल सेमीफाइनल मैच के दौरान रेफरी द्वारा की गई ‘मानवीय गलती’ के लिए ये माफी मांगी गई है।

बैडमिंटन एशिया तकनीकी समिति ने ‘मानवीय गलती' के लिए पीवी सिंधू से माफी मांगी

बैडमिंटन एशिया (बीएसी) तकनीकी समिति के अध्यक्ष चिह शेन चेन ने दो बार की ओलंपिक पदक विजेता पीवी सिंधू से अप्रैल में बैडमिंटन एशिया चैंपियनशिप के महिला एकल सेमीफाइनल मैच के दौरान रेफरी द्वारा की गई ‘मानवीय गलती’ के लिए माफी मांगी है। जापान की अकाने यामागुची के खिलाफ सेमीफाइनल मैच के बीच में अंपायरों के ‘अनुचित’ फैसले के बाद सिंधू की आंखों में आंसू आ गये थे। इस फैसले के बाद सिंधू की लय गड़बड़ा गयी और उन्हें हार का सामना करने के बाद कांस्य पदक से संतोष करना पड़ा। सिंधू फिलहाल कुआलालंपुर में मलेशिया मास्टर्स सुपर 500 टूर्नामेंट में प्रतिस्पर्धा कर रही हैं।

अधिकारी ने सिंधू को लिखे पत्र में कहा, ‘‘दुर्भाग्य से, अब इस (तत्कालीन फैसले) में सुधार की कोई गुंजाइश नहीं है।  हमने हालांकि, इस मानवीय त्रुटि की पुनरावृत्ति से बचने के लिए आवश्यक कदम उठाए हैं।‘‘ उन्होंने लिखा, ‘‘आपको हुई असुविधा के लिए हम ईमानदारी से क्षमा चाहते हैं। हमारा मानना है कि यह खेल का हिस्सा है और इसे इसी रूप में स्वीकार किया जाना चाहिये।’’

यह घटना तब हुई थी जब सिंधू पहला गेम जीतने के बाद दूसरे गेम में 14-11 से आगे चल रही थी। इसके बाद अंपायर ने अधिक समय का ‘ब्रेक’ लेने के आरोप में सजा के तौर पर  विरोधी खिलाड़ी को एक अतिरिक्त अंक दे दिया। सिंधू ने इसके बाद अपनी लय गंवा दी और तीन गेम तक चले मुकाबले को 21-13 19-21 16-21 से हार गईं।

चेयर अंपायर द्वारा यामागुची को शटल सौंपने के लिए कहने के बाद भारतीय खिलाड़ी को मुख्य रेफरी के साथ बातचीत करते देखा गया था। लेकिन किसी ने उनकी बातों को तवज्जो नहीं दी। सिंधू ने उस समय कहा था, ‘‘अंपायर ने मुझसे कहा था कि आप बहुत समय ले रहे हैं लेकिन प्रतिद्वंद्वी खिलाड़ी उस समय तैयार नहीं थी। लेकिन अंपायर ने अचानक उसे अंक दे दिया और यह वास्तव में अनुचित था। मुझे लगता है कि उस मैच में मेरी हार का एक कारण यह भी था।’’

सिंधू विश्व बैडमिंटन महासंघ ((बीडब्ल्यूएफ) एथलीट आयोग की सदस्य हैं। उन्होंने  इस फैसले का विरोध करते हुए तुरंत विश्व निकाय और एशिया बैडमिंटन परिसंघ को एक पत्र लिखा था। सिंधू के पिता पीवी रमना ने उम्मीद जताई कि भविष्य में ऐसी घटनाएं नहीं होंगी। उन्होंने पीटीआई-भाषा से कहा, ‘‘मुझे खुशी है कि उन्होंने गलती स्वीकार कर ली। मैं विनम्रतापूर्वक अनुरोध करता हूं कि अगर ऐसी स्थिति फिर से पैदा होती है, तो रेफरी को कुछ समय लेना चाहिए और वीडियो रिकॉर्डिंग देखने के बाद उचित निर्णय लेना चाहिए।"

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