Congress candidates for Amethi and Raebareli : उत्तर प्रदेश की हाई प्रोफाइल सीटों अमेठी और रायबरेली के लिए कांग्रेस ने अपने उम्मीदवारों की घोषणा कर दी है। उम्मीदवारों के नाम की घोषणा होने के साथ ही इन दोनों सीट पर जारी सस्पेंस और अटकलबाजी का दौर खत्म हो गया। पार्टी ने अमेठी से केएल शर्मा और रायबरेली से राहुल गांधी को उम्मीदवार बनाया है। कांग्रेस ने रायबरेली से राहुल को चुनाव मैदान में उतारकर चौंका दिया है। चर्चा यह थी कि राहुल गांधी एक बार फिर अमेठी से चुनाव लड़ेंगे। अब रायबरेली में राहुल गांधी का सामना भारतीय जनता पार्टी के प्रत्याशी दिनेश प्रताप सिंह से होगा।
रायबरेली के लिए राहुल का मान-मनौव्वल
मीडिया रिपोर्टों में सूत्रों के हवाले से कहा गया है कि राहुल गांधी को यूपी से चुनाव लड़ाने के लिए काफी मान-मनौव्वल करना पड़ा। वह अमेठी से चुनाव लड़ने के लिए बिल्कुल भी तैयार नहीं थे। उम्मीदवारी की आधिकारिक घोषणा होने में देरी होने की प्रमुख वजह हामी भरने में उनकी देरी थी। गुरुवार देर रात हुई बैठक में राहुल ने अमेठी से चुनाव लड़ने से साफ इनकार कर दिया। फिर कांग्रेस नेताओं ने उन्हें विरासत का हवाला दिया। उन्हें बताया गया कि रायबरेली सीट ने हमेशा गांधी परिवार का साथ दिया है। वहां पार्टी आज भी मजबत स्थिति में है और यह उनके लिए सुरक्षित सीट है। तब जाकर राहुल ने रायबरेली से चुनाव लड़ने के लिए अपनी सहमति दी। रायबरेली सीट से राहुल और अमेठी सीट शर्मा आज ही अपना नामांकन दाखिल करेंगे।
यह भी पढ़ें- राहुल वायनाड से हार रहे इसलिए रायबरेली आए
प्रियंका चुनाव प्रचार पर फोकस करना चाहती हैं
चर्चा था की प्रियंका गांधी रायबरेली सीट से चुनाव लड़ सकती हैं लेकिन उन्होंने भी इस सीट से चुनाव लड़ने से इंकार कर दिया। सूत्रों का कहना है कि प्रियंका नहीं चाहतीं चुनाव में राहुल के साथ उका किसी तरह का टकराव हो। उनका मानना है कि गांधी परिवार के सभी सदस्यों संसद में नहीं दिखना चाहिए। वह अपना ध्यान चुनाव प्रचार पर फोकस करना चाहती हैं। अमेठी से राहुल गांधी के चुनाव मैदान में न उतरने की वजह 'हार का डर' बताया जा रहा है। अमेठी सीट पर स्मृति ईरानी जिस तरह से चुनौती पेश कर रही हैं उसे देखते हुए कांग्रेस को इस सीट पर राहुल की जीत की की गारंट नहीं लगती।
किशोरी लाल शर्मा को दी बधाई
अमेठी से किशोरी लाल शर्मा को उम्मीदवार बनाए जाने पर प्रियंका गांधी ने उन्हें बधाई दी है। उन्होंने X पर लिखा है कि कि किशोरी लाल जी से हमारे परिवार का वर्षों का नाता है। अमेठी, रायबरेली के लोगों की सेवा में वे हमेशा मन-प्राण से लगे रहे। उनका जनसेवा का जज्बा अपने आप में एक मिसाल है। आज खुशी की बात है कि श्री किशोरी लाल जी को कांग्रेस पार्टी ने अमेठी से उम्मीदवार बनाया है। किशोरी लाल जी की निष्ठा और कर्तव्य के प्रति उनका समर्पण अवश्य ही उन्हें इस चुनाव ने सफलता दिलाएगा।
वायनाड को लेकर जोखिम नहीं उठाना चाहती पार्टी
राहुल गांधी केरल के वायनाड से भी चुनाव लड़ रहे हैं। वायनाड के साथ-साथ यदि वह अमेठी सीट भी जीत जाते तो उन्हें एक सीट छोड़नी पड़ती। उन्होंने पहले ही कहा कि वह वायनाड सीट नहीं छोड़ेंगे। पार्टी को भी लगता है कि वायनाड सीट छोड़ने पर इसका असर 2026 में केरल में होने वाले विधानसभा चुनाव पर पड़ेगा। कांग्रेस को 2026 के विधानसभा चुनाव में वापसी करने की उम्मीद है। इसलिए वह किसी तरह का जोखिम नहीं उठाना चाहती। अमेठी से चुनाव न लड़कर भी उन्होंने इस सीट के लिए अपनी संभावनाएं बनाकर रखी हैं। कांग्रेस भी इस सीट पर राजनीतिक परिस्थितियां अनुकूल होने का इंतजार करेगी।
