UP Lok Sabha Elections: लोकसभा चुनाव की तैयारी में जुटी कांग्रेस और समाजवादी पार्टी (सपा) ने एक साझा रूपरेखा तैयार की है। चुनाव में बीजेपी को शिकस्त देने के लिए दोनों पार्टी के नेता एक-दूसरे के वॉर रूम में बैठकर सत्तारूढ़ दल भाजपा से निपटने की रणनीति बनाएंगे। इतना ही नहीं दोनों पार्टियां प्रदेश स्तर पर समन्वय समिति भी बनाएंगी। यह समिति नेताओं के प्रचार, सभाओं सहित महत्वपूर्ण मुद्दों को देखेगी।
कांग्रेस प्रवक्ता अंशू अवस्थी ने बताया कि कांग्रेस और समाजवादी पार्टी (सपा) आपस में बेहतर तालमेल करके लोकसभा चुनाव में काम करेंगी। ताकि, उत्तर प्रदेश से इंडिया गठबंधन के प्रत्याशियों को ज्यादा से ज्यादा जिताया जा सके। संवाद और समन्वय स्थापित करने के लिए रणनीति बनी है। इसके लिए कांग्रेस और सपा के वरिष्ठ नेताओं की प्रदेश स्तर पर समन्वय समिति बनेगी, जिसमें पांच कांग्रेस नेता और पांच सपा के नेता रहेंगे, जो गठबंधन प्रत्याशियों से संवाद स्थापित कर उन्हें निर्देशित करेंगे। प्रचार की रणनीति, नेताओं की सभाओं और अन्य महत्वपूर्ण विषय को देखेंगे।
वॉर रूम में होंगे दोनों पार्टियों के प्रतिनिध
इसके अलावा प्रदेश कार्यालय में दोनों पार्टियों के वॉर रूम में दो-दो प्रतिनिधि बैठेंगे और समन्वय स्थापित करेंगे। इसके साथ लोकसभा स्तर पर एक कांग्रेस पार्टी और एक समाजवादी पार्टी नेता को संयुक्त रुप से लोकसभा को-आर्डिनेशन की ज़िम्मेदारी दी जा रही है। दोनों पार्टियों के प्रवक्ताओं के बीच में समन्वय के लिए समिति गठित हो रही है, जो प्रचार, पार्टी के मेनिफेस्टो और विभिन्न विषयों पर दोनों पार्टियों के गठबंधन की एकरूपता को प्रदर्शित करते हुए अपनी बात रखेंगे। कांग्रेस प्रवक्ता ने बताया कि हमारे और सपा के बीच में बेहतर समन्वय स्थापित हो चुका है। हम हर एक बिंदु की जानकारी जुटा रहे हैं।
सात चरणों में होगा चुनाव
लोकसभा चुनाव के कार्यक्रम के मुताबिक, उत्तर प्रदेश की 80 लोकसभी सीटों पर सात चरणों में वोटिंग होगी। बता दें, बता दें कि सपा और कांग्रेस के बीच पहली बार लोकसभा चुनाव को लेकर गठबंधन हुआ है। इसके तहत कांग्रेस 17 सीटों पर चुनाव लड़ेगी। एक सीट सपा ने तृणमूल कांग्रेस को भी दी है। वहीं, बसपा ने अकेले चुनाव लड़ने का ऐलान किया है।
