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महाराष्ट्र में एक होंगे शरद पवार और अजित पवार? भतीजे की पार्टी बोली- अगर चाचा की ओर से आगे प्रस्ताव तो करेंगे चर्चा

अजित पवार के पास आज की तारीख में असली एनसीपी है, जिसे कभी उनके चाचा शरद पवार ने खड़ा किया था। 2023 में अजित पवार, शरद पवार से अलग हो गए थे और महायुति सरकार में शामिल हो गए थे।

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शरद पवार और अजित पवार (फाइल फोटो)

Photo : PTI

महाराष्ट्र की राजनीति में रह-रहकर कर अटकलें लगती रहती हैं कि चाचा शरद पवार और भतीजे अजित पवार फिर से एक हो सकते हैं। अजीत पवार की पार्टी एनसीपी ने कहा है कि अगर शरद पवार की पार्टी की ओर से अगर विलय वाला प्रस्ताव मिलता है, तो उनकी पार्टी इसपर चर्चा करेगी।अविभाजित राकांपा जुलाई 2023 में उस समय दो गुटों में बंट गई थी, जब अजित पवार अपने कुछ वफादार विधायकों के साथ तत्कालीन मुख्यमंत्री एकनाथ शिंदे के नेतृत्व वाली महायुति सरकार में शामिल हो गए थे।

कहां से उठी विलय वाली हवा

अजित पवार के नेतृत्व वाली राष्ट्रवादी कांग्रेस पार्टी (राकांपा) ने बुधवार को कहा कि अगर शरद पवार नीत राकांपा (एसपी) विलय का प्रस्ताव पेश करती है तो पार्टी इस पर चर्चा करने के खिलाफ नहीं है। दोनों गुटों के फिर से एक होने की अटकलें उस समय जोर पकड़ने लगीं, जब शरद पवार ने कथित तौर पर कहा कि विलय के बारे में फैसला राकांपा (एसपी) की कार्यकारी अध्यक्ष सुप्रिया सुले और अजित पवार को करना है।

अजित पवार की पार्टी ने क्या कहा

राकांपा प्रवक्ता आनंद परांजपे ने संवाददाताओं से कहा कि मीडिया में आई खबरें महज अटकलें हैं। राकांपा (एसपी) किसी विलय प्रस्ताव के साथ सामने नहीं आई है। अगर हमें औपचारिक अनुरोध हासिल होता है, तो राकांपा नेता अजित पवार, प्रफुल्ल पटेल और सुनील तटकरे कोर कमेटी के नेताओं छगन भुजबल, दिलीप वाल्से पाटिल, हसन मुश्रीफ और धनंजय मुंडे के साथ इस पर चर्चा करेंगे। परांजपे ने इस बात पर जोर दिया कि राकांपा “ऐसी किसी भी पार्टी से हाथ मिलाने को तैयार है, जो अजित पवार के नेतृत्व को स्वीकार करे।”

शरद पवार की पार्टी ने क्या कहा

वहीं, राकांपा (शरदचंद्र पवार) के वरिष्ठ नेता अनिल देशमुख ने दोनों गुटों के संभावित विलय की अटकलों को खारिज करते हुए बुधवार को कहा कि उनकी पार्टी में ऐसी किसी भी चीज पर चर्चा नहीं हुई है। एक अन्य राकांपा (एसपी) ने कहा कि नियमित संगठनात्मक मुद्दों, खासकर स्थानीय निकाय चुनावों के बारे में चर्चा की गई। उन्होंने कहा, “वरिष्ठ नेता अंकुश काकड़े ने स्पष्ट किया कि उन्होंने शरद पवार को विलय के बारे में नहीं लिखा है (जैसा कि मीडिया के एक वर्ग ने बताया है)। काकड़े ने कहा कि उन्होंने केवल पुणे में पार्टियों की तथ्यात्मक स्थिति का जिक्र किया था।”

Shishupal Kumar
शिशुपाल कुमारauthor

शिशुपाल कुमार टाइम्स नाउ नवभारत डिजिटल के न्यूज डेस्क में कार्यरत एक अनुभवी पत्रकार हैं, जिन्हें 13 वर्षों का अनुभव हासिल है। राजनीतिक, अंतरराष्ट्रीय और क्राइम रिपोर्टिंग में गहरी रुचि और मजबूत पकड़ के साथ वे समाचारों की बारीकियों को समझने और उन्हें प्रभावशाली ढंग से प्रस्तुत करने के लिए जाने जाते हैं। शिशुपाल ने अपने करियर की शुरुआत एक इन्वेस्टिगेटिव जर्नलिस्ट के रूप में की, जहां उन्होंने प्रोडक्शन से लेकर ग्राउंड रिपोर्टिंग तक पत्रकारिता के कई महत्वपूर्ण पहलुओं में काम किया। फील्ड रिपोर्टिंग और डेस्क दोनों स्तरों पर उनकी दक्षता है। अब तक शिशुपाल कुमार 15,000 से अधिक खबरें प्रकाशित कर चुके हैं। वह ब्रेकिंग न्यूज, रियल-टाइम कवरेज, डेटा-आधारित विश्लेषण और एक्सप्लेनर लिखने में खास महारत रखते हैं। उनकी स्टोरीज तथ्यों की सटीकता और सहज भाषा की वजह से पाठकों पर मजबूत प्रभाव छोड़ती हैं।

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