एयर इंडिया की फ्लाइट एआई 102 के बिजनेस क्लास में पेशाब करने वाले शख्स शंकर मिश्रा की गिरफ्तारी हो चुकी है। वो फरार चल रहे थे। गिरफ्तारी से ठीक एक दिन पहले उन्होंने अपने वकील के जरिए खुद को न्याय को मानने वाला बताया था और उसी दिन उनके पिता श्याम नवल मिश्रा भी बचाव में उतरे। शंकर के पिता ने कहा था कि मामला झूठा है। जिस महिला के ऊपर पेशाब करने की बात है वो 78 वर्ष की हैं और उनका बेटा 34 साल का। उनके बेटे के लिए वो मां समान हैं और वो वैसा काम नहीं कर सकता। इन सबके बीच उत्सुकता इस बात की है कि मोबाइल फोन स्विच ऑफ कर बैठे शंकर मिश्रा की गिरफ्तारी कैसे मुमकिन हुई।
डेबिट/ क्रेडिट कार्ड से मिला सुराग !
एफआईआर दर्ज होने के बाद शंकर मिश्रा फरार हुआ और वो अरेस्ट से बचने की हर मुमकिन कोशिश कर रहा था। इस बीच दिल्ली पुलिस को जानकारी मिली कि आरोपी बेंगलूरु में है। लेकिन उसका फोन बंद आ रहा था लिहाजा लोकेशन को ट्रैक कर पाना मुश्किल का काम था। पुलिस का कहना है कि हालांकि उसने अपने मोबाइल फोन को बंद कर दिया था। लेकिन सोशल मीडिया पर उसके सक्रिय होने की वजह से कुछ जानकारी हासिल हो रही थी। बताया जा रहा है कि उसने किसी एक जगह पर अपने डेबिट या क्रेडिट कार्ड का इस्तेमाल किया था और उसकी वजह से पुलिस को उस तक पहुंचने में मदद मिली।
अपनी बहन के घर रुका था आरोपी
पीटीआई के मुताबिक दिल्ली एयरपोर्ट के डीसीपी रवि कुमार सिंह ने कहा कि आरोपी शंकर मिश्रा को दिल्ली पुलिस ने बेंगलुरु से गिरफ्तार किया है। उसे दिल्ली लाया जा चुका है और आगे ती तहकीकात प्रगति पर है। आरोपी बेंगलुरु में संजय नगर स्थित अपने बहन के घर रुका हुआ था। स्थानीय पुलिस की मदद से आरोपी की गिरफ्तारी हुई। 20 नवंबर 2022 को शंकर मिश्रा पर आरोप है कि उसने अपनी पैंट की जिप खोली और बिजनेस क्लास में बैठी बुजुर्ग महिला पर पेशाब कर दिया। उसने पुलिस से शिकायत ना करने के लिए महिला से अपील करते हुए कहा था उसकी पत्नी और बच्चे पर असर पड़ेगा।
