सावन के अंतिम मंगलवार को हनुमानजी के इन मंत्रों का करें पाठ, शिवजी का भी मिलेगा आशीर्वाद

Bajrangi ka Bal, Hanuman ji Mantrंa: सावन में हनुमान पूजा से शिव भी प्रसन्न होते हैं क्योकि वह उनके ही अवतार माने गए हैं। मंगलवार को प्रभु के कुछ अत्यंत शक्तिशाली मंत्र जपने से आपके काम अतिशीघ्र हो जाएंगे।

Bajrangbali Powerful Mantra,बजरंगबली के शक्तिशाली मंत्र
Bajrangbali Powerful Mantra,बजरंगबली के शक्तिशाली मंत्र 

मुख्य बातें

  • सावन के आखिरी मंगलवार को करें हनुमान के शक्तिशाली मंत्र का जाप
  • हनुमान जी भगवान शंकर जी के 11 वें अवतार माने गए हैं
  • सावन में हनुमान पूजा से शिवजी भी प्रसन्न् होते हैं

बजरंगबली भगवान शिव के 11वें अवतार माने गए हैं। इसलिए सावन में उनकी पूजा से शिवजी भी प्रसन्न होते हैं और दोनों ही देवताओं का आशीवार्द जब एक साथ मिलता है तो इससे कोई भी काम अतिशीघ्र हो जाता है। भक्त की कामना पूर्ण होने के साथ उसके कष्ट भी दूर होते हैं। सावन मास के आखिरी मंगलवार पर आप भगवान हनुमान के कुछ शक्तिशाली मंत्रों का जाप जरूर करें, जिससे आपकी सभी समस्याएं दूर हो जाएं। ये मंत्र बेहद चमत्कारी तरीके से आपके संकट और कष्ट को दूर कर देंगे।

आप चाहें तो मंगलवार के दिन हनुमत कवच का जाप कर खुद और अपने परिवार की रक्षा कर सकते हैं। साथ ही इस मंत्र के जाप से भी आपको बहुत लाभ मिलेंगे। तो आइए जानें हनुमान कवच और मंत्र को जपने से मिलने वाले पुण्यलाभ के बारे में।

सीता जी ने खुद की रक्षा के लिए इस कवच मंत्र का किया था जाप

नाम पाहरू दिवस निसि ध्यान तुम्हार कपाट । लोचन निज पद जंत्रित जाहिं प्रान केहिं बाट ॥‘ नाम पाहरू दिवस निसि‘ ।।
सीता जी ने श्रीरामजी का इसी रक्षा कवच धारण कर लिया था। यदि आप भी किसी संकट या कष्ट से घिरे हैं तो अपनी रक्षा के लिए इस मंत्र का जाप करें। इस मंत्र का जाप हमेशा मानिसक रूप में करना चाहिए।

हनुमान कवच जपने का लाभ लाभ

इस कवच का जाप करने से भूत, प्रेत, बुरी आत्माओं  और शत्रुओं से बचाव होता है। जादू-टोना आदि से भी बचाव होता है। यदि कोई शोक, दुख और संकट आन पड़ा हो तो इस कवच का जाप आपके हर कष्ट को दूर कर सकता है। इसलिए सावन मास में इस कवच का जाप जरूर करना चाहिए।  

हनुमान जी के इस मूल मंत्र का जाप जरूर करें

श्री हनुमंते नम: ।। इस मंत्र का उच्चारण 108 बार रुद्राक्ष या तुलसी की माला के साथ करने से आपके बिगड़े काम भी बनेंगे और मनचाही इच्छा भी पूरी होगी। इस मंत्र के जाप के बाद हनुमानजी को चमेली के तेल में मिला सिंदूर चढ़ाएं और चमेली के तेल का दीप दिखाएं।

इन चमत्कारी मंत्र के जाप से मिलेगी कई कष्टों से मुक्ति

  1. यदि किसी अनचाहे भय, भूत- प्रेत, शत्रु से पीडित हैं तो हनुमान जी के इस बीज मंत्र का जाप यथा संभव करें: हं हनुमंते नम:।
  2. बाधा से मुक्ति के लिए इस मंत्र का जाप करें : हनुमन्नंजनी सुनो वायुपुत्र महाबल:. अकस्मादागतोत्पांत नाशयाशु नमोस्तुते।
  3. विवाद, मुकदमे या कलहर आदि से मुक्ति के लिए इस मंत्र का जाप करें : हं हनुमते रुद्रात्मकाय हुं फट्।
  4. मनोकामना पूर्ति के लिए इस मंत्र को जपें : महाबलाय वीराय चिरंजिवीन उद्दते. हारिणे वज्र देहाय चोलंग्घितमहाव्यये।
  5. कर्ज से मुक्ति और आर्थिक संकट दूर करने के लिए इस मंत्र को जपको जपें : ऊँ नमो हनुमते आवेशाय आवेशाय स्वाहा|
  6. रोग, शत्रु, विपदा या कष्ट मुक्ति के लिए इस मंत्र का पाठ करें : ऊँ नमो हनुमते रूद्रावताराय सर्वशत्रुसंहारणाय सर्वरोग हराय सर्ववशीकरणाय रामदूताय स्वहा।

हनुमान जी के ये मंत्र बेहद शक्तिशाली और चमत्कारिक माने गए हैं। इनका पाठ सावन में करने से दोगुना लाभ मिलता है। वैसे इसे हर शनिवार और मंगलवार को जरूर जपना चाहिए।

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