PM Modi Speech: प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने स्वतंत्रता दिवस के मौके पर लाल किले से देश को संबोधित किया। इस दौरान उन्होंने लाल किले की प्राचीर से मणिपुर हिंसा का जिक्र किया। उन्होंने कहा, पिछले कुछ सप्ताह नॉर्थ ईस्ट में विशेषकर मणिपुर में हिंसा का दौर चला, जिस कारण कई लोगों को अपना जीवन खोना पड़ा। उन्होंने कहा, वहां मां-बेटियों के सम्मान के साथ खिलवाड़ हुआ है।
इस दौरान उन्होंने मणिपुर के लोगों ने शांति की अपील की। पीएम मोदी ने कहा, पिछले कुछ दिनों से वहां से लगातार शांति की खबरें आ रही हैं। पूरा देश मणिपुर के लोगों के साथ है। मणिपुर के लोगों ने पिछले कुछ दिनों से जो शांति बनाए रखी है, उस शांति के पर्व को बनाएं रखें। प्रधानमंत्री ने कहा, शांति से ही समाधान का रास्ता निकलेगा। राज्य व केंद्र की सरकारें मिलकर वहां समस्याओं के समाधान के लिए भरपूर प्रयास कर रही हैं और आगे भी करती रहेंगी।
छोटी घटनाएं बड़ी समस्याएं बन जाती हैं
इस दौरान प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने कहा, मेरे प्यारे परिवारजनों जब हम इतिहास की तरफ नजर करते हैं, तो कई ऐसे पल आते हैं जो अमिट छाप छोड़कर जाते हैं, जिसका प्रभाव सदियों तक रहता है। इस दौरान प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने प्राकृतिक आपदाओं का भी जिक्र किया। उन्होंने कहा, इस बार प्राकृतिक आपदा ने देश के अनेक हिस्सों में अकल्पनीय संकट पैदा किए। जिन परिवारों ने इस संकट को सहन किया है मैं उन सभी परिवारों के प्रति अपनी संवेदना प्रकट करता हूं। राज्य-केंद्र सरकार मिलकर उन सभी संकटों से मुक्त होकर तेजी से विकास की ओर आगे बढ़ेंगी, ये विश्वास दिलाता हूं।
विश्व को भारत के सामर्थ्य पर विश्वास
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने कहा, विश्वभर में भारत की चेतना के प्रति, भारत के सामर्थ्य के प्रति एक नया आकर्षण, एक नया विश्वास पैदा हुआ है। ये प्रकाशपुंज भारत से उठा है, जो विश्व अपने लिए ज्योति के रूप में देख रहा है।
