PM Modi Independence Day Speech: 80वें स्वतंत्रता दिवस के ऐतिहासिक अवसर पर लाल किले की प्राचीर से राष्ट्र को संबोधित करते हुए प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने देश की आंतरिक और बाह्य सुरक्षा को लेकर कई महत्वपूर्ण बातें कहीं। अपने संबोधन में प्रधानमंत्री ने देश के सामने मंडरा रहे नए तरह के खतरों पर चिंता व्यक्त की और 'दिमागी नक्सलियों' के खिलाफ एकजुट होकर सतर्क रहने का आह्वान किया।
लाल किले से PM मोदी का संबोधन (फोटो- BJP)
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'हथियारबंद नक्सल गए, पर दिमागी नक्सल अब भी मौजूद'
देश की आंतरिक सुरक्षा का जिक्र करते हुए प्रधानमंत्री ने कहा कि भारत ने जमीन पर हथियारबंद नक्सलवाद को तो लगभग खत्म कर दिया है, लेकिन 'दिमागी नक्सलवाद' का खतरा अब भी बना हुआ है। उन्होंने स्पष्ट शब्दों में चेतावनी दी, "हथियारबंद नक्सल तो चले गए, लेकिन दिमागी नक्सल अब भी मौजूद हैं। ये दिमागी नक्सल मौके की तलाश में रहते हैं। हिंसा और अराजकता के रास्ते तलाश रहे हैं और समाज को गलत दिशा में ले जाने के लिए तरह-तरह के हथकंडे अपना रहे हैं।"
प्रधानमंत्री ने जोर देकर कहा कि देश की प्रगति के लिए इन दिमागी नक्सलियों की पहचान करना और उन्हें समाज से अलग-थलग करना बेहद जरूरी है। इसके साथ ही, देश की युवा पीढ़ी को भटकने से बचाकर उन्हें 'विकसित भारत' के निर्माण की मुख्यधारा से जोड़ना हम सभी का राष्ट्रीय कर्तव्य है।
अब सीमा ही नहीं, इंफ्रास्ट्रक्चर और डेटा सेंटर भी निशाने पर
तकनीक और आधुनिक दौर में सुरक्षा चुनौतियों का विश्लेषण करते हुए पीएम मोदी ने कहा कि आज युद्ध का पारंपरिक स्वरूप पूरी तरह बदल चुका है। अब यह जरूरी नहीं रह गया है कि जंग केवल देश की सरहदों पर ही लड़ी जाए। उन्होंने सुरक्षा के नए आयामों को रेखांकित करते हुए कहा कि अब युद्ध सीमा के भीतर किसी रिफाइनरी, बैंकिंग सेक्टर या डेटा सेंटर को निशाना बनाकर भी छेड़ा जा सकता है। लड़ाई का एक नया रूप सामने आया है, जहाँ देश के महत्वपूर्ण इंफ्रास्ट्रक्चर, तकनीकी नेटवर्क और औद्योगिक फैक्ट्रियों पर हमला कर देश को नुकसान पहुंचाने की कोशिशें हो रही हैं।
"हर परिस्थिति के लिए तैयार है आज का भारत"
देशवासियों को आश्वस्त करते हुए प्रधानमंत्री ने कहा कि एक सुरक्षित और सशक्त भारत का निर्माण हम सभी का साझा दायित्व है। उन्होंने देश की संप्रभुता और सुरक्षा पर भरोसा जताते हुए कहा कि चुनौती चाहे सीमा के भीतर से आए या फिर सरहद पार से, आज का नया भारत हर तरह की परिस्थिति का मुंहतोड़ जवाब देने के लिए पूरी तरह तैयार और सक्षम है।
