Bihar Election: बिहार में पहले चरण का मतदान गुरुवार को हो चुका है और चुनाव आयोग के आंकड़ों के हिसाब से यहां रिकॉर्ड वोटिंग हुई है। पहले चरण में 60.25 फीसदी मतदान हुआ है, जो बिहार के चुनावों में सबसे अधिक है। इन आंकड़ों से चुनावी नतीजों में बड़े बदलाव की उम्मीद की जा रही है। बढ़े वोटिंग परसेंटेज के कारण राजनीतिक हलकों में अलग-अलग तरह की प्रतिक्रियाएं आने लगी हैं। गुरुवार की शाम तेजस्वी यादव ने सभी महागठबंधन के कार्यकर्ताओं को जनता को धन्यवाद देते हुए कहा कि इस बंपर वोटिंग में ज्यादातर वोट राजद को पड़े हैं। अब बढ़े वोटिंग को लेकर केंद्रीय मंत्री और लोक जनशक्ति पार्टी (LJP) के नेता चिराग पासवान का एक बयान आया है। दूसरी तरफ से महागठबंधन के उपमुख्यमंत्री के चेहरे मुकेश सहनी का भी बयान आया है।
मीडिया से बात करते चिराग पासवान और मुकेश सहनी
NDA जीतेगी 121 में से 100 सीटें
केंद्रीय मंत्री और लोक जनशक्ति पार्टी (LJP) के नेता चिराग पासवान ने बिहार विधानसभा चुनाव के पहले चरण में बढ़े मतदान प्रतिशत को NDA के प्रति लोगों के बढ़ते विश्वास का संकेत बताते हुए कहा है कि 2005 और 2010 में भी इसी तरह के मतदान पैटर्न के बाद NDA ने प्रचंड बहुमत हासिल किया था। उन्होंने कहा कि इस बार भी परिणाम NDA के पक्ष में आने की संभावना है और प्रथम चरण की 121 सीटों में उनकी तरफ से करीब 100 सीटों की जीत हो सकती है। चिराग ने यह भी कहा कि LJP (रामविलास) ने इस चरण में 14 सीटों पर चुनाव लड़ा है और सभी पर जीत सुनिश्चित होगी।
मोदी-नीतीश के लगातार बिहार दौरे का जिक्र
चिराग पासवान ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के लगातार बिहार दौरे और मुख्यमंत्री नीतीश कुमार के साथ केन्द्र की योजनाओं को बिहार और बिहारी के लिए समर्पित करने का हवाला देते हुए कहा कि यह भी जनता के NDA पर भरोसे का कारण है। उनका कहना था कि प्रधानमंत्री का नियमित बिहार दौरा और योजनाओं की घोषणा वोटिंग पर असर डाल रही है।
EVM के 'जिन्न' पर किया तंज
ईवीएम से जुड़े आरोपों पर चिराग पासवान ने तंज दिया। उन्होंने कहा कि पहले विपक्ष के लोग ईवीएम के 'जिन्न' निकालने की बातें करते थे। जब इससे कुछ हासिल नहीं हुआ तो अब वोट चोरी के आरोप लगाए जा रहे हैं। उन्होंने तंज किया कि 14 नवंबर को ईवीएम का असली 'जिन्न' निकलेगा और वह NDA की जीत सुनिश्चित करेगा।
मुकेश सहनी का पलटवार
वहीं, महागठबंधन के उपमुख्यमंत्री पद के चेहरे मुकेश सहनी ने चिराग के दावों और मतदान बढ़ोतरी पर सवाल उठाते हुए कहा कि मतदान प्रतिशत बढ़ने का श्रेय बांटना ठीक नहीं है। सहनी ने कहा कि हर विधानसभा क्षेत्रों में 20-25 हजार वोट कटे हैं, जिससे प्रतिशत में बढ़ोतरी दिख रही है। उन्होंने कहा कि जनता बेरोजगारी जैसी समस्याओं से व्यथित है और अधिकांश युवा महागठबंधन के साथ खड़े हैं। सहनी ने NDA पर तंज करते हुए कहा कि पैसा या संसाधनों के इस्तेमाल से जनता का मूड नहीं बदला जा सकता।
हिंसा की भाषा पर किया कटाक्ष
मुकेश सहनी ने उपमुख्यमंत्री विजय सिन्हा के एक वीडियो पर भी टिप्पणी की जिसमें कथित रूप में हिंसा की बातों का जिक्र आया था। सहनी ने कहा कि अगर यही सरकार की मानसिकता है तो वह चिंताजनक है। उन्होंने आरोप लगाते हुए कहा कि जिन लोगों के पास हथियार ले जाकर गांवों को खत्म करने की बातें हैं, वे जनता के काम करने वालों से जुड़े नहीं हैं। सहनी ने विरोध करने वालों के प्रति गोलियों की भाषा की निंदा की और सवाल उठाया कि क्या सरकार ऐसे बयानों को बढ़ावा दे रही है।
चुनावी प्रतिक्रियाओं से गरमाया राजनीतिक माहौल
राजनीतिक बयानों ने चुनावी माहौल में गर्मी आई है। जबकि एक तरफ चिराग ने बढ़ती मतदान भागीदारी को NDA की लोकप्रियता की कसौटी बताया, दूसरी ओर महागठबंधन के नेता इसे एक चुनावी आंकड़ों का परिणाम करार दे रहे हैं और अपने मजबूत प्रदर्शन का दावा कायम रखे हुए हैं। बैठकें, रैलियां और बयानबाजी जारी रहने के साथ ही अब नजर 14 नवंबर के रिजल्ट पर टिकी है।
