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Chhindwara Lok Sabha Seat: छिंदवाड़ा पर संशय के बादल, नकुलनाथ कर सकते हैं वापसी; BJP ने लगाया था पूरा जोर

Chhindwara Lok Sabha Seat: छिंदवाड़ा सीट पर कांग्रेस ने पूर्व मुख्यमंत्री कमलनाथ के बेटे नकुलनाथ को अपना उम्मीदवार बनाया था और बीजेपी ने विवेक बंटी साहू को उम्मीदवार के रूप में चुनावी मैदान में उतारा था। साल 2019 के चुनाव के बाद से ही छिंदवाड़ा को टारगेट बनाकर चल रही बीजेपी ने खास रणनीति के तहत अपने दिग्गज नेताओं को उतारकर कमलनाथ से यह सीट छीनने की कोशिश की है।

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छिंदवाड़ा लोकसभा सीट पर नकुलनाथ कर सकते हैं वापसी

Photo : टाइम्स नाउ डिजिटल

Chhindwara Lok Sabha Seat: मध्य प्रदेश के 29 संसदीय क्षेत्रों में से एक छिंदवाड़ा राज्य के चुनावी परिदृश्य में एक प्रमुख स्थान रखता है। कांग्रेस का गढ़ रहा छिंदवाड़ा हमेशा से ही कांग्रेस के प्रति वफादार रहा है, सिवाय 1997 के उपचुनाव के जब भाजपा के सुंदर लाल पटवा ने यहां से जीत हासिल की थी। आम चुनावों में छिंदवाड़ा ने हमेशा कांग्रेस के पक्ष में मतदान किया है। मध्य प्रदेश के पूर्व मुख्यमंत्री और दिग्गज कांग्रेस नेता कमल नाथ इस सीट से नौ बार जीत चुके हैं। लोकसभा चुनाव-2024 में छिंदवाड़ा लोकसभा सीट को लेकर राजनीतिक हलचल मची हुई है। इस सीट पर बीजेपी (BJP) और कांग्रेस (Congress) के बीच टक्कर है।

छिंदवाड़ा में कांग्रेस का दबदबा फिर से रह सकता है कायम

BJP ने मध्य प्रदेश की छिंदवाड़ा लोकसभा सीट को कमलनाथ से छीनने के लिए काफी जोर लगाया है। चुनावी सरगर्मी के माहौल के बीच खास रणनीति के तहत छिंदवाड़ा के असंतुष्ट नेताओं सहित बड़ी संख्या में कार्यकर्ताओं को बीजेपी में लाया गया ताकि छिंदवाड़ा में कांग्रेस को हिला जा सकें। बता दें, छिंदवाड़ा लोकसभा क्षेत्र में 7 विधानसभा क्षेत्र आते हैं। विधानसभा चुनावों में भी कांग्रेस का दबदबा छिंदवाड़ा में दिखा था। कमलनाथ खुद विधायक हैं और उनके बेटे सांसद हैं। ऐसे में बीजेपी कमलनाथ को छिंदवाड़ा में घेरने की कोशिश कर रही है।

बहुचर्चित छिंदवाड़ा संसदीय क्षेत्र में राजनीतिक उठापटक का माहौल लोकसभा चुनाव-2024 की वोटिंग के दिन तक जारी रहा। छिंदवाड़ा नगर निगम के महापौर विक्रम अहाके ने दो बार लोगों को चौंकाया। 1 अप्रैल को छिंदवाड़ा नगर निगम महापौर विक्रम अहाके ने राजधानी भोपाल पहुंचकर बीजेपी (BJP) का दामन थाम लिया था। फिर यू-टर्न लेते हुए विक्रम अहाके वापस कांग्रेस में लौट गए थे। इसके पहले छिंदवाड़ा के अमरवाड़ा से कांग्रेस विधायक कमलेश शाह बीजेपी में शामिल हुए थे। यही नहीं, कमलनाथ के करीबी विश्वासपात्र दीपक सक्सेना और उनके बेटे अजय सक्सेना बीजेपी में शामिल हो गए थे। कुछ दिन पहले ही पूर्व मुख्यमंत्री कमलनाथ के करीबी सैयद जफर भी बीजेपी में शामिल हो गए थे।

Shashank Shekhar Mishra
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शशांक शेखर मिश्रा टाइम्स नाउ नवभारत डिजिटल (www.timesnowhindi.com) में बतौर कॉपी एडिटर काम कर रहे हैं। इन्हें पत्रकारिता में करीब 5 वर्षों का अनुभव है। इन पांच सालों में देश की राजनीति से लेकर देश-दुनिया में बनते-बिगड़ते सत्ता समीकरणों एवं घटनाओं को कवर करने का अनुभव है। राजनीति, रक्षा और आटोमोबाइल्स की खबरों में विशेष रूचि के साथ खोजी पत्रकारिता और स्टिंग ऑपरेशन का भी अनुभव है। टाइम्स नाउ नवभारत में देश-दुनिया की खबरों के साथ रियल टाइम डेस्क पर कार्य करने का अनुभव है। शशांक ने इन 5 वर्षों के पत्रकारिता के कैरियर के दौरान टेलीविजन और डिजिटल मीडिया में कार्य करने का अनुभव हासिल किया है। टाइम्स नाउ नवभारत में बतौर कॉपी एडिटर जुड़ने से पहले जागरण न्यू मीडिया, इनशार्ट्स, जी हिंदुस्तान और न्यूज हेल्पलाइन में सब एडिटर, रिपोर्टर और असिस्टेंट प्रोड्यूसर के तौर पर काम कर चुके हैं। पढ़ाई-लिखाई की बात करें तो लखनऊ विश्वविद्यालय से राजनीति विज्ञान में पोस्ट ग्रेजुएशन किया है। इसके बाद एशियन एकेडमी ऑफ फिल्म एंड टेलीविजन से पोस्ट ग्रेजुएशन डिप्लोमा इन मास कम्युनिकेशन एंड टीवी जर्नलिज्म किया हैं। शशांक को जिम जाना, एडवेंचर एक्टिविटी करना और नई तकनीक को जानना और समझना बेहद पसंद है। इसके अलावा शशांक को ड्राइव करना और अध्यात्म में भी काफी रुचि हैं। शशांक शेखर मिश्रा उत्तर प्रदेश की राजधानी और नवाबों के शहर के रूप में फेमस लखनऊ से ताल्लुक रखते हैं।

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