PM Modi Gorakhpur visit : गोरखपुर में फर्टिलाइजर का उद्घाटन, PM बोले-लाल टोपी यूपी के लिए रेड अलर्ट
PM Narendra Modi UP's Gorakhpur visit: प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने मंगलवार को गोरखपुर में खाद कारखाने, एम्स और क्षेत्रीय मेडिकल रिसर्च केंद्र का उद्घाटन किया। 600 एकड़ में फैले खाद कारखाने (फर्टिलाइजर) का निर्माण 8603 करोड़ रुपए की लागत से किया गया है। जबकि एम्स गोरखपुर को 112 एकड़ में बनाया गया है। एम्स के निर्णाम में 1011 करोड़ रुपए की लागत आई है। इस मौके पर पीएम ने रैली को भी संबोधित किया और समाजवादी पार्टी पर निशाना साधा।
गोरखपुर का खाद कारखाना साल 1990 से बंद पड़ा था लेकिन सांसद के रूप में योगी आदित्यनाथ के अथक परिश्रम के बाद प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने 2016 में इसे दोबारा शुरू करने का फैसला किया। फर्टिलाइजर के दौबारा चालू हो जाने से इलाके के किसानों को पर्याप्त मात्रा में खाद उपलब्ध होगी। इस कारखाने से प्रतिदिन 3,850 मीट्रिक टन नीम कोटेड यूरिया एवं 2,200 मीट्रिक टन लिक्विड अमोनिया का उत्पादन होगा। साथ ही यह कारखाना करीब 20,000 लोगों को प्रत्यक्ष रोजगार देगा। वहीं, एम्स में 300 बेड्स की क्षमता होगी। इस अस्पताल में 14 मॉड्यूलर ऑफरेशन थियेटर का निर्माण किया गया है। यहां सीटी स्कैन, एमआरआई एवं अल्ट्रासाउंड जैसी आधुनिक चिकित्सा सुविधाएं उपलब्ध होंगी। यहां 125 सीटों पर एमबीबीएस की पढ़ाई भी होगी।
PM Narendra Modi UP's Gorakhpur visit Live Updates:
हम बड़े अस्पतालों को सुदूर क्षेत्रों में ले जा रहे हैं-पीएम
लाल टोपी वाले यूपी के लिए रेड अलर्ट हैं-पीएम
आज माफिया जेल में हैं। लाल टोपी वाले यूपी के लिए रेड अलर्ट हैं। आपके दुख से लाल टोपी वालों का कोई लेना-देना नहीं है। लाल टोपी वालों को लाल बत्ती और सत्ता चाहिए। निवेशक दिल खोलकर यूपी में निवेश कर रहे हैं। डबल इंजन की सरकार पर यूपी को विश्वास है। आपका यह आशीर्वाद हमें मिलता रहेगा। आप सभी को एक बार सभी को बधाई।
'मैं योगी जी के कार्यों की सराहना करता हूं'
योगी जी ने गन्ना किसानों के लिए लाभकारी मूल्य 350 रुपए तक बढ़ाया है। इसके लिए मैं योगी जी की सराहना करता हूं। विकास संतुलित और सबके लित हितकारी होना चाहिए। यह बात वही समझ सकता है जिसे गरीबों की चिंता हो। यह पूरा क्षेत्र सिर्फ एक मेडिकल कॉलेज के सहारे चल रहा था। यहां के लोगों को इलाज के लिए बनारस और लखनऊ जाना पड़ता था। हमने दिमागी बुखार को दूर करने के लिए काम किया। आज वह मेहनत जमीन पर दिख रही है। गोरखपुर और बस्ती जिलों में दिमागी बुखार के 90 प्रतिशत कम हो गए हैं। बच्चों का जीवन बचाने में हमें सफलता मिल रही है। योगी जी के कार्यों की चर्चा अब अंतरराष्ट्रीय स्तर पर हो रही है। रिसर्च सेंटर बनने से इंसेफेलाइटिस से मुक्ति के अभियान में तेजी मिलेगी।
विकास की धूरी बनकर उभरेगा गोरखपुर-पीएम
'पहले यूरिया के लिए किसानों को लाठी खानी पड़ती थी'
पहले खाद विदेशों से मंगाने पड़ता था। चोरी छिपे खाद का इस्तेमाल अन्य कार्यों में होता था। यूरिया की कालाबाजारी होती थी। किसानों को खाद के लिए लाठी-गोली खानी पड़ती थी। हमने तीन क्षेत्रों पर एक साथ काम करना शुरू किया। हमने यूरिया का गलत इस्तेमाल रोका। शत प्रतिशत यूरिया की नीम कोटिम की। कोरोड़ों किसानों मृदा कार्ड दिए। यूरिया का उत्पादन बढ़ाने पर जोर दिया।
गोरखपुर में फर्टिलाइजर का उद्घाटन, PM बोले-डबल इंजन की सरकार से काम तेजी से हुआ
जनसभा को संबोधित करते हुए प्रधानमंत्री मोदी ने कहा कि जब मैं मंच पर आया तो भीड़ देखकर हैरान हो गया। आपका प्यार और आशीर्वाद हमें काम करने की प्रेरणा देते हैं। 5 साल पहले मैं यहां एम्स एवं खाद कारखाने का शिलान्यास करने आया था। इन दोनों का एक साथ लोकार्पण करने का आशीर्वाद भी आपने मुझे दिया है। मैं यूपी के लोगों को बहुत बहुत बधाई देता हूं। गोरखपुर में फर्टिलाइजर एवं एम्स का शुरू होना, अनेक संदेश दे रहा है। जब डबल इंजन की सरकार होती है तो डबल तेजी से काम होता है।
पीएम ने खाद कारखाने, AIIMS का उद्घाटन किया
पीएम मोदी ने गोरखपुर के खाद कारखाना सहित विकास परियोजनाओं का उद्घाटन किया है। इस मौके पर मंच पर राज्य की राज्यपाल आनंदीबेन पटेल और मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ मौजूद थे।
सीएम योगी ने कहा-पूर्व की सरकारों ने वादा पूरा नहीं किया
अभी राज्य के 59 जिलों में मेडिकल कॉलेज
सीएम ने कहा कि आज उत्तर प्रदेश 17 करोड़ लोगों को कोरोना वैक्सीन देने जा रहा है। 2014 से पहले केवल बीआरडी मेडिकल कॉलेज था। लेकिन अब यहां एम्स बनकर तैयार है। देवरिया में मेडिकल कॉलेज तैयार हो गया है। कुशीनगर में मेडिकल कॉलेज बनना शुरू हो गया है। बहराइच, गोंडा, अयोध्या में मेडिकल कॉलेज का कार्य प्रारंभ हो गया है। आज 59 जनपदों में मेडिकल कॉलेज हैं। शेष जिलों में मेडिकल कॉलेज के लिए सरकार प्रयास कर रही है।
पूर्वांचल का सपना आज साकार हुआ-सीएम योगी
सीएम योगी आदित्यनाथ ने मंच पर टेरिकोटा से बने भगवान गणेश की मूर्ति देकर पीएम मोदी का स्वागत किया। जनसभा को संबोधित करते हुए सीएम योगी ने कहा कि यूपी के सपने को साकार करने जैसा है जो विपक्ष के लिए असंभव हो गया थी। तीन दशकों तक पांच सरकारों ने हामी भरने के बाद इसे असंभव बनाया था। लेकिन पीएम मोदी ने इसे संभव बना दिया है। 'मोदी है तो मुमकिन' है। मैं इसके लिए यूपी की जनता की ओर से पीएम का स्वागत एवं अभिनंदन करता हूं। गोरखपूर का यह कारखाना 10 जून 1990 को बंद हो गया था। 1990 से लेकर 2014 तक 24 वर्षों तक किसी ने सुध लेने का प्रयास नहीं किया। 2016 में आदरणीय प्रधानमंत्री ने इसका शिलान्यास किया। यह नया कारखाना पहले की तुलना में चार गुना ज्यादा बड़ा है। गोरखपुर और पूर्वी यूपी के बारे में माना जाता है कि यहां बीमारी है। पहले मलेरिया, फिर कालाजार, इंसेफेलाइटिस से हजारों मौतें हर साल होती थीं लेकिन केंद्र एवं राज्य सरकारें मौन थीं।
इमारतों का प्रोटोटाइप देख रहे पीएम
थोड़ी देर में गोरखपुर पहुंचेंगे पीएम मोदी
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी थोड़ी देर में गोरखपुर पहुंचेंगे। पीएम के गोरखपुर पहुंचने से पहले उनके स्वागत में बड़ी संख्या में भीड़ जुटी है। फर्टिलाइजर एवं एम्स का उद्घाटन करने के बाद प्रधानमंत्री जनसभा को भी संबोधित करेंगे।
रीजनल मेडिकल रिसर्च सेंटर
इस सेंटर में वायरस पर रिसर्च किया जाएगा। इस केंद्र में जापानी इंसेफेलाइटिस पर शोध और इसके रोकथाम के लिए उच्च गुणवत्तापूर्ण जांच की सुविधा होगी। इसके अलावा इस केंद्र में कोविड जांच की सुविधा और इसके उपचार के लिए शोध केंद्र का निर्माण किया गया है। यहां अन्य विषाणुजनित बीमारियों पर शोध भी होगा।
खाद कारखाने का सबसे ऊंचा प्रिलिंग टॉवर
रसायन उत्पादन के लिए अनेक टावर बने हैं, लेकिन गोरखपुर के प्रिलिंग टॉवर की बात कुछ और है। दुनिया भर में जितने भी यूरिया खाद के कारखाने बने हैं उनमें हिन्दुस्तान उर्वरक एवं रसायन लिमिटेड (एचयूआरएल) द्वारा गोरखपुर में बनाए जा रहे खाद कारखाने का प्रिलिंग टॉवर सबसे ऊंचा है। यह विश्व में किसी भी खाद कारखाने का सबसे ऊंचा प्रिलिंग टॉवर है। तुलनात्मक विश्लेषण करें तो यह कुतुब मीनार से भी दोगुना ऊंचा है। कुतुब मीनार की ऊंचाई 72.5 मीटर है। जबकि इसकी 149.5 मीटर है।
नड्डा ने किया था आरएमआरसी का शिलान्यास
रीजनल मेडिकल रिसर्च सेंटर (आरएमआरसी) के निर्माण में करीब 36 करोड़ रुपये की लागत आई है। इसका शिलान्यास 2018 में तत्कालीन केंद्रीय स्वास्थ्य मंत्री जेपी नड्डा ने मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के साथ मिलकर किया था। अब यह पूरी तरह बनकर तैयार है। इसकी बिल्डिंग में 500 केवी का सोलर प्लांट भी लगा है, जिससे 200 यूनिट बिजली की बचत होगी। आरएमआरसी के लैब्स में इम्युनोलॉजी, मॉलीक्यूलर बायोलॉजी, माइकोलॉजी, माइक्रोबायोलॉजी, मेडिकल इंटेमोलॉजी, नान कम्युनिकेबल डिजीजेज, सोशल बिहैवियर स्टडीज, हेल्थ कम्युनिकेशन और इंटरनेशनल हेल्थ पालिसी उप विभागों के जरिये बीमारियों के कारक वेक्टर/वायरस आदि की पहचान हो सकेगी।

