Makar Sankranti 2025 (मकर संक्रांति 2025 में): संक्रांति तिथि वो तिथि होती है जब ग्रहों के राजा सूर्य ग्रह अपनी राशि परिवर्तन करते हैं। जब सूर्य देवता मकर राशि में प्रवेश करते हैं तो मकर संक्रांति का पर्व मनाया जाता है। मकर संक्रांति का त्योहार पूरे देश में बहुत ही धूमधाम के साथ मनाया जाता है। ये पर्व पूरे देश में अलग- अलग तरीके से मनाया जाता है। इस गंगा स्नान और गुड़ तिल का दान करना बहुत ही शुभ माना जाता है। ये पर्व को लोग खिचड़ी पर्व के नाम से भी जानते हैं। मकर संक्रांति के दिन सूर्य उत्तरायण में होते हैं। ऐसे में आइए जानें साल 2025 में मकर संक्रांति कब मनाई जाएगी।
Makar Sankranti 2025 Date (साल 2025 में मकर संक्रांति कब)
साल 2025 में मकर संक्रांति का पर्व 15 जनवरी 2025 को मनाया जाएगा। इस दिन गंगा स्नान के साथ- साथ सूर्य देवता की उपासना करना शुभ माना गया है।
Makar Sankranti 2025 Shubh Muhurat (मकर संक्रांति शुभ मुहूर्त 2025)
इस दिन पुण्य काल सुबह 9 बजकर 3 मिनट से लेकर शाम के 5 बजकर 46 मिनट तक रहेगा। इस मुहूर्त में गंगा स्नान करना शुभ रहेगा। इस दिन महा पुण्य काल सुबह 9 बजकर 3 मिनट से लेक 10 बजकर 48 मिनट तक रहेगा।
Makar Sankranti Puja Vidhi (मकर संक्रांति पूजा विधि)
- मकर संक्रांति के दिन सुबह स्नान करें और सूर्य देवता का ध्यान लगाएं।
- उसके बाद सूर्य देवता जल में काले तिल डालकर जल अर्पित करें।
- फिर सूर्य देवता के मंत्रों का जाप करें और चालीसा का पाठ करें।
- स्नान पूजा के दान इस दिन काले तिल और मूंग दाल का दान करें।
- इसके साथ ही इस दिन क्षमतानुसार गर्म वस्त्रों का दान जरूर करें।
Makar Sankranti Significance (मकर संक्रांति महत्व)
हिंदू धर्म में मकर संक्रांति के त्योहार का खास महत्व है। मकर संक्रांति का त्योहार पूरे देश में बहुत ही उत्साह के साथ मनाया जाता है। दक्षिण भारत में मकर सक्रान्ति चार दिन मनाई जाती है। ये हर जगह पर अलग- अलग तरीके से मनाया जाता है। मकर संक्रांति का दिन बहुत ही शुभ होता है। इस दिन कोई भी शुभ काम करना शुभ रहता है। इस दिन कई जगहों पर मेले का आयोजन भी किया जाता है।
