मेरठ : गुजरात एटीएस ने बुधवार को ‘अल-कायदा इन द इंडियन सबकॉन्टिनेंट’ (एक्यूआईएस) से संबद्ध आतंकी मॉड्यूल का भंडाफोड़ करते हुए इससे जुड़े चार लोगों को गिरफ्तार किया था, जिसमें मेरठ का रहने वाला जीशान भी शामिल है। उसे भी आतंकी मॉड्यूल के आरोप में गिरफ्तार किया गया है। उसके पिता का कहना है कि उन्होंने उसके गलत कामों को देखते हुए एक साल पहले उसे बेदखल कर दिया था, अगर वह गलत कामों में लिप्त है तो उसे सजा मिले। इन सभी पर आतंकी संगठन की विचारधारा को बढ़ावा देने का आरोप है।
कहां का रहने वाला है आतंकी जीशान अली
जीशान अली मेरठ के किठौर थाना क्षेत्र के ललियाना गांव का रहने वाला है और नोएडा सेक्टर-63 में एक फैक्ट्री में काम करता था। बुधवार शाम एटीएस की टीम उसके गांव पहुंची और परिजनों से पूछताछ की।
क्या बोले जीशान के पिता?
जीशान के पिता आसिफ ने बताया कि उनका बेटा करीब एक साल से घर नहीं आया है। उसका चाल-चलन ठीक नहीं था, इसी वजह से उन्होंने उसे बेदखल कर दिया था। उन्होंने कहा, अगर उसने कुछ गलत किया है तो उसे सजा मिलनी चाहिए, हम उसके किसी भी गलत काम का समर्थन नहीं करते। परिजनों के मुताबिक, जीशान ने छठवीं कक्षा के बाद नोएडा के नवोदय विद्यालय में पढ़ाई की थी। वहीं रहते हुए वह गलत संगत में पड़ गया और मोबाइल गेम्स में उलझा रहता था। अक्सर पैसे की मांग करता था, जिससे तंग आकर परिवार ने उससे संबंध तोड़ लिए।
क्या करते थे ये आतंकी
ये चारों व्यक्ति सोशल मीडिया मंचों पर एक्यूआईएस के जिहादी प्रचार वीडियो सहित कट्टरपंथी और उकसावे वाली सामग्री साझा करने में शामिल थे, जिसका उद्देश्य सशस्त्र विद्रोह के माध्यम से देश में लोकतांत्रिक व्यवस्था को उखाड़ फेंकना और ‘शरिया कानून’ लागू करना था।
कौन हुए गिरफ्तार
गिरफ्तार किए गए लोगों की पहचान पुलिस ने दिल्ली निवासी मोहम्मद फाइक, नोएडा (उत्तर प्रदेश) निवासी जीशान अली, गुजरात के अरवल्ली जिले के निवासी सैफुल्ला कुरैशी और अहमदाबाद निवासी मोहम्मद फरदीन शेख के रूप में की है। वर्ष 2023 में, इस आतंकी संगठन से संबंध रखने के आरोप में अहमदाबाद के विभिन्न हिस्सों से चार बांग्लादेशी नागरिकों को गिरफ्तार किया गया था।
