Films/Series on Corona: इन तीन फिल्मों व टीवी सीरीज में पहले ही हो गई थी कोरोना की भविष्यवाणी !

  • Authored by: टाइम्स नाउ नवभारत डिजिटल
  • Updated May 26, 2020, 07:55 AM IST

Movies about Coronavirus : नोवेल कोरोना वायरस बेशक अभी कुछ महीने पहले ही आया है लेकिन हॉलीवुड और कोरिया में काफी पहले ही इसको लेकर फिल्में बना दी गई थीं।

Films/Series on Corona: इन तीन फिल्मों व टीवी सीरीज में पहले ही हो गई थी कोरोना की भविष्यवाणी !

नई दिल्लीः इस समय कोविड-19 महामारी से अधिकतर देश जूझ रहे हैं। साल की शुरुआत से अब तक कहर मचा रहे कोरोना वायरस ने दुनिया को पटरी से उतारने में कोई कसर नहीं छोड़ी। कुछ देश लॉकडाउन से बाहर आने का प्रयास जरूर कर रहे हैं लेकिन संक्रमण अभी भी थमा नहीं है। शायद ही कभी किसी ने सोचा था कि कोई वायरस दुनिया पर इतना गहरा प्रभाव डाल सकता है। लेकिन कुछ फिल्में व टीवी सीरीज जरूर ऐसी बन चुकी हैं जिन्होंने एक तरह से कोरोना वायरस या उसके जैसे वायरस के संक्रमण के बारे में पहले ही बता दिया था।

कंटेजियन (Contagion)

साल 2011 में आई हॉलीवुड फिल्म कंटेजियन में कोविड-19 जैसी महामारी के बारे में दिखाया गया था। फिल्म में इसका नाम MEV-1 दिखाया गया था लेकिन बाकी सब कुछ तकरीबन वैसा ही था जैसा कि आज हम दुनिया में देख रहे हैं। इसके अलावा फिल्म में ये भी दिखाने का प्रयास किया गया था कि कैसे एक वायरस चमगादड़ से होते हुए सुअर के अंदर पहुंचा और फिर वायरस ने अपना रूप बदला और देखते-देखते ये इंसानों में पहुंचा और महामारी का विकराल रूप ले लिया। फिल्म में केट विंसलेट और मैट डैमन जैसे बड़े स्टार्स मौजूद थे।

माय सीक्रेट टेरियस (My Secret Terrius)

माय सीक्रेट टेरियस एक फिल्म नहीं बल्कि एक ड्रामा सीरीज थी। ये दक्षिण कोरियाई सीरीज इस साल काफी चर्चा में आई है जिसमें बताया गया कि कोरोना वायरस इंसान द्वारा तैयार किया गया एक जैविक हथियार है। इसका एक एपिसोड काफी वायरल भी हुआ है जिसमें एक आदमी दूसरे आदमी से घर पर रहने और सोशल डिस्टेंसिंग का पालन करने के लिए कहता है। इस एपिसोड में एक डॉक्टर भी नजर आती है जो समझाने का प्रयास करती है कि म्यूटेंट कोरोना वायरस कैसे सांस से संबंधित शरीर के अंगों पर प्रहार करता है।

पैनडेमिक (Pandemic)

अधिकतर वायरस जानवरों के जरिए इंसानों में आते हैं। मौजूदा नोवेल कोरोना वायरस भी चीन के वुहान में स्थित वेट मार्केट से निकला बताया जाता है, जहां हर प्रकार के जानवरों को बेचा जाता है। साल 2007 में आई फिल्म पैनडेमिक में भी वायरस संक्रमण को दिखाया गया था। इस फिल्म में दिखाया था कि कैसे कुछ पक्षियों के जरिए वायरस इंसानों में पहुंचता है और फिर तेजी से ये हर जगह फैलना शुरू हो जाता है। फिल्म में ये भी दिखाया गया कि वायरस के संक्रमण दर को रोकने के लिए कैसे प्रशासन लोगों को क्वारंटीन में रखना शुरू कर देता है।

वैसे इन फिल्मों के अलावा भी कई ऐसी फिल्में बन चुकी हैं जो वायरस संक्रमण के ऊपर बन चुकी हैं। बेशक इन फिल्मों के जरिए कोई भविष्यवाणी नहीं की गई थी लेकिन कहीं ना कहीं दुनिया भर में होने वाली तमाम रिसर्च को देखते हुए काल्पनिक रूप से दर्शकों के सामने इसको रखने का प्रयास किया गया। किसी को भी अंदाजा नहीं था कि एक दिन दुनिया ऐसी ही स्थिति से गुजरेगी।

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