Kisan Andolan: न्यूनतम समर्थन मूल्य (MSP) की गारंटी की मांग कर रहे किसान 13 फरवरी से आंदोलन कर रहे हैं। किसान राजधानी में कूच के लिए अलग-अगल सीमाओं पर संघर्ष कर रहे हैं। अपने आंदोलन के समर्थन में कल यानी शुक्रवार को किसानों की ओर से भारत बंद भी बुलाया गया था, जिसका मिला-जुला असर देखने को मिला था। किसानों और सरकार के बीच दो बार बातचीत भी हो चुकी है, हालांकि, वार्ता बेनतीजा रही। अब तीसरे दौर की वार्ता रविवार को होनी है।
किसान आंदोलन सरवन सिंह पंढ़ेर
इससे पहले किसान नेता ओर आंदोलन को लीड कर रहे सरवन सिंह पंढ़ेर का बड़ा बयान सामने आया है। उन्होंने कहा है कि केंद्र को एमएसपी को कानूनी गारंटी देने के लिए अध्यादेश लाना चाहिए। उन्होंने कहा, हमें कल होने वाली बैठक से बड़ी उम्मीदें हैं अगर सरकार नहीं मानती हे तो दिल्ली कूच का फैसला कल होने वाली बैठक के बाद लिया जाएगा। बता दें, गुरुवार को हुई बातचीत के बाद किसानों ने तीन दिन के लिए दिल्ली कूच को रोक दिया था।
शंभू बॉर्डर पर किसान कर रहे तैयारी
इस बीच खबर है कि हरियाणा से जुड़े शंभू बॉर्डर पर सैकड़ों की संख्या में किसान जमे हुए हैं और नौजवान किसान दिल्ली कूच की तैयारी कर रहे हैं। अगर तीसरे दौरे की वार्ता में सरकार उनकी मांगे नहीं मानती है तो ये किसान दिल्ली की ओर से आगे बढ़ेंगे। दूसरी तरफ किसानों को रोकने के लिए शंभू बॉर्डर पर भारी पुलिसबल तैनात किया गया है। इससे पहले शंभू बॉर्डर पर एक 80 वर्षीय किसान की हार्ट अटैक और एक पुलिसकर्मी की मौत हो चुकी है।
भाजपा नेताओं के आवास के बाहर धरना देंगे किसान
इधर, भारती किसान यूनियन (एकता उगराहां) ने भाजपा नेताओं के आवास के बाहर धरना देने का ऐलान किया है। एमएसपी के लिए कानूनी गारंटी समेत अपनी विभिन्न मांगों को लेकर किसानों के विरोध प्रदर्शन के पांचवें दिन शनिवार को पंजाब में भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) के तीन वरिष्ठ नेताओं के आवासों के बाहर धरना देगी। पंजाब के पूर्व मुख्यमंत्री अमरिंदर सिंह, भाजपा की पंजाब इकाई के प्रमुख सुनील जाखड़ और वरिष्ठ नेता केवल सिंह ढिल्लों के आवासों के बाहर धरना देने के अलावा, यूनियन किसानों के दिल्ली चलो आह्वान को समर्थन देते हुए राज्य में टोल प्लाजा पर भी विरोध प्रदर्शन करेगी।
